Xiaomi ने घोषणा की है कि अब उसकी वारंटी एवं बैटरी सुरक्षा सेवाएँ केवल नई डिवाइस तक सीमित रहेंगी, सेकेंड‑हैंड फ़ोन इस मदद से बाहर होंगे।

  • वारंटी केवल नई फ़ोन के लिए उपलब्ध
  • बैटरी सुरक्षा सेवा सेकेंड‑हैंड डिवाइस पर लागू नहीं
  • सेकेंड‑हैंड बाजार पर संभावित असर

चीन स्थित स्मार्टफ़ोन निर्माता Xiaomi ने आधिकारिक रूप से कहा है कि अब उसकी वारंटी और बैटरी संरक्षण सेवाएँ सेकेंड‑हैंड फ़ोन पर लागू नहीं होंगी। यह नीति 1 सितंबर से प्रभावी होगी और केवल मूल खरीदारी के बाद के नए डिवाइस को ही कवर करेगी।

कंपनी के बयान के अनुसार, सेकेंड‑हैंड डिवाइस की तकनीकी स्थिति का सही‑सही मूल्यांकन करना कठिन है, इसलिए संभावित दुरुपयोग और असमान सेवा प्रदान करने से बचने के लिए यह कदम उठाया गया है।

उपभोक्ताओं ने इस निर्णय पर मिश्रित प्रतिक्रियाएँ व्यक्त की हैं। कुछ उपयोगकर्ता इसे ईमानदार नीति मानते हैं, जबकि कई सेकेंड‑हैंड बाजार में कीमत और भरोसे को लेकर चिंतित हैं।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि के तौर पर, Xiaomi ने पहले भी अपने वारंटी दायरे को सीमित किया है, विशेषकर विभिन्न देशों में आयातित मॉडल के लिए। 2018 में कंपनी ने कुछ यूरोपीय बाजारों में बैटरी बदलने की सेवा को शुल्क आधारित किया था, जिससे समान बहस छिड़ गई थी।

Why This Matters

BozokMedia analysis shows that restricting warranty to brand‑new phones could reshape the resale ecosystem in India and Southeast Asia, where second‑hand smartphones account for over 30 % of total sales.

"सेकेंड‑हैंड फ़ोन पर वारंटी न देना, पुनः उपयोग को कम कर सकता है और इलेक्ट्रॉनिक कचरे को बढ़ा सकता है," कहते हैं तकनीकी विश्लेषक अंजलि सिंह।
Did You Know?: विश्व में लगभग 50 % सेकेंड‑हैंड फ़ोन 2022 में बेचे गए, और उनका औसत आयु 2.5 वर्ष है।

Frequently Asked Questions

प्रश्न 1: क्या मैं अभी खरीदा गया सेकेंड‑हैंड फ़ोन वारंटी के लिए पंजीकृत करवा सकता हूँ?

उत्तर: नहीं, नई डिवाइस ही वारंटी के पात्र हैं; सेकेंड‑हैंड डिवाइस को कोई कवरेज नहीं मिलेगा।

प्रश्न 2: यह नीति भारत में लागू होगी या केवल कुछ देशों में?

उत्तर: कंपनी ने इस नीति को सभी बाजारों में लागू करने की योजना बताई है, जिसमें भारत भी शामिल है।