इजरायली रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज़ ने हिजबुल्लाह को चेतावनी दी है कि वे किसी भी मोर्चे पर हिसाब बराबर करेंगे। दक्षिणी लेबनान में हुए हालिया हमलों में हिजबुल्लाह के एक वरिष्ठ कमांडर सहित कई नागरिकों की मौत हो गई है।
मुख्य बातें
- इजरायल ने हिजबुल्लाह के वरिष्ठ कमांडर अबू हसन अला के मारे जाने की पुष्टि की है।
- दक्षिणी लेबनान में हुए हमलों में 11 लोगों की मौत हुई, जिनमें बच्चे भी शामिल हैं।
- इजरायल का दावा है कि यह हमला हिजबुल्लाह के ड्रोन हमलों का जवाब था।
- हिजबुल्लाह ने इजरायल पर नागरिकों को जानबूझकर निशाना बनाने का आरोप लगाया है।
इजरायल ने रविवार को स्पष्ट कर दिया है कि यदि उसे फिर से खतरा महसूस हुआ, तो वह हिजबुल्लाह के खिलाफ आक्रामक कार्रवाई जारी रखेगा। इजरायली रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज़ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर कड़ा संदेश देते हुए कहा, "किसी भी मोर्चे पर कोई भी हिसाब अधूरा नहीं छोड़ा जाएगा। हम अपने सैनिकों और नागरिकों की पूरी शक्ति के साथ रक्षा करेंगेों।"
हालिया सैन्य कार्रवाई में इजरायल ने हिजबुल्लाह की 'बद्र यूनिट' के एक वरिष्ठ कमांडर, अबू हसन अला, को निशाना बनाया। इजरायली सेना के अनुसार, अला उन ड्रोन हमलों में शामिल थे जिन्होंने दक्षिणी लेबनान के सुरक्षा क्षेत्र में इजरायली सैनिकों को घायल कर दिया था। इससे पहले, इजरायल ने हिजबुल्लाह की विशिष्ट 'रदवान फोर्स' के कमांडर अली समीर अल-हाज हसन की मौत की भी पुष्टि की थी।
यह क्यों महत्वपूर्ण है
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि जून में हुए संघर्ष विराम समझौते के बावजूद, दोनों पक्षों के बीच तनाव चरम पर है। लेबनान में हमलों के कारण नागरिक हताहतों की संख्या बढ़ रही है, जो अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून के तहत एक गंभीर चिंता का विषय है।
"नागरिकों और बच्चों को इस संघर्ष की भारी कीमत चुकानी पड़ रही है, जो अंतरराष्ट्रीय कानूनों का उल्लंघन है।" - संयुक्त राष्ट्र मानवीय समन्वयक।
लेबनानी अधिकारियों और स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, इन हमलों में 11 लोगों की जान गई है, जिनमें तीन बच्चे और दो महिलाएं शामिल हैं। लेबनानी राष्ट्रपति जोसेफ औन ने इन हमलों की कड़ी निंदा की है। दूसरी ओर, प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के कार्यालय ने आरोप लगाया है कि हिजबुल्लाह जानबूझकर नागरिकों को ढाल के रूप में इस्तेमाल कर रहा है।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
लेबनान और इजरायल के बीच संघर्ष की जड़ें गहरी हैं। मार्च में ईरान के समर्थन में हिजबुल्लाह द्वारा रॉकेट दागने के बाद क्षेत्रीय युद्ध की स्थिति पैदा हो गई थी। हालांकि एक अमेरिकी मध्यस्थता वाले समझौते के तहत लेबनानी सेना को दक्षिणी क्षेत्रों की सुरक्षा संभालने की बात कही गई थी, लेकिन हिजबुल्लाह ने निशस्त्रीकरण से इनकार कर दिया है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
प्रश्न 1: इजरायल ने इन हमलों को क्यों अंजाम दिया?
उत्तर: इजरायल का कहना है कि यह हिजबुल्लाह द्वारा इजरायली सैनिकों पर किए गए ड्रोन हमलों का जवाबी कार्रवाई था।
प्रश्न 2: लेबनान में नागरिक हताहतों की स्थिति क्या है?
उत्तर: लेबनानी स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, हालिया हमलों में बच्चों और महिलाओं सहित कई नागरिकों की मृत्यु हुई है।