तेलंगाना के राजस्व और आवास मंत्री पोंगुलेती श्रीनिवास रेड्डी ने भूमि संबंधी विवादों को सुलझाने के लिए एकीकृत भू भारती पोर्टल के तहत भूमि पुनरीक्षण कार्य को जल्द पूरा करने का निर्देश दिया है।

  • भूमि पुनरीक्षण कार्य को डेढ़ साल के भीतर पूरा करने का लक्ष्य।
  • फर्जी पट्टा पासबुक धारकों की पहचान कर उन्हें रद्द किया जाएगा।
  • इंदीरम्मा आवास योजना के लाभार्थियों के लिए बुनियादी सुविधाओं का विस्तार।

तेलंगाना के राजस्व और आवास मंत्री पोंगुलेती श्रीनिवास रेड्डी ने जगतियाल में एक महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए कहा कि सरकार भूमि संबंधी विवादों का स्थायी समाधान खोजने के लिए एकीकृत भू भारती पोर्टल के माध्यम से चल रहे भूमि पुनरीक्षण (Resurvey) कार्य को प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सभी कृषि और आबादी भूमि का पुनरीक्षण अगले डेढ़ साल के भीतर पूरा किया जाना चाहिए।

मंत्री रेड्डी जगतियाल के पास नूकापल्ली 2-बीएचके हाउसिंग कॉलोनी में इंदीरम्मा आवास योजना के लाभार्थियों के साथ एक संवादात्मक सत्र के दौरान बोल रहे थे। इस अवसर पर उन्होंने सामाजिक कल्याण मंत्री अदलूरी लक्ष्मण कुमार के साथ लाभार्थियों के गृह प्रवेश कार्यक्रमों में भी भाग लिया। इसके साथ ही, उन्होंने जगतियाल और मेटपल्ली में राजस्व मंडल कार्यालय भवनों सहित कई सरकारी कार्यालयों के लिए आधारशिला भी रखी।

भूमि सुधार और पारदर्शिता

मंत्री ने बताया कि पुनरीक्षण के पहले चरण में राज्य के 70 गांवों में काम चल रहा है, जिसमें जगतियाल जिले के चयनित गांव भी शामिल हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि पुनरीक्षण पूरा होने के बाद सभी पात्र किसानों को पट्टा पासबुक जारी की जाएगी। हालांकि, उन्होंने चेतावनी दी कि प्रक्रिया के दौरान फर्जी पासबुक की पहचान की जाएगी और उन्हें रद्द कर दिया जाएगा।

पुनरीक्षण प्रक्रिया का मुख्य उद्देश्य वास्तविक किसानों के अधिकारों की रक्षा करना और भूमि रिकॉर्ड में व्याप्त विसंगतियों को समाप्त करना है।

मंत्री रेड्डी ने पिछली बीआरएस सरकार पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि कुछ अपात्र व्यक्तियों ने फर्जी पट्टा पासबुक का उपयोग करके रैतु बंधु लाभ उठाया था। उन्होंने कहा कि नया पुनरीक्षण पारदर्शी तरीके से भूमि संबंधी मुद्दों को हल करने में मदद करेगा।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि तेलंगाना में भूमि पुनरीक्षण केवल एक प्रशासनिक कार्य नहीं है, बल्कि यह कृषि अर्थव्यवस्था की नींव को मजबूत करने का एक प्रयास है। भूमि रिकॉर्ड में स्पष्टता आने से ऋण प्राप्ति, विवादों में कमी और सरकारी योजनाओं का सही लाभार्थियों तक पहुंचना सुनिश्चित होगा।

आवास योजना के संबंध में, मंत्री ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने नूकापल्ली कॉलोनी में पेयजल, जल निकासी और बिजली जैसी बुनियादी सुविधाओं के लिए 32 करोड़ रुपये जारी किए हैं। उन्होंने अधिकारियों को कॉलोनी में राशन की दुकान और बस सेवा स्थापित करने के निर्देश भी दिए।

Did You Know?: तेलंगाना में भूमि रिकॉर्ड का डिजिटलीकरण करने से ग्रामीण क्षेत्रों में कानूनी विवादों की दर में भारी कमी आने की संभावना है।

Frequently Asked Questions

1. भूमि पुनरीक्षण का लक्ष्य क्या है?
इसका लक्ष्य सभी कृषि और आबादी भूमि का सटीक रिकॉर्ड बनाना और फर्जी पट्टा पासबुक को हटाकर वास्तविक किसानों को अधिकार देना है।

2. पुनरीक्षण कार्य कब तक पूरा होगा?
सरकार ने इस कार्य को डेढ़ वर्ष की समय सीमा के भीतर पूरा करने का लक्ष्य रखा है।