केंद्रीय आवास और शहरी मामलों के मंत्री मनोहर लाल ने घोषणा की है कि केंद्र, राज्य और नगर निगम में एक ही दल की सरकार होने से दिल्ली मास्टर प्लान 2047 का प्रभावी कार्यान्वयन सुनिश्चित होगा।
- दिल्ली मास्टर प्लान 2047 को आधिकारिक तौर पर अधिसूचित किया गया है।
- मंत्री मनोहर लाल ने 'ट्रिपल इंजन सरकार' (केंद्र, राज्य और नगर निगम) के समन्वय पर जोर दिया।
- CAG ने पूर्व में मास्टर प्लान के कार्यान्वयन में कमी पर चिंता जताई थी।
- नया प्लान भारत की आजादी के 100 वर्ष (2047) तक का रोडमैप तैयार करता है।
नई दिल्ली: केंद्रीय आवास और शहरी मामलों के मंत्री मनोहर लाल ने गुरुवार को दिल्ली मास्टर प्लान 2047 की अधिसूचना के साथ एक महत्वपूर्ण घोषणा की। उन्होंने विश्वास जताया कि दिल्ली में 'ट्रिपल इंजन सरकार' की उपस्थिति इस महत्वाकांक्षी योजना के कार्यान्वयन में मील का पत्थर साबित होगी। 'ट्रिपल इंजन' से उनका तात्पर्य केंद्र सरकार, दिल्ली सरकार और नगर निगम (MCD) में एक ही राजनीतिक विचारधारा के शासन से है।
ऐतिहासिक रूप से, दिल्ली में विकास कार्यों में सबसे बड़ी बाधा विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय की कमी रही है। मंत्री ने स्वीकार किया कि दिल्ली में शक्ति का बहुलवाद (multiplicity of authority) है, जिसमें केंद्रीय सरकार, दिल्ली विकास प्राधिकरण (DDA), नई दिल्ली नगर परिषद (NDMC), दिल्ली सरकार और दिल्ली जल बोर्ड जैसी कई संस्थाएं शामिल हैं। उन्होंने कहा, "अब हमारे पास केवल डबल इंजन नहीं, बल्कि ट्रिपल इंजन सरकार का अवसर है। 1962 से 2021 तक के मास्टर प्लान के दौरान कभी भी ऐसा तालमेल नहीं रहा जैसा अब संभव है।"
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि दिल्ली जैसे जटिल शहरी ढांचे में, जहाँ अधिकार कई हाथों में बँटे हैं, राजनीतिक तालमेल ही वास्तविक विकास की कुंजी है। पूर्व में, विभिन्न दलों के शासन के कारण मास्टर प्लान के प्रावधानों को जमीन पर उतारने में प्रशासनिक बाधाएं आती रही हैं।
विभिन्न सरकारों के बीच समन्वय की कमी अक्सर शहरी विकास परियोजनाओं में देरी और कार्यान्वयन की विफलता का मुख्य कारण बनती है।
गौरतलब है कि इस साल की शुरुआत में, भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (CAG) ने संसद में एक रिपोर्ट पेश की थी, जिसमें मास्टर प्लान के कुछ प्रावधानों के कार्यान्वयन की कमी पर सवाल उठाए गए थे। CAG ने सिफारिश की थी कि मास्टर प्लान की नियमित अंतराल पर निगरानी की जानी चाहिए ताकि विकास लक्ष्यों को समय पर प्राप्त किया जा सके।
दिल्ली मास्टर प्लान 2047 का लक्ष्य भारत की स्वतंत्रता के शताब्दी वर्ष तक शहर के बुनियादी ढांचे को आधुनिक बनाना है। इससे पहले मास्टर प्लान 20 साल के चक्र पर आधारित होते थे, लेकिन इस बार सरकार ने इसे 2047 तक का विजन दिया है। NCR प्लानिंग बोर्ड द्वारा तैयार किया जा रहा क्षेत्रीय योजना भी अब 2047 के लक्ष्य को ध्यान में रखकर बनाया जा रहा है।
Frequently Asked Questions
1. 'ट्रिपल इंजन सरकार' का क्या अर्थ है?
इसका अर्थ है केंद्र, राज्य और स्थानीय नगर निगम तीनों स्तरों पर एक ही दल का शासन होना, जिससे नीतिगत समन्वय आसान हो जाता है।
2. दिल्ली मास्टर प्लान 2047 का मुख्य उद्देश्य क्या है?
इसका उद्देश्य दिल्ली के शहरी विकास, बुनियादी ढांचे और संसाधनों के प्रबंधन के लिए अगले दो दशकों तक का एक व्यापक रोडमैप प्रदान करना है।