महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) ने गणेश उत्सव के दौरान सामुदायिक भोजन वितरण के लिए नए SOP जारी किए हैं। अब हाउसिंग सोसायटियों को प्रसाद वितरण से कम से कम 7 दिन पहले सूचित करना होगा और स्वच्छता मानकों का पालन करना अनिवार्य होगा।
- गणपति महाप्रसाद या भंडारा आयोजित करने के लिए 7 दिन पहले FDA को सूचित करना अनिवार्य है।
- 100-200 लोगों के लिए सामुदायिक भोजन भी 'सामूहिक खाद्य वितरण' की श्रेणी में आएगा।
- कैटरर के पास FSSAI लाइसेंस होना और आयोजकों द्वारा मास्क, ग्लव्स और कैप का उपयोग करना आवश्यक है।
- नियमों के उल्लंघन पर ₹10,000 से ₹1 लाख तक का जुर्माना लग सकता है।
मुंबई और वसई-विरार की कई हाउसिंग सोसायटियों में गणेश उत्सव की तैयारियों के बीच एक महत्वपूर्ण सूचना प्रसारित की जा रही है। महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) द्वारा जारी नए मानक संचालन प्रक्रियाओं (SOPs) के अनुसार, अब आवासीय सोसायटियों को अपने परिसर में आयोजित होने वाले गणपति महाप्रसाद, भंडारा या किसी भी प्रकार के सामुदायिक भोजन वितरण कार्यक्रमों के बारे में कम से कम सात दिन पहले सूचित करना होगा।
FDA के अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि ये निर्देश 3 सितंबर को जारी किए गए उत्सव विशेष SOPs का हिस्सा हैं। यह नियम केवल बड़े सार्वजनिक पंडालों तक सीमित नहीं है, बल्कि उन हाउसिंग सोसायटियों पर भी लागू होता है जहाँ केवल 100 से 200 निवासियों के लिए भोजन का आयोजन किया जा रहा है। इसे 'सामूहिक खाद्य वितरण' (Collective Food Distribution) माना जाएगा।
आयोजकों के लिए क्या है अनिवार्य?
नियमों के अनुसार, आयोजकों को अपने क्षेत्र के नामित खाद्य सुरक्षा अधिकारी को एक औपचारिक पत्र सौंपना होगा। इस पत्र में कार्यक्रम की तिथि, अपेक्षित संख्या, और सबसे महत्वपूर्ण रूप से कैटरर का नाम और उसका FSSAI लाइसेंस नंबर शामिल होना चाहिए। यदि भोजन सोसाइटी के सदस्यों द्वारा स्वयं बनाया जा रहा है, तो उन्हें FoSCoS पोर्टल के माध्यम से अस्थायी FSSAI पंजीकरण प्राप्त करने की सलाह दी गई है।
खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए अब केवल स्वाद ही नहीं, बल्कि लाइसेंस और स्वच्छता के कड़े मानकों का पालन करना अनिवार्य हो गया है।
स्वच्छता और सुरक्षा मानक
FDA ने खाद्य सुरक्षा के लिए कड़े दिशा-निर्देश जारी किए हैं। भोजन तैयार करने वालों के लिए कैप, मास्क, दस्ताने और एप्रन पहनना अनिवार्य है। इसके अलावा, खाना पकाने और पीने के लिए केवल RO पानी का उपयोग किया जाना चाहिए। भोजन को स्टील या फूड-ग्रेड कंटेनरों में ही संग्रहित किया जाना चाहिए और बासी भोजन वितरित करने पर सख्त मनाही है। आयोजकों को खाद्य सामग्री जैसे तेल, घी और पनीर के बिल भी सुरक्षित रखने होंगे।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि त्योहारों के दौरान खाद्य जनित बीमारियों के बढ़ते मामलों को देखते हुए प्रशासन अब अधिक सख्त हो रहा है। सोसायटियों द्वारा इन नियमों का पालन न करना न केवल कानूनी जटिलताएं पैदा कर सकता है, बल्कि भारी जुर्माने का कारण भी बन सकता है।
| विवरण | नियम/आवश्यकता |
|---|---|
| सूचना की अवधि | कार्यक्रम से कम से कम 7 दिन पहले |
| लाइसेंस | कैटरर के पास FSSAI लाइसेंस अनिवार्य |
| स्वच्छता उपकरण | मास्क, ग्लव्स, कैप और एप्रन |
| पानी का प्रकार | केवल RO पानी |
| संभावित जुर्माना | ₹10,000 से ₹1,00,000 तक |
Frequently Asked Questions
1. क्या छोटी सोसायटियों के लिए भी यह नियम लागू है?
हाँ, यदि 100-200 लोगों के लिए भी भोजन वितरित किया जा रहा है, तो यह सामूहिक वितरण के अंतर्गत आता है।
2. यदि हम स्वयं खाना बनाते हैं तो क्या करना होगा?
आपको FoSCoS पोर्टल के माध्यम से अस्थायी FSSAI पंजीकरण लेना चाहिए और सामग्री के बिल सुरक्षित रखने चाहिए।