केंद्रीय मंत्री एच.डी. कुमारस्वामी ने कर्नाटक लोक सेवा आयोग (KPSC) परीक्षा नियंत्रक के गायब होने को लेकर कांग्रेस सरकार को घेरा है और प्रियंक खड़गे के इस्तीफे की मांग की है।
- IAS अधिकारी ज्ञानेंद्र गंगवार के अचानक गायब होने पर सवाल उठाए गए।
- OMR शीट में कार्बन के माध्यम से हेराफेरी के सबूत मिलने का दावा।
- कुमारस्वामी ने प्रियंक खड़गे पर अधिकारी को संरक्षण देने का आरोप लगाया।
- मामले की जांच CBI को सौंपने की मांग की गई।
बेंगलुरु: केंद्रीय भारी उद्योग और इस्पात मंत्री एच.डी. कुमारस्वामी ने शुक्रवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कर्नाटक की कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि कर्नाटक लोक सेवा आयोग (KPSC) के तत्कालीन परीक्षा नियंत्रक, IAS अधिकारी ज्ञानेंद्र गंगवार, प्रवर्तन निदेशालय (ED) की छापेमारी के तुरंत बाद 'फरार' हो गए। कुमारस्वामी ने इस घटनाक्रम को संदिग्ध बताते हुए राज्य के मंत्री प्रियंक खड़गे से इस्तीफे की मांग की है।
भर्ती प्रक्रिया में धांधली के सबूत
कुमारस्वामी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में जांच रिकॉर्ड, OMR शीट और अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज सार्वजनिक किए। उन्होंने दावा किया कि सहायक कार्यकारी इंजीनियरों (ग्रेड-I) की भर्ती में बड़े पैमाने पर हेराफेरी की गई थी। फोरेंसिक जांच में यह बात सामने आई है कि OMR उत्तर पुस्तिकाओं के साथ कार्बन का उपयोग करके छेड़छाड़ की गई थी। कुमारस्वामी के अनुसार, जब यह गड़बड़ी सामने आई, तो बिना किसी उचित प्रक्रिया के 24 संदिग्ध उम्मीदवारों को नियुक्ति आदेश जारी कर दिए गए।
क्यों महत्वपूर्ण है यह मामला?
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि यह मामला केवल एक प्रशासनिक चूक नहीं है, बल्कि यह सरकारी नियुक्तियों में संस्थागत भ्रष्टाचार और राजनीतिक संरक्षण की ओर इशारा करता है। यदि एक उच्चाधिकारी जांच के दौरान गायब हो जाता है, तो यह कानून के शासन और सरकारी तंत्र की विश्वसनीयता पर गंभीर प्रश्न खड़े करता है।
"ED की छापेमारी के तुरंत बाद एक आईएएस अधिकारी का गायब होना महज इत्तेफाक नहीं हो सकता; यह सत्ता के संरक्षण की ओर संकेत करता है।"
जांच और विरोधाभासी बयान
कुमारस्वामी ने मंत्री प्रियंक खड़गे के बयानों पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि पहले खड़गे ने दावा किया था कि अधिकारी अपने बीमार पिता की देखभाल के लिए लखनऊ गए हैं, लेकिन बाद में उन्होंने कहा कि उन्हें अधिकारी के ठिकाने के बारे में कुछ पता नहीं है। कुमारस्वामी ने आरोप लगाया कि खड़गे अधिकारी को बचाने की कोशिश कर रहे हैं।
Frequently Asked Questions
1. एच.डी. कुमारस्वामी ने किन दस्तावेजों को सार्वजनिक किया है?
कुमारस्वामी ने जांच रिकॉर्ड, OMR शीट और फोरेंसिक रिपोर्ट साझा की हैं जो भर्ती में हेराफेरी का दावा करती हैं।
2. कुमारस्वामी ने सरकार से क्या मांग की है?
उन्होंने मांग की है कि इस मामले की जांच केंद्रीय एजेंसी CBI को सौंपी जाए और प्रियंक खड़गे इस्तीफा दें।