मुंबई के चेंबूर कैंप के पास एक BEST इलेक्ट्रिक बस में अचानक आग लग गई। गनीमत रही कि चालक ने धुंआ देखते ही बस रोक दी और किसी भी तरह की जनहानि नहीं हुई।

  • मुंबई के चेंबूर में चलती हुई BEST इलेक्ट्रिक बस में आग लगी।
  • बैटरी बॉक्स में शॉर्ट सर्किट को आग लगने का मुख्य कारण माना जा रहा है।
  • बस में सवार यात्री सुरक्षित हैं और चालक की त्वरित प्रतिक्रिया से बड़ा हादसा टल गया।

मुंबई के चेंबूर कैंप इलाके में रविवार सुबह एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। सुबह लगभग 8 बजे, एक BEST (Brihanmumbai Electric Supply and Transport) इलेक्ट्रिक बस, जो माहुल गांव से ट्रॉम्बे की ओर जा रही थी, अचानक आग की चपेट में आ गई। बस के चालक ने केबिन के नीचे से धुआं निकलते देख तुरंत कार्रवाई की, जिससे यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सकी।

मिली जानकारी के अनुसार, यह बस 'श्री मारुति ट्रेवल्स (डागा ग्रुप)' द्वारा संचालित एक 'वेट-लीज़' बस थी, जो देवनार डिपो से संचालित हो रही थी। रूट A-365 पर चलते समय अचानक बैटरी बॉक्स में स्पार्किंग हुई, जिससे शॉर्ट सर्किट हुआ और देखते ही देखते आग फैल गई।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि सार्वजनिक परिवहन में इलेक्ट्रिक वाहनों का तेजी से बढ़ता उपयोग सुरक्षा मानकों की कड़ी जांच की मांग करता है। बैटरी तकनीक में छोटी सी खराबी भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है, खासकर घनी आबादी वाले मुंबई जैसे शहरों में।

इलेक्ट्रिक बसों में बैटरी प्रबंधन प्रणाली (BMS) की विफलता और नियमित रखरखाव में कमी इस तरह की घटनाओं का प्रमुख कारण बनती है।

घटना के तुरंत बाद, बस के कर्मचारियों ने ऑनबोर्ड मौजूद तीन अग्निशमन यंत्रों (Fire Extinguishers) का उपयोग करके लगभग 15 मिनट के भीतर आग पर काबू पा लिया। इसके बाद मुंबई फायर ब्रिगेड (MFB) की टीम मौके पर पहुंची और सावधानी के तौर पर बैटरी को अलग कर दिया। स्थानीय पुलिस और नगर निगम के अधिकारी भी घटना स्थल पर मौजूद रहे।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

यह पहली बार नहीं है जब BEST की इलेक्ट्रिक बसों में तकनीकी खराबी देखी गई है। इससे पहले मई में कुर्ला डिपो में एक इलेक्ट्रिक डबल-डेकर बस में आग लगी थी, और उसी महीने सियोन-प्रतीक्षा नगर डिपो में दो सीएनजी बसों में भी आग की घटनाएं दर्ज की गई थीं। इन घटनाओं के बाद, BEST ने पूरे बेड़े के सुरक्षा निरीक्षण के आदेश दिए थे।

Did You Know?: इलेक्ट्रिक वाहनों में आग लगने पर पारंपरिक पानी के बजाय विशेष प्रकार के अग्निशमन यंत्रों का उपयोग अधिक प्रभावी होता है क्योंकि बैटरी में रासायनिक प्रतिक्रिया हो सकती है।

Frequently Asked Questions

1. क्या इस घटना में कोई घायल हुआ?
नहीं, इस घटना में किसी भी यात्री या कर्मचारी के घायल होने की सूचना नहीं है।

2. आग लगने का मुख्य कारण क्या था?
प्रारंभिक जांच के अनुसार, बैटरी बॉक्स में शॉर्ट सर्किट होने के कारण आग लगी थी।