ICC के सीईओ संजोग गुप्ता ने कहा है कि बिना किसी ठोस संदर्भ के खेले जाने वाले द्विपक्षीय क्रिकेट का दौर अब समाप्त हो रहा है। उन्होंने वनडे फॉर्मेट को बचाने के लिए नई रणनीतियों और विश्व कप के नए प्रारूप पर जोर दिया है।

मुख्य बिंदु

  • बिना संदर्भ के खेले जाने वाले द्विपक्षीय सीरीज का युग समाप्त हो रहा है।
  • वनडे क्रिकेट को बचाने के लिए 'संदर्भ, संस्कृति और प्रतिस्पर्धा' पर ध्यान देना होगा।
  • 50-ओवर विश्व कप के प्रारूप में बड़े बदलाव किए जाएंगे।

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) के सीईओ संजोग गुप्ता ने क्रिकेट के भविष्य को लेकर एक महत्वपूर्ण बयान दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि अब वह समय चला गया है जब बिना किसी विशेष महत्व या संदर्भ के द्विपक्षीय सीरीज (Bilateral Series) आयोजित की जाती थीं। फ्रैंचाइजी लीगों के बढ़ते प्रभाव के बीच, पारंपरिक द्विपक्षीय क्रिकेट अस्तित्व के संकट से जूझ रहा है।

गुप्ता के अनुसार, क्रिकेट को केवल जीवित रखने के लिए नहीं, बल्कि उसे फलने-फूलने के लिए निवेश की आवश्यकता है। उन्होंने चार मुख्य स्तंभों—संदर्भ (Context), संस्कृति (Culture), प्रतिस्पर्धा (Competition), और प्रतिस्पर्धात्मकता (Competitiveness)—पर ध्यान केंद्रित करने की आवश्यकता बताई। उन्होंने कहा कि वनडे फॉर्मेट का महत्व अभी भी बना हुआ है, क्योंकि यह पुरुष और महिला विश्व कप से गहराई से जुड़ा हुआ है।

बदलता क्रिकेट परिदृश्य

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि क्रिकेट का वर्तमान स्वरूप तेजी से बदल रहा है। T20 लीगों की लोकप्रियता के कारण वनडे और टेस्ट क्रिकेट के लिए संसाधनों का आवंटन एक बड़ी चुनौती बन गया है। गुप्ता का मानना है कि यदि द्विपक्षीय मैचों में कोई रोमांच या महत्व नहीं होगा, तो प्रशंसक और प्रायोजक दोनों ही इससे दूर हो जाएंगे।

'बिना संदर्भ के द्विपक्षीय सीरीज का युग समाप्त होना चाहिए, क्योंकि देश वित्तीय और गैर-वित्तीय संसाधनों के निवेश के बिना क्रिकेट को बनाए नहीं रख पाएंगे।'

विश्व कप के नए प्रारूप का खुलासा

वनडे क्रिकेट को पुनर्जीवित करने के लिए ICC ने 50-ओवर विश्व कप के प्रारूप में भी बड़े बदलावों की योजना बनाई है। नए प्रारूप में 14 टीमें हिस्सा लेंगी और इसे तीन चरणों में विभाजित किया जाएगा:

चरणविवरण
सुपर सीरीज12वीं, 13वीं और 14वीं रैंक की टीमों के बीच मुकाबला
ग्रुप स्टेज12 टीमें दो समूहों में विभाजित (कुल 30 मैच)
सुपर 7 चरणशीर्ष 7 टीमें राउंड-रॉबिन लीग खेलेंगी

इस नए बदलाव का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि टूर्नामेंट के हर मैच का महत्व हो और टीमें अंतिम क्षण तक प्रतिस्पर्धा करती रहें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

1. क्या वनडे क्रिकेट समाप्त हो रहा है?

नहीं, ICC के अनुसार वनडे क्रिकेट का अपना महत्व है, लेकिन इसे अधिक प्रतिस्पर्धी और प्रासंगिक बनाने की आवश्यकता है।

2. नया विश्व कप प्रारूप क्या है?

नया प्रारूप तीन चरणों में होगा, जिसमें 'सुपर सीरीज' और 'सुपर 7' जैसे नए चरण शामिल होंगे।

क्या आप जानते हैं?: वनडे विश्व कप का इतिहास 1975 से शुरू हुआ था, और अब इसे और अधिक रोमांचक बनाने के लिए पूरी तरह से नया स्वरूप दिया जा रहा है।