दक्षिण तटीय रेलवे के महाप्रबंधक संदीप माथुर ने विशाखापट्टनम स्टेशन पर 'सारिका एआई' (Sarika AI) प्रणाली का निरीक्षण किया, जो यात्रियों को 9 भाषाओं में वास्तविक समय की जानकारी प्रदान करने में सक्षम है।
- विशाखापट्टनम स्टेशन पर 'सारिका एआई' (Sarika AI) नामक वॉयस-आधारित इंटरफेस का परीक्षण किया गया।
- यह प्रणाली 9 विभिन्न भाषाओं में ट्रेन शेड्यूल, प्लेटफॉर्म और अन्य सुविधाओं की जानकारी देती है।
- दूसरे चरण में इस एआई टूल को आधिकारिक 'RailOne' मोबाइल ऐप में एकीकृत किया जाएगा।
दक्षिण तटीय रेलवे (SCoR) के महाप्रबंधक संदीप माथुर ने सोमवार को मंडल रेल प्रबंधक ललित बोहरा और वरिष्ठ क्षेत्रीय अधिकारियों के साथ विशाखापट्टनम रेलवे स्टेशन का व्यापक निरीक्षण किया। इस दौरे का मुख्य उद्देश्य यात्री सुविधाओं का मूल्यांकन करना और स्टेशन पर यात्रियों के अनुभव को बेहतर बनाने के लिए उठाए जा रहे कदमों की समीक्षा करना था।
निरीक्षण के दौरान सबसे महत्वपूर्ण आकर्षण 'सारिका एआई' (Sarika AI) यात्री सहायता प्रणाली का लाइव प्रदर्शन रहा। यह एक प्रोटोटाइप वॉयस-आधारित इंटरफेस है, जिसे विशेष रूप से यात्रियों की समस्याओं के त्वरित समाधान और जानकारी प्रदान करने के लिए विकसित किया गया है। यह प्रणाली वर्तमान में स्टेशन पर परीक्षण के दौर से गुजर रही है।
इस अत्याधुनिक प्रणाली का विकास सेंटर फॉर रेलवे इंफॉर्मेशन सिस्टम्स (CRIS), निंजा मीडिया एआई एड टेक प्राइवेट लिमिटेड और विशाखापट्टनम मंडल के वाणिज्यिक विभाग द्वारा संयुक्त रूप से किया गया है। सारिका एआई की सबसे बड़ी विशेषता इसकी बहुभाषी क्षमता है, जो 9 अलग-अलग भाषाओं में प्राकृतिक संवाद कर सकती है।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि भारतीय रेलवे अब केवल बुनियादी ढांचे के विस्तार से आगे बढ़कर 'स्मार्ट स्टेशन' की अवधारणा की ओर बढ़ रहा है। एआई का यह एकीकरण न केवल मानवीय हस्तक्षेप को कम करेगा, बल्कि भाषा की बाधा को समाप्त कर यात्रियों के लिए यात्रा को अधिक सुलभ बनाएगा। यह डिजिटल इंडिया विजन की दिशा में एक बड़ा कदम है।
यह प्रणाली यात्रियों को ट्रेनों के समय, प्लेटफॉर्म आवंटन, देरी के अपडेट और कोच की स्थिति के बारे में रीयल-टाइम जानकारी प्रदान करती है। इसके अलावा, यह यात्रियों को बुकिंग काउंटर, वेटिंग हॉल, क्लॉक रूम, फूड कोर्ट और चिकित्सा सहायता जैसे आवश्यक केंद्रों तक पहुंचने का मार्गदर्शन भी करती है। इसे स्टेशन परिसर में ह्यूमनॉइड (मानव रूपी) और कियोस्क दोनों रूपों में तैनात किया गया है।
"रेलवे स्टेशनों पर एआई का कार्यान्वयन यात्री अनुभव में क्रांतिकारी बदलाव लाएगा, जिससे भीड़ प्रबंधन और सूचना प्रसार अधिक सटीक होगा।"
महाप्रबंधक संदीप माथुर ने प्रदर्शन के बाद सिस्टम को और अधिक उपयोगकर्ता-अनुकूल बनाने के लिए कुछ महत्वपूर्ण सुझाव दिए। परियोजना का पहला चरण वर्तमान में फील्ड प्रदर्शन और सिस्टम टेस्टिंग पर केंद्रित है। इसके बाद, दूसरे चरण में इस टूल को सीधे आधिकारिक RailOne मोबाइल एप्लिकेशन में जोड़ा जाएगा, जिससे यात्री अपने फोन के जरिए भी इस सुविधा का लाभ उठा सकेंगे।
Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: सारिका एआई (Sarika AI) क्या है?
उत्तर: यह एक वॉयस-आधारित एआई सिस्टम है जो यात्रियों को 9 भाषाओं में ट्रेन और स्टेशन संबंधी जानकारी प्रदान करता है।
प्रश्न 2: यह प्रणाली किन-किन रूपों में उपलब्ध है?
उत्तर: यह स्टेशन पर ह्यूमनॉइड रोबोट और डिजिटल कियोस्क दोनों रूपों में उपलब्ध है।