श्री डी.के. शिवाकुमार ने ‘सुरक्षित पथ’ अभियान के तहत प्रमुख सड़कों से व्यापारियों को हटाकर उन्हें निर्दिष्ट वेंडिंग ज़ोन में पुनःस्थापित करने का आश्वासन दिया। 37,000 से अधिक व्यापारियों ने वेंडिंग कैरट के लिए आवेदन किया है और सरकार ₹50‑60 करोड़ का अनुदान देने का वादा करती है।
बेंगलुरु की ‘सुरक्षित पथ’ पहल ने शहर के प्रमुख सड़कों पर तात्कालिक ढंग से व्यावसायिक अवरोधों को हटाने का कार्य शुरू किया है। मुख्यमंत्री डॉ. डी.के. शिवाकुमार ने गुरुवार को स्पष्ट किया कि यह अभियान व्यापारियों को हटाने के लिए नहीं, बल्कि उन्हें नियोजित वेंडिंग ज़ोन में पुनःस्थापित करने के लिए है। यह निर्णय विपक्षी दलों के विधायकों के साथ परामर्श के बाद और सुप्रीम कोर्ट के निर्णय को ध्यान में रखकर लिया गया है।
वेंडिंग कैरट और मशीनों के लिए आवेदन
विकास मंत्री कृष्णा बायरे गोवड़ा ने बताया कि लगभग 37,000 व्यापारियों ने वेंडिंग कैरट के लिए और 60,000 लोगों ने वेंडिंग मशीनों के लिए आवेदन किया है। सरकार को ₹50‑60 करोड़ का बजट उपलब्ध है, और जरूरतमंदों को सब्सिडी भी दी जाएगी।
पथ सफाई की प्रगति
पहले दिन के बाद, पूर्वी नगर निगम ने 8.8 किमी पथ साफ किए, जबकि केंद्रीय नगर निगम ने 8.55 किमी पर 11 सड़कों से अवरोध हटाए। उत्तरी नगर निगम ने 12.7 किमी पथ से 25 दुकानें, 124 पुशकार्ट, 59 कैनोपी और 130 अनधिकृत विज्ञापन बोर्ड हटाए, साथ ही 18 टन कचरा भी साफ किया।
अतिरिक्त अभियान
विकास मंत्री ने 10 जुलाई से 15 जुलाई तक सड़क किनारे पड़े परित्यक्त वाहनों को हटाने के लिए एक शहरव्यापी अभियान शुरू करने का निर्देश दिया है। इसके बाद 15 जुलाई से निर्माण मलबे और घनी हरियाली को साफ करने का दूसरा अभियान होगा।
सामाजिक और आर्थिक प्रभाव
यह नीति गली-गली व्यापारियों के लिए एक संतुलित समाधान प्रस्तुत करती है, जिससे शहरी यातायात और पैदल चालकों की सुरक्षा सुनिश्चित होती है। साथ ही, नियोजित वेंडिंग ज़ोन में व्यापारियों को स्थिरता और बेहतर आय के अवसर मिलेंगे।
इस कदम से बेंगलुरु के शहरी नियोजन में एक नया अध्याय जुड़ रहा है, जहां सार्वजनिक हित और छोटे उद्यमियों के बीच संतुलन बना रहता है।