WhatsApp ने अपने उपयोगकर्ताओं की सुरक्षा बढ़ाने के लिए टू-स्टेप वेरिफिकेशन और पासकी (passkey) सुविधाओं में महत्वपूर्ण सुधार किए हैं, जिससे अकाउंट हैकिंग का खतरा कम हो जाएगा।

  • अब 6-अंकों के PIN के बजाय लंबे अल्फ़ान्यूमेरिक पासवर्ड का विकल्प मिलेगा।
  • उपयोगकर्ता अब एक से अधिक पासकी (Passkeys) जोड़ सकेंगे।
  • अज्ञात नंबरों से कॉल आने पर अधिक जानकारी और संदर्भ दिखाई देगा।

मेटा के स्वामित्व वाले मैसेजिंग प्लेटफॉर्म WhatsApp ने मंगलवार को अपने सुरक्षा ढांचे को और अधिक अभेद्य बनाने के लिए नए फीचर्स की घोषणा की है। इन अपडेट्स का मुख्य उद्देश्य बढ़ते फिशिंग और हैकिंग हमलों के खिलाफ उपयोगकर्ताओं को एक मजबूत सुरक्षा कवच प्रदान करना है।

टू-स्टेप वेरिफिकेशन में क्रांतिकारी बदलाव

अब तक, WhatsApp का टू-स्टेप वेरिफिकेशन केवल एक 6-अंकों के PIN पर निर्भर था। हालांकि यह सुरक्षा की एक अतिरिक्त परत प्रदान करता था, लेकिन इसे गेस करना (अनुमान लगाना) संभव था। नए अपडेट के साथ, उपयोगकर्ता अब विशेष वर्णों (special characters) के साथ एक लंबा अल्फ़ान्यूमेरिक पासवर्ड चुन सकते हैं। यह बदलाव सुरक्षा के स्तर को कई गुना बढ़ा देता है, क्योंकि जटिल पासवर्ड को क्रैक करना हमलावरों के लिए लगभग असंभव हो जाता है।

पासकी (Passkeys) का विस्तार

WhatsApp ने 2024 में पासकी का समर्थन शुरू किया था, जो बायोमेट्रिक डेटा जैसे Face ID या फिंगरप्रिंट का उपयोग करते हैं। अब, उपयोगकर्ता अपने खाते में एक से अधिक पासकी जोड़ सकते हैं। यह विशेष रूप से उन लोगों के लिए उपयोगी है जो एक साथ iOS और Android दोनों उपकरणों का उपयोग करते हैं। पासकी पारंपरिक पासवर्ड की तुलना में कहीं अधिक सुरक्षित हैं क्योंकि इनके लिए हमलावर को उपयोगकर्ता के भौतिक डिवाइस तक पहुंच की आवश्यकता होती है।

मजबूत प्रमाणीकरण विधियां डिजिटल युग में व्यक्तिगत डेटा की सुरक्षा के लिए अनिवार्य हैं।

अज्ञात कॉल पर अधिक पारदर्शिता

Android उपयोगकर्ताओं के लिए एक अन्य महत्वपूर्ण अपडेट कॉल सुरक्षा से संबंधित है। अब, यदि कोई अज्ञात नंबर से कॉल करता है, तो WhatsApp अतिरिक्त संदर्भ प्रदान करेगा। इसमें यह जानकारी शामिल होगी कि नंबर किस देश से है और क्या आपका उस कॉलर के साथ कोई साझा ग्रुप है। यह फीचर अनचाहे स्पैम और धोखाधड़ी वाले कॉल को पहचानने में मदद करेगा।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि जैसे-जैसे साइबर अपराध अधिक परिष्कृत हो रहे हैं, मैसेजिंग ऐप्स को केवल एन्क्रिप्शन पर निर्भर रहने के बजाय उपयोगकर्ता प्रमाणीकरण (User Authentication) को भी मजबूत करना होगा। WhatsApp का यह कदम Signal और Telegram जैसे प्रतिस्पर्धियों के साथ सुरक्षा की दौड़ में उसे आगे रखता है।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

WhatsApp ने पिछले कुछ महीनों में सुरक्षा और गोपनीयता पर ध्यान केंद्रित किया है। जून के अंत में 'यूजरनेम' फीचर पेश किया गया था ताकि फोन नंबर साझा किए बिना प्रोफाइल साझा की जा सके, और मई में 'WhatsApp Plus' जैसे सब्सक्रिप्शन मॉडल पेश किए गए।

Did You Know?: पासकी (Passkeys) पासवर्ड की तुलना में फिशिंग हमलों के प्रति लगभग अभेद्य हैं क्योंकि वे डिवाइस-विशिष्ट होते हैं।

Frequently Asked Questions

1. क्या नया अल्फ़ान्यूमेरिक पासवर्ड अनिवार्य है?
नहीं, यह एक वैकल्पिक फीचर है जिसे उपयोगकर्ता अपनी सुरक्षा बढ़ाने के लिए चुन सकते हैं।

2. क्या पासकी का उपयोग करने के लिए फोन में बायोमेट्रिक्स होना जरूरी है?
हाँ, पासकी का लाभ उठाने के लिए आपके डिवाइस में फिंगरप्रिंट या फेस आईडी की सुविधा होनी चाहिए।