प्रसिद्ध अभिनेत्री प्रियांका चोपड़ा ने सुरक्षा जांच में समय बचाने और तनाव घटाने के लिए अपनी व्यक्तिगत तैयारी के रहस्य साझा किए। उनकी सलाह को एयरोस्पेस विशेषज्ञ ने व्यावहारिक बताया, जो यात्रियों को सुगम यात्रा में मदद करेगी।
बॉलीवुड की अंतरराष्ट्रीय सितारा प्रियांका चोपड़ा ने हाल ही में Condé Nast Traveller Middle East के साथ एक साक्षात्कार में बताया कि वह हवाई अड्डे पर सुरक्षा जांच को आसान बनाने के लिए कैसे तैयार रहती हैं। उनका मूल मंत्र है – ‘सब कुछ व्यवस्थित रखें और सुरक्षा प्रक्रिया के लिए पहले से तैयार रहें’। यह सरल लेकिन प्रभावी उपाय न केवल व्यक्तिगत तनाव को घटाता है, बल्कि पूरे हवाई अड्डे की कार्यक्षमता को भी बढ़ाता है।
प्रियांका की प्रमुख टिप्स
प्रियांका ने अपने अनुभव के आधार पर चार मुख्य बिंदु उजागर किए:
- इलेक्ट्रॉनिक्स को एक साथ रखें – लैपटॉप, टैबलेट और मोबाइल को एक ही ज़िप‑लॉक बैग में रखें, ताकि स्क्रीनिंग के दौरान उन्हें जल्दी निकाला जा सके।
- कागजात हाथ में रखें – पासपोर्ट, बोर्डिंग पास और पहचान पत्र को आसानी से पहुँच में रखें, जिससे लाइन में खड़े यात्रियों को इंतजार नहीं करना पड़े।
- शूज़ हटाना न भूलें – सुरक्षा के चरण में जूते उतारने की प्रक्रिया को पहले से ही मन में रखें, ताकि दोबारा बुलाए जाने से बचा जा सके।
- सभी तरल पदार्थ 100 ml से कम रखें – छोटे ज़िप‑लॉक बैग में लिक्विड्स को व्यवस्थित करके, लिक्विड‑रूल का पालन आसानी से हो जाता है।
विशेषज्ञों की राय
एयर इंडिया के सेवानिवृत्त सीनियर AGM के. अनुराधा सुरेश ने प्रियांका की सलाह को “बहुत व्यावहारिक” कहा। उन्होंने बताया कि सुरक्षा में देरी अक्सर यात्रियों की तैयारी की कमी से होती है, न कि प्रक्रिया की जटिलता से। “दस्तावेज़ और इलेक्ट्रॉनिक्स को आसानी से उपलब्ध रखना न केवल व्यक्तिगत तनाव को घटाता है, बल्कि हवाई अड्डे की थ्रूपुट और सुरक्षा दक्षता को भी बढ़ाता है,” उन्होंने कहा।
नियमों की पुष्टि: सिविल एविएशन सुरक्षा ब्यूरो (BCAS)
भारत के सिविल एविएशन सुरक्षा ब्यूरो द्वारा जारी दिशानिर्देश भी प्रियांका की टिप्स के साथ मेल खाते हैं:
- एक चेक‑इन बैग और एक कैबिन बैग की अनुमति।
- लिक्विड, एरोसोल और जेल (LAG) को 100 ml से छोटे कंटेनर में रखकर 1‑क्वार्ट पारदर्शी प्लास्टिक बैग में पैक करना अनिवार्य है।
- डोमेस्टिक उड़ानों के लिए 2 घंटे, अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के लिए 3‑4 घंटे पहले पहुंचना आवश्यक है।
- पहचान सत्यापन, शारीरिक तलाशी और X‑रे स्क्रीनिंग की कड़ाई से पालना किया जाता है।
इन नियमों को ध्यान में रखते हुए, प्रियांका की ‘ऑर्गनाइज़्ड’ यात्रा रणनीति न केवल व्यक्तिगत सुविधा बल्कि राष्ट्रीय सुरक्षा मानकों के अनुरूप भी है। यात्रियों को सलाह दी जाती है कि वे इन सरल कदमों को अपनाकर हवाई यात्रा को तनाव‑मुक्त बनाएं।