ग्रामीण विकास मंत्री ईश्वर खंडेरे ने अधिकारियों को चेतावनी दी है कि यदि रोजगार की कमी के कारण लोग पलायन करते हैं, तो संबंधित अधिकारी जिम्मेदार होंगे। उन्होंने VB-G RAM G योजना के प्रभावी कार्यान्वयन पर जोर दिया है।

मुख्य बातें

  • पलायन रोकने के लिए स्थानीय स्तर पर रोजगार सुनिश्चित करने का निर्देश।
  • रोजगार न मिलने पर संबंधित अधिकारियों पर होगी कार्रवाई।
  • VB-G RAM G योजना के तहत हर महीने 5-6 लाख कार्य दिवस उत्पन्न करने का लक्ष्य।
  • e-KYC प्रक्रिया को जल्द पूरा करने के सख्त निर्देश।

कर्नाटक के ग्रामीण विकास और पंचायत राज मंत्री ईश्वर खंडेरे ने रविवार को बल्लारी में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि VB-G RAM G (विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन) योजना का प्रभावी कार्यान्वयन सुनिश्चित किया जाए ताकि पात्र श्रमिकों को स्थानीय स्तर पर ही काम मिल सके और वे काम की तलाश में शहरों की ओर पलायन न करें।

मंत्री खंडेरे ने चिंता व्यक्त की कि कम वर्षा के कारण कृषि गतिविधियां प्रभावित हुई हैं, जिससे श्रमिकों के पलायन की संभावना बढ़ गई है। उन्होंने बल्लारी जिले के लिए निर्धारित 51.3 लाख कार्य दिवसों के लक्ष्य की ओर इशारा करते हुए कहा कि जिले ने जून तक केवल 46% लक्ष्य ही प्राप्त किया है। उन्होंने अधिकारियों को हर महीने कम से कम 5 से 6 लाख कार्य दिवस उत्पन्न करने की गति बढ़ाने का आदेश दिया।

क्यों यह महत्वपूर्ण है?

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार की कमी सीधे तौर पर शहरी बुनियादी ढांचे पर दबाव और ग्रामीण अर्थव्यवस्था के असंतुलन का कारण बनती है। यदि स्थानीय स्तर पर सुरक्षा जाल (Safety Net) प्रदान नहीं किया जाता है, तो सामाजिक-आर्थिक अस्थिरता बढ़ सकती है।

'यदि रोजगार की कमी के कारण लोग पलायन करते हैं, तो संबंधित कार्यकारी अधिकारी और पंचायत विकास अधिकारी इसके लिए सीधे तौर पर जिम्मेदार होंगे।'

बैठक के दौरान, अधिकारियों ने बताया कि जिले में 1.84 लाख सक्रिय जॉब कार्ड हैं, जिनमें से केवल 1.3 लाख का e-KYC पूरा हुआ है। मंत्री ने शेष प्रक्रिया को तुरंत पूरा करने का निर्देश दिया। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि योजना के लिए धन की कोई कमी नहीं है; राज्य और केंद्र सरकार ने मिलाकर हजारों करोड़ रुपये जारी किए हैं।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

भारत में ग्रामीण पलायन एक पुरानी समस्या रही है, जहाँ कृषि संकट और मौसमी बेरोजगारी के कारण श्रमिक शहरों की ओर रुख करते हैं। VB-G RAM G जैसी योजनाएं इस चक्र को तोड़ने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से लाई गई हैं।

क्या आप जानते हैं?: कर्नाटक सरकार ने इस योजना के क्रियान्वयन के लिए अब तक जिला पंचायतों को 1,000 करोड़ रुपये से अधिक की राशि जारी कर दी है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

प्रश्न 1: VB-G RAM G योजना का मुख्य उद्देश्य क्या है?
उत्तर: इसका मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में पात्र श्रमिकों को स्थानीय स्तर पर रोजगार प्रदान करना और पलायन को रोकना है।

प्रश्न 2: यदि काम नहीं मिलता है तो क्या होगा?
उत्तर: मंत्री के अनुसार, रोजगार न मिलने के कारण होने वाले पलायन के लिए स्थानीय पंचायत अधिकारियों को जवाबदेह ठहराया जाएगा।