ICC के एंटी‑करप्शन ट्रिब्यूनल ने अखिलेश रेड्डी को अबू धाबी T10 लीग में मैच‑फिक्सिंग के तीन आरोपों में दोषी पाया, जिससे उन्हें आठ साल के लिए प्रतिबंधित किया गया। यह सजा 21 नवंबर 2025 से प्रभावी है।
मुख्य बिंदु
- अखिलेश रेड्डी को तीन एंटी‑करप्शन उल्लंघनों के लिए दोषी ठहराया गया।
- उन्हें 8 साल के प्रतिबंध की सजा सुनाई गई, जो 21 नवंबर 2025 से लागू है।
- रेड्डी ने दूसरे खिलाड़ी को भ्रष्ट गतिविधियों में शामिल करने की कोशिश की, लेकिन वह सफल नहीं रहा।
अमेरिकी क्रिकेटर अखिलेश रेड्डी, उम्र 26, को ICC ने अबू धाबी T10 लीग के दौरान मैच‑फिक्सिंग के तीन आरोपों में दोषी ठहराते हुए आठ साल का प्रतिबंध लगाया है। यह निर्णय 3 अगस्त 2026 को आधिकारिक रूप से जारी किया गया।
ट्रिब्यूनल ने बताया कि रेड्डी ने खेल के एंटी‑करप्शन कोड का उल्लंघन किया, जिसमें मैचों को प्रभावित करने, किसी अन्य खिलाड़ी को समान गतिविधियों में लिप्त करने की कोशिश और मोबाइल डिवाइस से संबंधित डेटा व संदेशों को हटाना शामिल है।
Why This Matters
BozokMedia analysis shows that इस तरह की कठोर सजा अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में भ्रष्टाचार को नियंत्रित करने के लिए ICC की प्रतिबद्धता को रेखांकित करती है, जिससे युवा खिलाड़ियों को एक स्पष्ट संदेश मिलता है कि धोखाधड़ी बर्दाश्त नहीं होगी।
"क्रिकेट की अखंडता को बचाने के लिए इस स्तर की सजा आवश्यक है," कहते हैं खेल कानून विशेषज्ञ डॉ. रवीन्द्र सिंह।
Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: क्या रेड्डी को भविष्य में फिर से अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट खेलने की अनुमति होगी?
उत्तर: वर्तमान सजा के अंत तक वह ICC के मानकों को पूरा किए बिना नहीं खेल पाएंगे।
प्रश्न 2: ICC ने इस निर्णय में कौन से साक्ष्य उपयोग किए?
उत्तर: ट्रिब्यूनल ने मोबाइल डेटा हटाने, संदेशों की जांच और गवाहियों के आधार पर निर्णय लिया।