तेलंगाना में मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन (SIR) के दौरान हुई बड़ी चूक ने 94 लाख मतदाताओं के पंजीकरण को संकट में डाल दिया है। केवल 119 अधिकारियों के पास इन करोड़ों मामलों को सुलझाने के लिए बहुत कम समय बचा है।

मुख्य बिंदु

  • नामांकन चरण में हुई गड़बड़ियों के कारण 94 लाख मतदाताओं को नोटिस जारी करना होगा।
  • केवल 119 निर्वाचक पंजीकरण अधिकारी (ERO) इस विशाल कार्यभार को संभालने के लिए जिम्मेदार हैं।
  • अधिकारियों के पास प्रत्येक मतदाता के सत्यापन के लिए 30 सेकंड से भी कम का समय होगा।
  • BLO द्वारा घर-घर जाकर जानकारी लेने के वादे पूरे नहीं किए गए।

तेलंगाना में मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन (Special Intensive Revision - SIR) के दौरान हुई प्रशासनिक विफलताओं ने एक गंभीर चुनावी संकट पैदा कर दिया है। घर-घर जाकर जानकारी जुटाने के वादे के बावजूद, बूथ स्तर के अधिकारियों (BLO) की लापरवाही और त्रुटिपूर्ण डेटा के कारण लगभग 94 लाख मतदाताओं का भविष्य अब निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों (EROs) के विवेक पर टिका है।

प्रशासनिक विफलता और डेटा की त्रुटियां

निर्वाचन प्रक्रिया के दौरान, 61.4 लाख विसंगतियों और लगभग 32 लाख 'अनमैप्ड' (unmapped) मतदाताओं की पहचान की गई है। ये वे मतदाता हैं जिन्होंने 2002 के मतदाता सूची के विवरण या अपने माता-पिता के विवरण को सही ढंग से नहीं भरा। कई मतदाताओं ने फॉर्म भरने के प्रारूप को न समझ पाने के कारण गलत जानकारी दर्ज की, जिससे डेटा में भारी विसंगतियां पैदा हो गईं।

बोज़ोकमीडिया विश्लेषण (BozokMedia analysis)

बोज़ोकमीडिया के विश्लेषण से पता चलता है कि यदि BLO ने अपना कर्तव्य सही ढंग से निभाया होता और तीन बार घर-घर जाकर मतदाताओं की सहायता की होती, तो इस डेटा संबंधी संकट को टाला जा सकता था। वर्तमान स्थिति में, अधिकारियों पर काम का बोझ इतना अधिक है कि यह प्रक्रिया व्यावहारिक रूप से असंभव प्रतीत होती है।

निर्वाचन प्रक्रिया में इतनी बड़ी संख्या में विसंगतियां लोकतंत्र की विश्वसनीयता पर सवाल खड़ा करती हैं।

अब, 119 EROs को अगले 60 दिनों के भीतर इन सभी मामलों का निपटारा करना होगा। यदि वे दिन में 8 घंटे भी काम करते हैं, तो प्रत्येक मतदाता के सत्यापन के लिए उनके पास मात्र 16 से 28 सेकंड का समय होगा। यह स्थिति न केवल अधिकारियों के लिए बल्कि मतदाताओं के लोकतांत्रिक अधिकारों के लिए भी चिंताजनक है।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

तेलंगाना में मतदाता सूचियों का नियमित संशोधन लोकतांत्रिक पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए किया जाता है। हालांकि, इस बार का 'विशेष गहन संशोधन' (SIR) प्रक्रियात्मक खामियों के कारण एक प्रशासनिक दुस्वप्न में बदल गया है।

क्या आप जानते हैं?: यदि प्रत्येक मतदाता के सत्यापन में 15 मिनट का समय लिया जाए, तो इस पूरी प्रक्रिया को पूरा करने में लगभग 7 से 8 साल लग जाएंगे!

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

प्रश्न 1: 94 लाख मतदाता संकट में क्यों हैं?
उत्तर: डेटा प्रविष्टि में त्रुटियों और अधूरे विवरणों के कारण उन्हें 'अनमैप्ड' या विसंगतिपूर्ण श्रेणी में डाल दिया गया है, जिसके लिए उन्हें सुनवाई में उपस्थित होना होगा।

प्रश्न 2: ERO की भूमिका क्या है?
उत्तर: निर्वाचक पंजीकरण अधिकारी (ERO) के पास अर्ध-न्यायिक शक्तियां होती हैं और वे मतदाता सूची में सुधार और दावों का निपटारा करते हैं।