अगस्त का महीना खगोल प्रेमियों के लिए बेहद खास होने वाला है। सूर्य ग्रहण के ठीक दो सप्ताह बाद, 28 अगस्त को एक गहरा आंशिक चंद्र ग्रहण लगने जा रहा है।
मुख्य बातें
- 28 अगस्त को होगा गहरा आंशिक चंद्र ग्रहण।
- चंद्रमा का लगभग 93% हिस्सा पृथ्वी की छाया (Umbra) में जाएगा।
- यह भारत में दिखाई नहीं देगा, लेकिन अमेरिका, यूरोप और अफ्रीका में दिखेगा।
आसमान अभी खगोलीय घटनाओं से पूरी तरह थका नहीं है। सूर्य ग्रहण के रोमांचक अनुभव के ठीक दो सप्ताह बाद, चंद्रमा पृथ्वी की छाया के साथ एक नया मिलन करने के लिए तैयार है। 28 अगस्त को एक गहरा आंशिक चंद्र ग्रहण लगने जा रहा है, जो खगोल विज्ञान की दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण है।
यह ग्रहण थोड़ा अनोखा होगा क्योंकि चंद्रमा का लगभग 93% हिस्सा पृथ्वी की सबसे गहरी छाया, जिसे 'अम्ब्रा' (Umbra) कहा जाता है, के भीतर प्रवेश कर जाएगा। केवल एक छोटा सा हिस्सा ही छाया से बाहर रहेगा। जैसे-जैसे छाया आगे बढ़ेगी, चंद्रमा का रंग गहरा नारंगी या लाल दिखाई दे सकता है। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि पृथ्वी का वायुमंडल नीली रोशनी को बिखेर देता है और केवल लाल और नारंगी रोशनी को ही चंद्रमा तक पहुँचने देता है।
यह क्यों महत्वपूर्ण है?
BozokMedia विश्लेषण के अनुसार, अगस्त का महीना खगोलीय घटनाओं के मामले में असामान्य रूप से सक्रिय रहा है। 12 अगस्त को हुए पूर्ण सूर्य ग्रहण के बाद यह चंद्र ग्रहण अंतरिक्ष के प्रति हमारी समझ को और गहरा करता है। सूर्य ग्रहण के दौरान चंद्रमा, पृथ्वी और सूर्य के बीच आता है, जबकि चंद्र ग्रहण के दौरान पृथ्वी, सूर्य और चंद्रमा के बीच आ जाती है।
चंद्र ग्रहण के दौरान चंद्रमा का लाल रंग पृथ्वी के वायुमंडल की एक अद्भुत झलक पेश करता है।
भारतीय दर्शकों के लिए एक महत्वपूर्ण बात यह है कि यह ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा। ग्रहण का मुख्य चरण भारतीय समय के अनुसार सुबह के समय होगा, जब चंद्रमा क्षितिज से नीचे जा चुका होगा। हालांकि, यह अमेरिका, यूरोप, अफ्रीका और पश्चिमी एशिया के कुछ हिस्सों में स्पष्ट रूप से देखा जा सकेगा।
सूर्य ग्रहण बनाम चंद्र ग्रहण
| विशेषता | सूर्य ग्रहण | चंद्र ग्रहण |
|---|---|---|
| क्या होता है? | चंद्रमा, सूर्य और पृथ्वी के बीच आता है | पृथ्वी, सूर्य और चंद्रमा के बीच आती है |
| दृश्यता | एक संकीर्ण पथ पर सीमित | रात के समय पृथ्वी के बड़े हिस्से से संभव |
| सुरक्षा | विशेष चश्मे की आवश्यकता | नग्न आंखों से देखना सुरक्षित है |
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
1. क्या यह चंद्र ग्रहण भारत में दिखाई देगा?
नहीं, यह ग्रहण भारत में चंद्रमा के अस्त होने के बाद होगा, इसलिए यहाँ यह दिखाई नहीं देगा।
2. चंद्र ग्रहण के दौरान चंद्रमा लाल क्यों दिखता है?
पृथ्वी का वायुमंडल सूर्य की नीली रोशनी को बिखेर देता है, जिससे केवल लाल और नारंगी रोशनी ही चंद्रमा तक पहुँच पाती है।