अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने डोनाल्ड ट्रम्प के उस प्रयास को दोबारा खारिज कर दिया है जिसमें उन्होंने ई जीन कैरोल के यौन शोषण और मानहानि मामले में दिए गए फैसले को पलटने की कोशिश की थी। ट्रम्प अब इस अंतिम कानूनी फैसले को चुनौती नहीं दे पाएंगे।

  • सुप्रीम कोर्ट ने ई जीन कैरोल मामले में डोनाल्ड ट्रम्प की पुनर्विचार याचिका को खारिज कर दिया।
  • ट्रम्प को यौन शोषण और मानहानि के लिए पहले ही 5 मिलियन डॉलर से अधिक का भुगतान करना पड़ा है।
  • अदालत के इस फैसले के बाद अब जूरी का फैसला अंतिम हो गया है और इसे किसी भी अदालत में चुनौती नहीं दी जा सकती।

वॉशिंगटन डीसी में स्थित संयुक्त राज्य अमेरिका के सर्वोच्च न्यायालय ने एक बार फिर पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के उस प्रयास को खारिज कर दिया है, जिसमें उन्होंने लेखिका ई जीन कैरोल के यौन शोषण और मानहानि मामले में संघीय नागरिक जूरी के फैसले को पलटने की मांग की थी। यह दूसरी बार है जब शीर्ष अदालत ने इस मामले में हस्तक्षेप करने से इनकार किया है, इससे पहले जून में भी एक समान याचिका खारिज की गई थी।

डोनाल्ड ट्रम्प ने लगातार इन आरोपों से इनकार किया है और तर्क दिया है कि जिस न्यायाधीश ने इस नागरिक मुकदमे की देखरेख की, उन्होंने अनुचित रूप से ऐसे सबूत पेश करने की अनुमति दी जिसने जूरी की धारणा को प्रभावित किया। जुलाई में, ट्रम्प ने कैरोल को 5 मिलियन डॉलर से अधिक का हर्जाना दिया था। यह मामला 1990 के दशक में हुए कथित यौन हमले और उसके बाद सोशल मीडिया पर इसे 'होक्स' (झूठ) बताने से संबंधित है।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण दर्शाता है कि यह निर्णय न केवल एक कानूनी हार है, बल्कि यह अमेरिकी न्याय प्रणाली की उस शक्ति को भी रेखांकित करता है जहाँ राष्ट्रपति जैसे शक्तिशाली पदों पर रहे व्यक्ति भी जवाबदेह होते हैं। यह मामला 'इम्युनिटी' (विशेषाधिकार) और व्यक्तिगत आचरण के बीच की कानूनी बहस को और गहरा करता है।

"यह फैसला स्पष्ट करता है कि कानून की नजर में कोई भी व्यक्ति सर्वोच्च नहीं है, चाहे उसका राजनीतिक कद कितना भी बड़ा क्यों न हो।"

कैरोल के वकील रोबर्टा कपलान ने एक बयान में कहा कि वह इस निर्णय से प्रसन्न हैं और अब जूरी का सर्वसम्मत फैसला अंतिम है। यह मामला तब शुरू हुआ जब 82 वर्षीय कैरोल ने आरोप लगाया कि ट्रम्प ने 1990 के दशक के मध्य में मैनहट्टन के एक डिपार्टमेंट स्टोर के ड्रेसिंग रूम में उनके साथ दुर्व्यवहार किया था। मानहानि का मामला 2022 में तब बढ़ा जब ट्रम्प ने 'ट्रुथ सोशल' पर दावा किया कि कैरोल "मेरे टाइप की नहीं थीं"।

ट्रम्प ने इस पूरी कानूनी प्रक्रिया को "हथियारी कानून व्यवस्था" (lawfare) करार दिया है। उन्होंने तर्क दिया कि यह मामला वास्तव में संयुक्त राज्य अमेरिका के खिलाफ है और किसी भी राष्ट्रपति या उम्मीदवार के साथ ऐसा नहीं होना चाहिए।

विवरणपहला फैसला (यौन शोषण)दूसरा फैसला (मानहानि)
मुख्य आरोपयौन शोषण (1990s)झूठे दावों से छवि खराब करना
भुगतान राशि$5 Million+$83 Million (विवादित)
कानूनी स्थितिअंतिम/पुष्टअपील खारिज
क्या आप जानते हैं?: इस मामले में 'एक्सेस हॉलीवुड' टेप का उपयोग सबूत के तौर पर किया गया था, जिसमें ट्रम्प महिलाओं के प्रति अभद्र भाषा का उपयोग कर रहे थे।

Frequently Asked Questions

प्रश्न 1: क्या डोनाल्ड ट्रम्प अब भी इस फैसले के खिलाफ अपील कर सकते हैं?
उत्तर: नहीं, सुप्रीम कोर्ट द्वारा याचिका खारिज करने के बाद अब यह फैसला अंतिम है और इसे किसी अन्य अदालत में चुनौती नहीं दी जा सकती।

प्रश्न 2: ई जीन कैरोल ने ट्रम्प पर क्या आरोप लगाए थे?
उत्तर: कैरोल ने आरोप लगाया था कि 1990 के दशक में एक स्टोर के ड्रेसिंग रूम में ट्रम्प ने उनका यौन शोषण किया और बाद में उनके आरोपों को सार्वजनिक रूप से झूठ बताया।