झारखंड में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान चुनाव आयोग ने पाया कि मतदाता सूची में 6 लाख से अधिक मृत मतदाता शामिल हैं। रांची और खूंटी जिलों में सबसे अधिक संख्या दर्ज की गई है।

मुख्य बातें

  • झारखंड में 6,14,639 मृत मतदाता पाए गए हैं।
  • रांची में सबसे अधिक 71,990 मृत मतदाता दर्ज किए गए हैं।
  • कुल 25.85 लाख से अधिक फॉर्म एकत्र नहीं किए जा सके, जिनमें स्थानांतरित और लापता मतदाता भी शामिल हैं।
  • अंतिम मतदाता सूची 7 अक्टूबर को प्रकाशित की जाएगी।

झारखंड में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision - SIR) अभियान के दौरान एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। चुनाव आयोग के आंकड़ों के अनुसार, राज्य में 6,14,639 ऐसे मतदाता मिले हैं जिनकी मृत्यु हो चुकी है, लेकिन उनके नाम अभी भी मतदाता सूची में शामिल हैं।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) के. रवि कुमार ने बताया कि बूथ स्तर के अधिकारियों (BLO) ने राज्य के 2.64 करोड़ मतदाताओं के 99.58% तक पहुंच बना ली है। इस प्रक्रिया के दौरान, रांची जिले में सबसे अधिक 71,990 मृत मतदाता पाए गए, जबकि खूंटी में यह संख्या 53,885 रही।

क्यों यह महत्वपूर्ण है?

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि मतदाता सूची का यह शुद्धिकरण चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए अत्यंत आवश्यक है। मृत या स्थानांतरित मतदाताओं के नाम हटाना न केवल फर्जी मतदान को रोकता है, बल्कि मतदाता सूची की सटीकता को भी बढ़ाता है।

मतदाता सूची का शुद्धिकरण लोकतंत्र की नींव को मजबूत करने के लिए अनिवार्य है।

आंकड़ों के अनुसार, कुल 25,85,506 फॉर्म एकत्र नहीं किए जा सके। इनमें 6,14,639 मृत मतदाता, 10,78,577 स्थायी रूप से स्थानांतरित हो चुके लोग और 5,96,575 लापता या अनुपस्थित मतदाता शामिल हैं।

विभिन्न श्रेणियों का विवरण

श्रेणीसंख्या
मृत मतदाता6,14,639
स्थायी रूप से स्थानांतरित10,78,577
लापता/अनुपस्थित5,96,575

यह पुनरीक्षण प्रक्रिया 29 जुलाई तक जारी रहेगी। इसके बाद, 5 अगस्त को मसौदा मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी, और आप 4 सितंबर तक आपत्तियां दर्ज करा सकते हैं। अंतिम सूची 7 अक्टूबर को जारी होगी।

क्या आप जानते हैं?: चुनाव आयोग मतदाता सूची को अपडेट करने के लिए 'पैरेंटल मैपिंग' का उपयोग करता है ताकि पुराने रिकॉर्ड्स के साथ मिलान किया जा सके।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

प्रश्न 1: मतदाता सूची में सुधार के लिए आपत्ति कब दर्ज की जा सकती है?
उत्तर: आप 5 अगस्त से 4 सितंबर के बीच अपनी आपत्तियां और दावे दर्ज करा सकते हैं।

प्रश्न 2: अंतिम मतदाता सूची कब जारी होगी?
उत्तर: झारखंड की अंतिम मतदाता सूची 7 अक्टूबर को प्रकाशित की जाएगी।