पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकीरी ने 'बंगालर बारी' को 'पश्चिम बंगाल आवास' नाम दिया और 10 लाख से अधिक लाभार्थियों को अंतिम सहायता राशि जारी की। यह योजना पहले त्रिनामूल कांग्रेस सरकार के दौरान ठहराव में थी।

मुख्य बिंदु

  • ‘बंगालर बारी’ को ‘पश्चिम बंगाल आवास’ नाम दिया गया।
  • 10,20,379 लाभार्थियों को प्रत्येक 60,000 रुपये की अंतिम किस्त मिली।
  • कुल खर्च 6,000 करोड़ रुपये से अधिक।

पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकीरी ने 6 अगस्त, 2026 को घोषणा की कि राज्य सरकार ने आवास योजना का नाम बदलकर ‘पश्चिम बंगाल आवास’ कर दिया है। इस कदम के साथ उन्होंने 10 लाख से अधिक लाभार्थियों को 60,000 रुपये की अंतिम किस्त वितरित की, जिससे कुल खर्च 6,000 करोड़ रुपये से अधिक हो गया।

पहली किस्त के बाद, अगली और अंतिम किस्त 10,20,379 लाभार्थियों को वितरित की जाएगी, जबकि नई लाभार्थियों को दुर्गा पूजा के बाद अक्टूबर में सहायता मिलेगी। इस योजना के तहत प्रत्येक परिवार को घर बनवाने के लिए दो किस्तों में कुल 1.20 लाख रुपये मिलते हैं।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

यह योजना पहले त्रिनामूल कांग्रेस सरकार के दौरान ठहराव में थी। 2024 में तत्कालीन मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने यह योजना शुरू की थी, दो साल बाद केंद्र ने प्रधान मंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के फंडिंग को रोक दिया था, मुख्यतः भ्रष्टाचार के आरोपों के कारण।

Why This Matters

BozokMedia analysis shows that reviving the housing scheme not only addresses a critical rural housing shortage but also signals a political shift toward welfare‑centric governance in West Bengal, potentially influencing upcoming elections.

"Consistent funding and transparent implementation are vital for the long‑term success of any large‑scale housing initiative," says Dr. Arindam Chakraborty, urban development expert.
क्या आप जानते हैं?: पश्चिम बंगाल में 2019‑2022 के बीच ग्रामीण आवास योजना की फंडिंग में 30% की गिरावट दर्ज की गई थी।

Frequently Asked Questions

प्रश्न 1: नई योजना में कौन-कौन से दस्तावेज़ आवश्यक हैं?

उत्तर: आय प्रमाण पत्र, जमीन का प्रमाण पत्र और परिवार के सदस्यों की पहचान पत्र।

प्रश्न 2: क्या पहले की योजना के लाभार्थियों को पुनः आवेदन करना पड़ेगा?

उत्तर: नहीं, मौजूदा लाभार्थियों को स्वचालित रूप से नई योजना में स्थानांतरित किया जाएगा।