अनामालई टाइगर रिजर्व के तहत सिरुमगुई वन क्षेत्र में बाघों और अन्य वन्यजीवों की गतिविधियों पर नज़र रखने के लिए अत्याधुनिक कैमरा ट्रैप स्थापित किए गए हैं। यह कदम अखिल भारतीय बाघ अनुमान 2026 के तीसरे चरण का हिस्सा है।

मुख्य बातें

  • अखिल भारतीय बाघ अनुमान 2026 के तीसरे चरण के तहत कार्रवाई शुरू।
  • सिरुमगुई वन रेंज में बाघों की मौजूदगी दर्ज करने के लिए कैमरा ट्रैप लगाए गए।
  • वन अधिकारी टी. दिनेश इस पूरी प्रक्रिया की देखरेख कर रहे हैं।

कोयंबटूर वन मंडल के अंतर्गत आने वाले अनामालई टाइगर रिजर्व के सिरुमगुई वन क्षेत्र में शनिवार को एक महत्वपूर्ण वन्यजीव सर्वेक्षण अभियान की शुरुआत हुई। 'अखिल भारतीय बाघ अनुमान 2026' के तीसरे चरण के हिस्से के रूप में, वन विभाग ने बाघों और अन्य महत्वपूर्ण वन्यजीवों की निगरानी के लिए वन क्षेत्र में अत्याधुनिक कैमरा ट्रैप स्थापित करना शुरू कर दिया है।

सिरुमगुई वन रेंज अधिकारी टी. दिनेश की देखरेख में यह अभियान चलाया जा रहा है। वन विभाग ने पहले ही कुछ चिन्हित स्थानों की पहचान कर ली है, जहाँ ये स्वचालित कैमरे लगाए जा रहे हैं। ये कैमरे न केवल बाघों की उपस्थिति दर्ज करेंगे, बल्कि उनके आवागमन के पैटर्न और व्यवहार का भी सटीक डेटा प्रदान करेंगे।

यह क्यों महत्वपूर्ण है?

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि वन्यजीवों की सटीक गणना के लिए कैमरा ट्रैप तकनीक सबसे विश्वसनीय माध्यम है। यह मानव हस्तक्षेप के बिना वन्यजीवों के प्राकृतिक व्यवहार को रिकॉर्ड करने में मदद करता है। सिरुमगुई जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में यह डेटा भविष्य की संरक्षण रणनीतियों और बाघों के गलियारों (corridors) की सुरक्षा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण होगा।

वन्यजीव विशेषज्ञों के अनुसार, कैमरा ट्रैप डेटा बाघों की जनसंख्या वृद्धि और उनके आवास की गुणवत्ता का आकलन करने का सबसे प्रभावी तरीका है।

यह सर्वेक्षण न केवल बाघों के लिए, बल्कि जंगल में रहने वाले अन्य लुप्तप्राय प्रजातियों के संरक्षण के लिए भी एक मील का पत्थर साबित होगा। कैमरा ट्रैप से प्राप्त तस्वीरों का उपयोग करके वन अधिकारी वन्यजीवों की संख्या का वैज्ञानिक अनुमान लगाएंगे।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

भारत में बाघों की गणना के लिए समय-समय पर 'अखिल भारतीय बाघ अनुमान' आयोजित किया जाता रहा है। यह प्रक्रिया देश के पारिस्थितिक तंत्र को बनाए रखने और बाघों के संरक्षण के लिए वैश्विक स्तर पर भारत की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।

क्या आप जानते हैं?: कैमरा ट्रैप 'मोशन सेंसर' तकनीक का उपयोग करते हैं, जो गर्मी और गति का पता चलते ही स्वचालित रूप से फोटो या वीडियो खींच लेते हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

1. कैमरा ट्रैप क्या है?
यह एक स्वचालित उपकरण है जो जंगल में जानवरों की गति महसूस होने पर उनकी तस्वीर खींच लेता है।

2. इस सर्वेक्षण का मुख्य उद्देश्य क्या है?
इसका मुख्य उद्देश्य बाघों की वर्तमान संख्या और उनके प्रवास के रास्तों का सटीक डेटा प्राप्त करना है।