जयपुर के सीतापुरा स्थित दो केंद्रों पर तकनीकी खराबी और बिजली गुल होने के कारण NEET-PG 2026 की परीक्षा में भारी व्यवधान आया। NBEMS ने प्रभावित उम्मीदवारों के लिए 5 सितंबर को फिर से परीक्षा आयोजित करने का निर्णय लिया है।

  • जयपुर के सीतापुरा में दो iON डिजिटल जोन केंद्रों पर बिजली गुल होने से परीक्षा बाधित।
  • NBEMS ने प्रभावित उम्मीदवारों के लिए 5 सितंबर को दोपहर 3 बजे पुन: परीक्षा निर्धारित की है।
  • उम्मीदवारों ने सिस्टम के 6-7 बार बंद होने और तकनीकी अव्यवस्था का आरोप लगाया।
  • NBEMS ने तकनीकी भागीदार TCS Ltd के खिलाफ कार्रवाई के लिए बैठक बुलाई है।

राजस्थान की राजधानी जयपुर में रविवार को आयोजित NEET-PG 2026 परीक्षा के दौरान भारी हंगामा देखने को मिला। सीतापुरा स्थित दो प्रमुख परीक्षा केंद्रों पर आंतरिक बिजली विफलता (Internal Power Failure) के कारण कंप्यूटर सिस्टम बार-बार बंद हो गए, जिससे हजारों उम्मीदवारों का मानसिक तनाव बढ़ गया और परीक्षा की निष्पक्षता पर सवाल खड़े हो गए।

प्रभावित केंद्रों की पहचान iON डिजिटल जोन सीतापुरा (TC Nos. 41682 और 41683) के रूप में की गई है। नेशनल बोर्ड ऑफ एग्जामिनेशन इन मेडिकल साइंसेज (NBEMS) द्वारा जारी नोटिस के अनुसार, इस तकनीकी विफलता के लिए परीक्षा एजेंसी के तकनीकी भागीदार TCS Ltd को जिम्मेदार ठहराया गया है।

Why This Matters

BozokMedia analysis shows that such systemic failures in high-stakes national exams not only jeopardize the careers of thousands of medical aspirants but also erode trust in the digital infrastructure of India's testing agencies. When a 'Zero Error' policy is advertised, a repeated system crash suggests a critical failure in load-balancing and backup power redundancy.

"High-stakes examinations require military-grade infrastructure redundancy; a simple power failure causing multiple system crashes is an unacceptable lapse in professional examination management."

परीक्षा केंद्रों से बाहर आए आक्रोशित उम्मीदवारों ने विरोध प्रदर्शन किया और आरोप लगाया कि उनके सिस्टम परीक्षा के दौरान छह से सात बार बंद हुए। कुछ छात्रों का दावा है कि सिस्टम रीस्टार्ट होने के बाद केवल कुछ ही प्रश्न दिखाई दिए और फिर स्क्रीन ब्लैक हो गई। उम्मीदवारों ने इस बात पर भी चिंता जताई कि तकनीकी खराबी के कारण परीक्षा की गोपनीयता और निष्पक्षता प्रभावित हुई है।

ऐतिहासिक संदर्भ: भारत में हाल के वर्षों में NEET और अन्य राष्ट्रीय स्तर की परीक्षाओं में पेपर लीक और तकनीकी खामियों के मामले बढ़े हैं। इससे NTA और NBEMS जैसी संस्थाओं पर दबाव बढ़ा है कि वे अपनी बुनियादी संरचना को और अधिक सुरक्षित और विश्वसनीय बनाएं।

विवरणप्रभावित केंद्रअन्य केंद्र (देशभर)
स्थितिबिजली विफलता/बाधितसफलतापूर्वक संपन्न
उम्मीदवारों की संख्यासीमित (जयपुर केंद्र)2.6 लाख से अधिक
कुल केंद्र2 (सीतापुरा)1,111 केंद्र
क्या आप जानते हैं?: NEET-PG परीक्षा भारत की सबसे कठिन प्रवेश परीक्षाओं में से एक है, जिसके माध्यम से देश के प्रतिष्ठित मेडिकल कॉलेजों में स्नातकोत्तर (PG) सीटों का आवंटन किया जाता है।

Frequently Asked Questions

प्रश्न 1: पुन: परीक्षा (Retest) कब और किसके लिए होगी?
उत्तर: पुन: परीक्षा 5 सितंबर को दोपहर 3 बजे जयपुर में केवल उन उम्मीदवारों के लिए होगी जो तकनीकी खराबी से प्रभावित हुए थे।

प्रश्न 2: इस विफलता के लिए कौन जिम्मेदार है?
उत्तर: NBEMS ने इसके लिए तकनीकी भागीदार TCS Ltd और बुनियादी ढांचे की जिम्मेदारी संभालने वाली एजेंसी को जिम्मेदार माना है।