18 वर्षीय अनहत सिंह ने कनाडा में आयोजित विश्व जूनियर स्क्वैश चैंपियनशिप जीतकर इतिहास रच दिया है। वह इस प्रतिष्ठित खिताब को जीतने वाली पहली भारतीय खिलाड़ी बन गई हैं।

मुख्य बातें

  • अनहत सिंह विश्व जूनियर स्क्वैश चैंपियनशिप जीतने वाली पहली भारतीय बनीं।
  • उन्होंने फाइनल में मिस्र की रुकाया सालेम को सीधे सेटों में हराया।
  • 18 वर्षीय अनहत ने टूर्नामेंट में शीर्ष वरीयता प्राप्त की थी।

कनाडा के ओंटारियो में स्थित नियाग्रा फॉल्स के पास आयोजित 2026 विश्व स्क्वैश जूनियर चैंपियनशिप में भारत की उभरती सितारा अनहत सिंह ने वह कर दिखाया जिसका सपना वह वर्षों से देख रही थीं। 18 वर्षीय अनहत ने लड़कियों के फाइनल में मिस्र की रुकाया सालेम को 11-3, 11-7, 11-9 से हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया और देश के लिए एक ऐतिहासिक क्षण लिखा।

अनहत, जो विश्व रैंकिंग में 20वें स्थान पर हैं, पूरे टूर्नामेंट में बेहद आक्रामक और आत्मविश्वास से भरी नजर आईं। शीर्ष वरीयता प्राप्त खिलाड़ी होने के नाते, उन पर दबाव काफी था, लेकिन उन्होंने हर मैच में अपनी श्रेष्ठता सिद्ध की। यह जीत उनके लिए और भी खास है क्योंकि पिछले कुछ वर्षों में वह सेमीफाइनल और क्वार्टर फाइनल में बाहर हो गई थीं, लेकिन इस बार उन्होंने कोई चूक नहीं की।

यह क्यों महत्वपूर्ण है?

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि अनहत की यह जीत भारतीय स्क्वैश के लिए एक नए युग की शुरुआत है। 2005 में जोशना चिनप्पा के बाद, अनहत पहली भारतीय हैं जिन्होंने जूनियर विश्व चैंपियनशिप के फाइनल में पहुंचकर खिताब जीता है। उनकी यह सफलता भारत में स्क्वैश के बढ़ते स्तर और पेशेवर प्रशिक्षण की प्रभावशीलता को दर्शाती है।

"अनहत की जीत केवल एक पदक नहीं है, बल्कि यह भारतीय एथलीटों के अटूट धैर्य और मानसिक मजबूती का प्रमाण है।"

फाइनल मुकाबला रोमांचक रहा। अनहत ने शुरुआती दो सेटों में दबदबा बनाए रखा और विपक्षी खिलाड़ी को केवल 10 अंक ही दिए। हालांकि तीसरे सेट में मिस्र की खिलाड़ी ने 8-6 की बढ़त बनाकर मुकाबला कड़ा करने की कोशिश की, लेकिन अनहत ने संयम बनाए रखा और जीत हासिल की। जीत के तुरंत बाद भावुक होते हुए अनहत ने कहा कि उन्हें लग रहा है जैसे वह कोई सपना देख रही हैं।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

भारतीय स्क्वैश में अनहत का सफर बेहद प्रभावशाली रहा है। इससे पहले वह जूनियर स्तर पर कांस्य पदक जीत चुकी हैं, लेकिन स्वर्ण तक पहुँचने का संघर्ष उनके करियर का सबसे कठिन हिस्सा था। उनकी यह उपलब्धि उन्हें वैश्विक स्तर पर एक प्रमुख खिलाड़ी के रूप में स्थापित करती है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

1. अनहत सिंह ने किसे हराकर खिताब जीता?
अनहत ने मिस्र की रुकाया सालेम को हराकर विश्व जूनियर स्क्वैश चैंपियनशिप जीती।

2. अनहत सिंह कौन सी उपलब्धि हासिल करने वाली पहली भारतीय बनी हैं?
वह विश्व जूनियर स्क्वैश चैंपियनशिप का खिताब जीतने वाली पहली भारतीय खिलाड़ी बनी हैं।

क्या आप जानते हैं?: अनहत सिंह ने इस टूर्नामेंट में शीर्ष वरीयता प्राप्त की थी और विश्व रैंकिंग में 20वें स्थान पर हैं।