पांच बार के ओलंपियन शरथ कमल ने अपने संघर्ष के दिनों को याद किया, जब वह मद्रास के मम्बलम स्टेशन पर एक रेलवे टीटीई के रूप में काम करते थे।
- शरथ कमल मद्रास के मम्बलम स्टेशन पर रेलवे टीटीई के रूप में कार्यरत थे।
- उन्होंने चेन्नई की समृद्ध खेल संस्कृति और क्लब प्रणाली के प्रति आभार व्यक्त किया।
- वह अब मेलकोट्टैयार में एक हाई-परफॉर्मेंस सेंटर के माध्यम से भविष्य के चैंपियन तैयार करने में मदद कर रहे हैं।
भारतीय टेबल टेनिस के दिग्गज और पांच बार के ओलंपियन शरथ कमल की कहानी किसी फिल्मी पटकथा से कम नहीं है। हाल ही में 'मद्रास म्यूज़िंग्स' के एक कार्यक्रम में बातचीत के दौरान, उन्होंने अपने उन दिनों को याद किया जब वह सफलता की चमक से बहुत दूर थे। शरथ ने खुलासा किया कि वह मद्रास के मम्बलम स्टेशन पर एक रेलवे टीटीई (TTE) के रूप में काम करते थे।
शरथ ने फिल्म 'एमएस धोनी: द अनटोल्ड स्टोरी' का जिक्र करते हुए कहा कि फिल्म का वह दृश्य, जिसमें धोनी स्टेशन पर बैठकर ट्रेनों को देखते हुए अपने भविष्य के बारे में सोचते हैं, उन्हें बेहद भावुक कर देता है। उन्होंने बताया, "मैंने भी मद्रास के स्टेशनों पर ठीक उसी तरह बैठकर अपने भविष्य के बारे में सोचा था, इससे पहले कि टेबल टेनिस में मुझे सफलता मिली।"
क्यों यह महत्वपूर्ण है
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि शरथ कमल की यात्रा केवल व्यक्तिगत सफलता की नहीं है, बल्कि यह भारत के जमीनी स्तर के खेल बुनियादी ढांचे और उस संघर्ष की भी प्रतीक है जो एक एथलीट को विश्व स्तर पर पहुँचने के लिए करना पड़ता है। उनकी कहानी दिखाती है कि कैसे सीमित संसाधनों के बावजूद दृढ़ संकल्प से इतिहास रचा जा सकता है।
"मेरा अधूरा सपना भारत के लिए टेबल टेनिस में ओलंपिक पदक जीतना था, लेकिन अब मैं उम्मीद करता हूँ कि अगली पीढ़ी इसे पूरा करेगी।"
शरथ ने अपनी सफलता का श्रेय चेन्नई की समृद्ध खेल संस्कृति को दिया। उन्होंने बताया कि कैसे वह चोलैमेडु से मायलापुर तक साइकिल चलाकर प्रशिक्षण सत्रों के लिए जाते थे। उन्होंने कहा कि चेन्नई की क्लब संस्कृति ने उन्हें केवल एक खिलाड़ी के रूप में नहीं, बल्कि एक संपूर्ण व्यक्तित्व के रूप में विकसित होने में मदद की।
पद्मा शेषाद्रि बाला भवन और लोयोला कॉलेज के छात्र रहे शरथ ने यूरोप, विशेष रूप से जर्मनी में प्रशिक्षण के दौरान अपने शहर और माँ के हाथ के खाने को बहुत याद किया। अब, खेल से सेवानिवृत्त होने के बाद, वह अपना समय मेलकोट्टैयार में एक हाई-परफॉर्मेंस सेंटर के माध्यम से नए टैलेंट को तराशने में लगा रहे हैं।
Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: शरथ कमल ने किस पद पर काम किया था?
उत्तर: सफलता प्राप्त करने से पहले, शरथ कमल मद्रास के मम्बलम स्टेशन पर रेलवे टीटीई के रूप में कार्यरत थे।
प्रश्न 2: शरथ कमल का अगला लक्ष्य क्या है?
उत्तर: वह मेलकोट्टैयार में एक हाई-परफॉर्मेंस सेंटर के माध्यम से अगली पीढ़ी के टेबल टेनिस चैंपियनों को प्रशिक्षित करने पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।