पंजाब किंग्स के ऑलराउंडर शशांक सिंह ने चोट के दौरान छत्तीसगढ़ एसोसिएशन की असहायता के कारण पोंडिचेरी के साथ 2026‑27 घरेलू सीजन में खेलने का फैसला किया। उन्होंने नॉ ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट लेकर नया अध्याय शुरू किया।
मुख्य बिंदु
- शशांक सिंह ने छत्तीसगढ़ एसोसिएशन से नॉ ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (NOC) प्राप्त किया।
- वह 2026‑27 से पोंडिचेरी के लिए घरेलू क्रिकेट खेलेंगे।
- इंजरी‑हिट सीजन में एसोसिएशन की अनुपस्थिति ने निर्णय को तेज़ किया।
पृष्ठभूमि
शशांक सिंह, 34‑वर्षीय पंजाब किंग्स के ऑलराउंडर, ने अपने करियर की शुरुआत मुंबई से की थी और 2018 में बेहतर अवसरों की तलाश में छत्तीसगढ़ में स्थानांतरित हुए। पिछले दो सीज़न में उन्होंने 450 रन और 11 विकेट के साथ विजय हज़ारे ट्रॉफी में उल्लेखनीय प्रदर्शन किया।
छत्तीसगढ़ से विदाई का कारण
2025‑26 के दौरान शशांक को गंभीर कंधे और उंगली की चोटें लगीं। वह दावा करते हैं कि छत्तीसगढ़ राज्य क्रिकेट संघ (CSCS) ने इस कठिन दौर में कोई समर्थन नहीं दिया और बिना कारण उन्हें टीम की सूची से बाहर कर दिया। उन्होंने कहा, “मैंने NOC लेकर पोंडिचेरी से जुड़ने का फैसला किया है।”
पोंडिचेरी में नया अध्याय
शशांक ने घोषणा की कि वे केवल श्वेत‑गेंद (white‑ball) क्रिकेट पर ध्यान देंगे और रेड‑बॉल से एक ब्रेक लेंगे। पोंडिचेरी की टीम उन्हें अनुभवी ऑलराउंडर के रूप में देख रही है, जिससे वह T20 में अपनी पूरी क्वोटा बॉलिंग करने की योजना बना रहे हैं।
Why This Matters
BozokMedia analysis shows that such high‑profile transfers can reshape the competitive balance in India’s domestic circuits, giving emerging teams like Pondicherry a boost in talent and viewership.
"शशांक की पोंडिचेरी में ज्वाइनिंग न केवल उनके व्यक्तिगत करियर को पुनर्जीवित करेगी, बल्कि छोटे राज्य टीमों के लिए भी प्रेरणा बन सकती है," क्रिकेट विश्लेषक अजीत शर्मा ने कहा।
Frequently Asked Questions
शशांक सिंह ने पोंडिचेरी क्यों चुना? वह एक ऐसी टीम चाहते हैं जो उनके पुनर्वास के बाद पूर्ण बॉलिंग क्वोटा देने को तैयार हो और जहाँ उन्हें नियमित खेल का अवसर मिले।
क्या यह निर्णय उनके IPL भविष्य को प्रभावित करेगा? शशांक ने स्पष्ट किया कि उनका लक्ष्य IPL में प्रदर्शन जारी रखना है, और घरेलू श्वेत‑गेंद में निरंतर सफलता उन्हें बेहतर IPL अवसर दिला सकती है।