केरल और दुनिया भर में फैले मलयाली समुदाय ने थिरुवोनम का पर्व हर्षोल्लास के साथ मनाया। राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री सहित कई दिग्गजों ने देशवासियों को ओणम की शुभकामनाएं दी हैं।

  • थिरुवोनम के साथ 10 दिवसीय ओणम उत्सव का समापन हुआ।
  • फूलों की रंगोली (पूकलम) और पारंपरिक सद्य भोज मुख्य आकर्षण रहे।
  • राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री ने दीं हार्दिक शुभकामनाएं।

थिरुवनंतपुरम: बुधवार, 26 अगस्त 2026 को केरल और दुनिया भर के मलयाली समुदायों के लिए एक विशेष दिन रहा। मलयालम पंचांग के अनुसार 'अथम' दिन से शुरू हुए 10 दिवसीय ओणम उत्सव का समापन थिरुवोनम के भव्य अवसर के साथ हुआ। यह पर्व केवल एक त्यौहार नहीं, बल्कि केरल की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और एकता का प्रतीक है।

आंगन में सजी रंग-बिरंगी पूकलम (फूलों की रंगोली) से लेकर पारंपरिक ओणसद्य (सात्विक भोज) तक, हर जगह उत्सव का माहौल था। बच्चे और युवा सबसे सुंदर पूकलम बनाने की होड़ में जुटे रहे, जबकि बड़े-बुजुर्गों ने पारंपरिक वेशभूषा में इस दिन का आनंद लिया।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि ओणम जैसे त्यौहार न केवल धार्मिक महत्व रखते हैं, बल्कि ये वैश्विक स्तर पर मलयाली प्रवासियों को उनकी जड़ों से जोड़ने वाले एक शक्तिशाली सांस्कृतिक सेतु के रूप में कार्य करते हैं। यह त्यौहार आर्थिक गतिविधियों और पर्यटन को भी बढ़ावा देता है।

ओणम केवल एक फसल उत्सव नहीं है, बल्कि यह मानवता और समानता के उस युग की याद दिलाता है जिसका सपना राजा महाबली ने देखा था।

इस वर्ष, गुरुवायूर श्रीकृष्ण मंदिर सहित राज्य के प्रमुख मंदिरों में भक्तों का भारी जमावड़ा देखा गया, बावजूद इसके कि कई हिस्सों में बारिश हो रही थी। भोजन की बात करें तो, केले के पत्तों पर परोसे जाने वाले पारंपरिक भोज में ओलन, एरिसेरी, कालन, सांभर, अवियल और पायसम जैसे व्यंजन मुख्य आकर्षण रहे।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

ओणम का संबंध पौराणिक राजा महाबली से है। माना जाता है कि राजा महाबली के शासनकाल में प्रजा अत्यंत सुखी और समृद्ध थी। उनके प्रति सम्मान व्यक्त करने के लिए ही मलयाली समुदाय हर साल इस महापर्व को मनाता है।

Did You Know?: ओणम के दौरान 'वदमवली' (रस्सी खींचना) और 'उरियाडी' जैसे पारंपरिक खेल आयोजित किए जाते हैं जो सामुदायिक भावना को बढ़ाते हैं।

Frequently Asked Questions

1. ओणम का मुख्य आकर्षण क्या है?
ओणम का मुख्य आकर्षण पूकलम (फूलों की रंगोली), ओणसद्य (पारंपरिक भोज) और पारंपरिक नृत्य व खेल हैं।

2. थिरुवोनम क्या है?
थिरुवोनम ओणम उत्सव का सबसे महत्वपूर्ण और अंतिम दिन होता है।