भारतीय डाइट में सत्तू सदियों से शामिल है, लेकिन व्हे प्रोटीन मसल रिकवरी के लिए जाना जाता है। डॉक्टरों की राय में क्या अंतर है?

भारतीय डाइट में सत्तू सदियों से शामिल है, लेकिन व्हे प्रोटीन मसल रिकवरी के लिए जाना जाता है। डॉक्टरों की राय में क्या अंतर है? सत्तू और व्हे प्रोटीन दोनों के अपने फायदे और नुकसान हैं। सत्तू में प्रोटीन के अलावा फाइबर भी होता है, जो पेट को देर तक भरा रखता है। वहीं, व्हे प्रोटीन में फाइबर कम होता है, जिससे यह तेजी से पचता है। पोषण के मामले में सत्तू आयरन और मैग्नीशियम का बेहतरीन सोर्स है, जबकि व्हे प्रोटीन का एकमात्र उद्देश्य प्रोटीन देना है। खर्च के मामले में सत्तू बहुत सस्ता है, जबकि व्हे प्रोटीन काफी महंगा है। क्या आपका गोल बिना अतिरिक्त कैलोरी के प्रोटीन लेना है तो व्हे प्रोटीन आपके लिए बेस्ट है, या यदि आप कैलोरी की चिंता नहीं करते और एक पौष्टिक डाइट चाहते हैं तो सत्तू एक अच्छा विकल्प है। डॉक्टरों की राय में क्या अंतर है? यह जानने के लिए पढ़ें इस आर्टिकल को पूरा。