विशाखापत्तनम में आयोजित ब्रिक्स खेल मंत्रियों की बैठक में एक महत्वपूर्ण संयुक्त घोषणापत्र अपनाया गया है। भारत की अध्यक्षता में उदयपुर में खेल विनिर्माण सम्मेलन और अहमदाबाद में पारंपरिक खेलों का आयोजन किया जाएगा।
- ब्रिक्स देशों ने खेल सहयोग बढ़ाने के लिए 'संयुक्त घोषणापत्र' अपनाया।
- नवंबर में उदयपुर में 'ब्रिक्स स्पोर्ट्स मैन्युफैक्चरिंग कॉन्क्लेव' का आयोजन होगा।
- 12-13 अक्टूबर को अहमदाबाद में पारंपरिक और स्वदेशी खेलों का प्रदर्शन किया जाएगा।
- खेल प्रौद्योगिकी पर एक समर्पित वर्किंग ग्रुप बनाने का प्रस्ताव दिया गया है।
विशाखापत्तनम में रविवार को संपन्न हुई ब्रिक्स (BRICS) खेल मंत्रियों की बैठक 2026 में सदस्य देशों ने खेल के क्षेत्र में सहयोग को मजबूत करने की अपनी प्रतिबद्धता को दोहराते हुए सर्वसम्मति से 'ब्रिक्स स्पोर्ट्स संयुक्त घोषणापत्र' को अपनाया। भारत की अध्यक्षता में आयोजित यह बैठक खेल जगत में नए युग की शुरुआत का संकेत देती है।
इस बैठक के दौरान दो प्रमुख पहलों की तिथियों और स्थानों की आधिकारिक घोषणा की गई। पहला, राजस्थान के उदयपुर में नवंबर में 'ब्रिक्स स्पोर्ट्स मैन्युफैक्चरिंग कॉन्क्लेव' आयोजित किया जाएगा, जिसका उद्देश्य खेल सामग्री के उत्पादन में वैश्विक सहयोग बढ़ाना है। दूसरा, गुजरात के अहमदाबाद में 12 और 13 अक्टूबर को 'ब्रिक्स पारंपरिक और स्वदेशी खेल प्रदर्शन खेल 2026' का आयोजन किया जाएगा, जो सांस्कृतिक विरासत को बढ़ावा देगा।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि ब्रिक्स देशों का यह कदम केवल खेल तक सीमित नहीं है, बल्कि यह खेल अर्थव्यवस्था (Sports Economy) और तकनीक के क्षेत्र में एक बड़ा रणनीतिक बदलाव है। खेल विनिर्माण और प्रौद्योगिकी पर ध्यान केंद्रित करके, ब्रिक्स देश वैश्विक खेल बाजार में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाने की कोशिश कर रहे हैं।
केंद्रीय मंत्री Mansukh Mandaviya ने जोर देकर कहा कि ब्रिक्स को केवल कागजी घोषणाओं से आगे बढ़कर वास्तविक खेल साझेदारी बनानी चाहिए।
केंद्रीय युवा मामले और खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने 'मेक इन इंडिया' के आह्वान के साथ वैश्विक निवेशकों को आमंत्रित किया। उन्होंने घोषणा की कि सरकार जल्द ही 'स्पोर्ट्स गुड्स मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर' को बढ़ावा देने के लिए एक नई योजना शुरू करेगी। यह पहल घरेलू विनिर्माण को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाने के लिए डिज़ाइन की गई है।
इसके अतिरिक्त, बैठक में खेल प्रौद्योगिकी (Sports Technology) पर एक वर्किंग ग्रुप बनाने के प्रस्ताव को भी आगे बढ़ाया गया। इस समूह का ध्यान खेल विज्ञान, एथलीट प्रदर्शन और डिजिटल परिवर्तन जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों पर होगा। भारत ने पैरा-स्पोर्ट्स और महिलाओं की खेल भागीदारी को बढ़ाने के प्रति अपनी अटूट प्रतिबद्धता को भी दोहराया।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
ब्रिक्स (ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका) का विस्तार अब न केवल आर्थिक और राजनीतिक सहयोग तक सीमित है, बल्कि यह सांस्कृतिक और खेल कूटनीति (Sports Diplomacy) के माध्यम से सॉफ्ट पावर के विस्तार की ओर भी बढ़ रहा है। भारत की अध्यक्षता में खेल क्षेत्र का यह एकीकरण वैश्विक खेल पारिस्थितिकी तंत्र को संतुलित करने का प्रयास है।
Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: ब्रिक्स स्पोर्ट्स मैन्युफैक्चरिंग कॉन्क्लेव कहाँ आयोजित होगा?
उत्तर: यह सम्मेलन नवंबर में राजस्थान के उदयपुर में आयोजित किया जाएगा।
प्रश्न 2: अहमदाबाद में होने वाले खेल किस प्रकार के होंगे?
उत्तर: ये पारंपरिक और स्वदेशी खेलों का प्रदर्शन होंगे, जिनका उद्देश्य सांस्कृतिक आदान-प्रदान करना है।