उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ नेल्लोर में स्वर्ण भारत ट्रस्ट के 25वें स्थापना दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगे। इस कार्यक्रम में पूर्व उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू भी शामिल होंगे, जो ग्रामीण सशक्तिकरण पर केंद्रित है।

  • मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ नेल्लोर में स्वर्ण भारत ट्रस्ट के रजत जयंती समारोह में मुख्य अतिथि होंगे।
  • पूर्व उपराष्ट्रपति एम. वेंकैया नायडू और अन्य प्रमुख नेता इस कार्यक्रम में उपस्थित रहेंगे।
  • स्वर्ण भारत ट्रस्ट का लक्ष्य ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों, महिलाओं और युवाओं के लिए रोजगार पैदा करना है।
  • योगी आदित्यनाथ कौशल विकास केंद्रों का दौरा करेंगे और छात्रों के साथ संवाद करेंगे।

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सोमवार, 6 सितंबर 2026 को नेल्लोर के वेंकटचलम में स्वर्ण भारत ट्रस्ट के रजत जयंती समारोह में भाग लेंगे। यह आयोजन ट्रस्ट की स्थापना के 25 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में आयोजित किया जा रहा है, जो ग्रामीण विकास के क्षेत्र में एक मील का पत्थर साबित हुआ है।

इस गरिमामय समारोह में देश की प्रमुख राजनीतिक हस्तियां शामिल होंगी। मुख्यमंत्री के साथ पूर्व उपराष्ट्रपति मुप्पवरपु वेंकैया नायडू, मंत्री पोंगुरू नारायण, और विधायक सोमरेड्डी चंद्रमोहन रेड्डी जैसे दिग्गज नेता कार्यक्रम की शोभा बढ़ाएंगे। यह आयोजन न केवल ट्रस्ट की उपलब्धियों का जश्न है, बल्कि ग्रामीण भारत के सशक्तिकरण के प्रति सामूहिक प्रतिबद्धता का प्रतीक भी है।

स्वर्ण भारत ट्रस्ट का गौरवशाली इतिहास

महात्मा गांधी के 'गांवों की ओर वापसी' के आह्वान से प्रेरित होकर, स्वर्ण भारत ट्रस्ट की स्थापना वर्ष 2001 में की गई थी। यह ट्रस्ट पूर्व उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू की दूरदर्शी सोच का परिणाम है, जिन्होंने समाज और अपने पैतृक गांव को वापस देने के उद्देश्य से इसकी नींव रखी थी। ट्रस्ट का मुख्य लक्ष्य किसानों, महिलाओं और ग्रामीण युवाओं के लिए स्वरोजगार और कौशल विकास के अवसर पैदा करना है।

ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए कौशल विकास ही एकमात्र स्थायी समाधान है।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि इस तरह के आयोजन राजनीतिक और सामाजिक नेतृत्व के बीच एक सेतु का काम करते हैं। जब उत्तर प्रदेश जैसे बड़े राज्य के मुख्यमंत्री आंध्र प्रदेश के ग्रामीण विकास कार्यक्रमों में भाग लेते हैं, तो यह अंतर-राज्यीय सहयोग और 'ग्रामोदय' (गांवों का उदय) के साझा विजन को प्रदर्शित करता है।

ट्रस्ट की प्रबंध निदेशक दीपा वेंकट ने बताया कि मुख्यमंत्री आदित्यनाथ केवल समारोह का हिस्सा नहीं होंगे, बल्कि वे अक्षरा विद्यालयम परिसर में स्थित सोमा स्किल डेवलपमेंट सेंटर का भी दौरा करेंगे। वहां वे छात्रों के साथ सीधा संवाद करेंगे, जिससे युवाओं के मनोबल को बढ़ावा मिलेगा।

स्वर्ण भारत ट्रस्ट ने मुचिंतल (हैदराबाद चैप्टर) और अत्कुर (विजयवाड़ा चैप्टर) जैसे केंद्रों के माध्यम से अपनी पहुंच का विस्तार किया है। पिछले दो दशकों में, इसने अनगिनत गरीब परिवारों, महिलाओं और किसानों के जीवन में कौशल विकास के माध्यम से सकारात्मक बदलाव लाया है।

Did You Know?: स्वर्ण भारत ट्रस्ट की स्थापना महात्मा गांधी के ग्राम स्वराज के सिद्धांत पर आधारित है, जिसका उद्देश्य आत्मनिर्भर गांवों का निर्माण करना है।

Frequently Asked Questions

1. स्वर्ण भारत ट्रस्ट की स्थापना कब हुई थी?
स्वर्ण भारत ट्रस्ट की स्थापना वर्ष 2001 में हुई थी।

2. इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य क्या है?
इसका मुख्य उद्देश्य ट्रस्ट की 25 वर्षों की उपलब्धियों का जश्न मनाना और ग्रामीण सशक्तिकरण के प्रयासों को बढ़ावा देना है।