लोकनाथ बेहेरा का कार्यकाल समाप्त होने के बाद, एर्नाकुलम जिला कलेक्टर जी. प्रियंका को कोच्चि मेट्रो रेल लिमिटेड (KMRL) के प्रबंध निदेशक का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। यह बदलाव ऐसे समय में हुआ है जब मेट्रो का ₹1,957 करोड़ का कक्कानाड विस्तार प्रोजेक्ट महत्वपूर्ण मोड़ पर है।

  • लोकनाथ बेहेरा का कार्यकाल 30 अगस्त को समाप्त हो रहा है।
  • एर्नाकुलम जिला कलेक्टर जी. प्रियंका को अस्थायी रूप से अतिरिक्त प्रभार दिया गया है।
  • कोच्चि मेट्रो का ₹1,957 करोड़ का कक्कानाड विस्तार अगले एक वर्ष में शुरू होना है।
  • KMRL ने 2025-26 में ₹52.64 करोड़ का परिचालन लाभ दर्ज किया है।

केरल सरकार ने शनिवार को एक महत्वपूर्ण आदेश जारी करते हुए एर्नाकुलम जिला कलेक्टर जी. प्रियंका को कोच्चि मेट्रो रेल लिमिटेड (KMRL) के प्रबंध निदेशक (MD) का अतिरिक्त प्रभार सौंप दिया है। यह निर्णय मौजूदा प्रबंध निदेशक लोकनाथ बेहेरा के कार्यकाल के 30 अगस्त को समाप्त होने के तुरंत बाद लिया गया है।

लोकनाथ बेहेरा, जो 1985 बैच के आईपीएस अधिकारी रहे हैं, ने 2021 में राज्य पुलिस प्रमुख के रूप में सेवानिवृत्त होने के बाद KMRL के प्रमुख के रूप में कार्यभार संभाला था। उनके नेतृत्व में, कोच्चि मेट्रो ने वित्तीय सुधार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। आंकड़ों के अनुसार, मेट्रो ने 2025-26 के दौरान ₹52.64 करोड़ का परिचालन लाभ अर्जित किया, जबकि पिछले वर्ष के ₹430.50 करोड़ के भारी घाटे को घटाकर ₹352.49 करोड़ पर लाने में सफलता मिली।

क्यों महत्वपूर्ण है यह बदलाव?

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि यह प्रशासनिक परिवर्तन एक अत्यंत संवेदनशील समय पर हुआ है। कोच्चि मेट्रो वर्तमान में अपने ₹1,957 करोड़ के कक्कानाड विस्तार प्रोजेक्ट के अंतिम चरणों में है, जिसके अगले एक वर्ष में चालू होने की उम्मीद है। इसके बाद, मेट्रो का ध्यान तीसरे चरण यानी हवाई अड्डा विस्तार की ओर केंद्रित होगा।

प्रशासनिक विशेषज्ञों का मानना है कि विस्तार परियोजनाओं और भूमि अधिग्रहण की चुनौतियों को देखते हुए एक तकनीकी विशेषज्ञ या सक्रिय सिविल सेवक की नियुक्ति आवश्यक है।

हाल ही में KMRL के नाम को बदलकर 'केरलम मेट्रो रेल लिमिटेड' करने के प्रस्ताव ने विवाद भी खड़ा कर दिया था, जिसे मुख्यमंत्री वी.डी. सथेशन ने स्पष्ट किया कि नाम में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि और चुनौतियाँ

कोच्चि मेट्रो ने न केवल शहरी रेल परिवहन को सुधारा है, बल्कि 2023 में कोच्चि वाटर मेट्रो की शुरुआत भी की, जिसने जलमार्ग परिवहन में क्रांति ला दी। हालांकि, कक्कानाड विस्तार और हवाई अड्डा विस्तार जैसी महत्वाकांक्षी परियोजनाओं के लिए केंद्र सरकार से समन्वय और भूमि अधिग्रहण जैसी जटिल प्रक्रियाएं एक बड़ी चुनौती बनी हुई हैं।

स्थानीय नागरिक समूहों ने मांग की है कि भविष्य में एक ऐसे व्यक्ति को नियुक्त किया जाए जिसके पास वी.जे. कुरियन जैसे दूरदर्शी नेतृत्व का अनुभव हो, ताकि मेट्रो के विकास को नई गति मिल सके।

Did You Know?: कोच्चि वाटर मेट्रो भारत की पहली ऐसी जल परिवहन सेवा है जो अत्याधुनिक इलेक्ट्रिक नावों का उपयोग करती है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

प्रश्न 1: कोच्चि मेट्रो के नए एमडी कौन हैं?
उत्तर: वर्तमान में एर्नाकुलम जिला कलेक्टर जी. प्रियंका को अतिरिक्त प्रभार दिया गया है।

प्रश्न 2: कक्कानाड विस्तार परियोजना की लागत कितनी है?
उत्तर: इस विस्तार परियोजना की अनुमानित लागत ₹1,957 करोड़ है।