तेलंगाना पर्यटन विकास निगम (TGTDC) ने अपने प्रसिद्ध 'हरिता' होटलों की सेवाओं और स्वच्छता में सुधार के लिए बड़े सुधारों की घोषणा की है। इसके तहत रसोई में लाइव सीसीटीवी निगरानी, ऑनलाइन बुकिंग और सख्त निगरानी दल तैनात किए जाएंगे ताकि मेहमानों को स्टार-श्रेणी का आतिथ्य अनुभव मिल सके।

  • TGTDC अपने हरिता होटलों को स्टार-श्रेणी के वैश्विक आतिथ्य मानकों पर अपग्रेड करेगा।
  • रसोई में भोजन की स्वच्छता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए लाइव सीसीटीवी निगरानी की जाएगी।
  • पर्यटकों की सुविधा के लिए स्वचालित ऑनलाइन बुकिंग और समर्पित सतर्कता टीमों की शुरुआत की जाएगी।

तेलंगाना पर्यटन विकास निगम (TGTDC) राज्य भर में स्थित अपने प्रसिद्ध हरिता होटलों (Haritha Hotels) में ठहरने, भोजन, स्वच्छता और सेवाओं की गुणवत्ता में क्रांतिकारी बदलाव लाने के लिए बड़े कदम उठा रहा है। इस व्यापक आधुनिकीकरण अभियान का मुख्य उद्देश्य इन सरकारी होटलों को निजी क्षेत्र के अग्रणी स्टार-श्रेणी के आतिथ्य प्रतिष्ठानों के समकक्ष खड़ा करना है।

टीजीटीडीसी की प्रबंध निदेशक पी. गौतमी (P. Gouthami) ने खुद कमान संभालते हुए राज्य के विभिन्न हिस्सों में स्थित हरिता होटलों का औचक निरीक्षण करना शुरू कर दिया है। इन दौरों के दौरान आवास सुविधाओं, रेस्तरां, रसोई घरों, भोजन की गुणवत्ता, स्वच्छता, कर्मचारियों के प्रदर्शन और रख-रखाव की बारीकी से समीक्षा की जा रही है।

निरीक्षण के दौरान प्रबंध निदेशक ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि भोजन की गुणवत्ता या रसोई की स्वच्छता से किसी भी तरह का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों के खिलाफ तत्काल विभागीय कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। इसी कड़ी में रविवार (23 अगस्त, 2026) को विकाराबाद स्थित हरिता होटल के यूनिट मैनेजर सांबाशिव राव के खिलाफ प्रशासनिक कार्रवाई शुरू की गई है।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि राज्य संचालित पर्यटन आतिथ्य को अपग्रेड करने से न केवल क्षेत्रीय पर्यटन राजस्व में काफी वृद्धि होगी, बल्कि यह सरकारी संपत्तियों के प्रति पर्यटकों के विश्वास को भी बहाल करेगा। गुणवत्तापूर्ण सेवाएं और डिजिटल पारदर्शिता आधुनिक पर्यटकों को आकर्षित करने के प्रमुख कारक हैं।

"तेलंगाना के पर्यटन क्षेत्र के तेजी से बढ़ने के साथ, हमारे सेवा मानकों को भी विकसित होना चाहिए। हम हरिता होटलों को विश्वसनीय, आधुनिक और पर्यटकों के अनुकूल बनाने के लिए तकनीक और सख्त सतर्कता का उपयोग कर रहे हैं," टीजीटीडीसी की प्रबंध निदेशक पी. गौतमी ने कहा।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

हरिता होटल श्रृंखला की स्थापना तेलंगाना पर्यटन द्वारा राज्य के प्रमुख ऐतिहासिक और सांस्कृतिक स्थलों के पास पर्यटकों को किफायती और सुरक्षित आवास प्रदान करने के उद्देश्य से की गई थी। हालांकि, समय के साथ सेवा मानकों में आई गिरावट और निजी होटलों से बढ़ती प्रतिस्पर्धा के कारण, अब इन होटलों को बुनियादी आवास से बदलकर प्रीमियम आतिथ्य केंद्रों में अपग्रेड किया जा रहा है।

विशेषतापुराना हरिता मॉडलनया अपग्रेड मॉडल
रसोई की निगरानीमैनुअल (कभी-कभार निरीक्षण)लाइव सीसीटीवी और डिजिटल निगरानी
बुकिंग प्रक्रियापारंपरिक / आंशिक ऑनलाइनपूरी तरह से स्वचालित ऑनलाइन बुकिंग
गुणवत्ता नियंत्रणआंतरिक स्टाफ समीक्षासमर्पित सतर्कता (Vigilance) टीमें
क्या आप जानते हैं?: तेलंगाना यूनेस्को की विश्व धरोहर स्थल जैसे रामप्पा मंदिर और ऐतिहासिक गोलकोंडा किले का घर है, जिससे अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों के लिए उच्च गुणवत्ता वाले राज्य संचालित आतिथ्य का होना अत्यंत महत्वपूर्ण हो जाता है।

Frequently Asked Questions

प्रश्न 1: हरिता होटलों में पारदर्शिता बढ़ाने के लिए क्या तकनीकी उपाय किए जा रहे हैं?
उत्तर: सभी इकाइयों की रसोइयों में लाइव सीसीटीवी निगरानी प्रणाली स्थापित की जा रही है, जिससे भोजन की तैयारी और स्वच्छता पर निरंतर नजर रखी जा सके। इसके अलावा, एक स्वचालित ऑनलाइन बुकिंग प्रणाली भी शुरू की जा रही है।

प्रश्न 2: क्या लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों के खिलाफ कोई कार्रवाई की गई है?
उत्तर: हां, मानकों में लापरवाही बरतने के आरोप में विकाराबाद स्थित हरिता होटल के यूनिट मैनेजर सांबाशिव राव के खिलाफ विभागीय कार्रवाई शुरू की गई है।