तमिलनाडु सरकार ने राज्य में भूजल स्तर सुधारने और बाढ़ के पानी को रोकने के लिए ₹206.75 करोड़ की लागत से 27 चेक डैम बनाने की घोषणा की है। जल संसाधन मंत्री एन. आनंद ने विधानसभा में इस व्यापक योजना का विवरण प्रस्तुत किया।
- ₹206.75 करोड़ की लागत से 13 जिलों में 27 चेक डैम बनाए जाएंगे।
- भूजल पुनर्भरण के लिए 35 जिलों में 1,628 कृत्रिम संरचनाएं स्थापित की जाएंगी।
- चेन्नई के अडयार नदी क्षेत्र में बाढ़ सुरक्षा दीवारों के लिए ₹218.29 करोड़ आवंटित।
- ग्रामीण बुनियादी ढांचे के विकास के लिए ₹1,634 करोड़ की सड़क परियोजनाओं की घोषणा।
तमिलनाडु के जल संसाधन विभाग (WRD) ने राज्य में जल प्रबंधन की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए 13 जिलों में 27 चेक डैम के निर्माण की घोषणा की है। विधानसभा में बोलते हुए, ग्रामीण विकास और जल संसाधन मंत्री एन. आनंद ने बताया कि इस परियोजना पर ₹206.75 करोड़ खर्च किए जाएंगे, जिसका मुख्य उद्देश्य बाढ़ के पानी को संरक्षित करना और भूजल स्तर को बढ़ाना है।
इस योजना के तहत, करूर जिले के मेलपलायम गांव के पास अमरावती नदी पर एक महत्वपूर्ण चेक डैम बनाया जाएगा। इसके अतिरिक्त, मदुरै जैसे जिलों में नदी के तल के कटाव को रोकने और भूजल पुनर्भरण की सुविधा प्रदान करने के लिए ₹31.50 करोड़ की लागत से दो बेड डैम का निर्माण किया जाएगा।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि तमिलनाडु जैसे राज्य के लिए, जो मौसमी बाढ़ और सूखे दोनों का सामना करता है, यह निवेश अत्यंत महत्वपूर्ण है। चेक डैम न केवल बाढ़ के विनाशकारी प्रभाव को कम करते हैं, बल्कि कृषि के लिए आवश्यक जल संचयन को भी सुनिश्चित करते हैं।
जल संरक्षण के लिए बुनियादी ढांचे में यह निवेश भविष्य के जलवायु संकटों से निपटने की दिशा में एक निर्णायक कदम है।
मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि सिंचाई के लिए मेट्टूर बांध से पानी छोड़ने का निर्णय जल्द ही लिया जाएगा, क्योंकि विभाग वर्तमान जल भंडारण की बारीकी से निगरानी कर रहा है। इसके अलावा, मौजूदा सिंचाई बुनियादी ढांचे के नवीनीकरण और मरम्मत के लिए ₹695.42 करोड़ का बजट आवंटित किया गया है, जो तिरुचि सहित 30 जिलों में लागू किया जाएगा।
जल प्रबंधन और बुनियादी ढांचा तुलना
| परियोजना का प्रकार | लागत (अनुमानित) | प्रमुख लक्ष्य |
|---|---|---|
| चेक डैम निर्माण | ₹206.75 करोड़ | बाढ़ जल संरक्षण और भूजल वृद्धि |
| जल निकाय मरम्मत | ₹695.42 करोड़ | मौजूदा सिंचाई ढांचे का नवीनीकरण |
| बाढ़ सुरक्षा दीवारें | ₹218.29 करोड़ | चेन्नई और अन्य 19 जिलों में आपदा प्रबंधन |
ग्रामीण विकास के क्षेत्र में भी बड़े बदलाव देखने को मिलेंगे। मंत्री ने 3,200 किमी लंबी ग्रामीण सड़कों के सुधार के लिए ₹1,634 करोड़ की घोषणा की। साथ ही, ग्रामीण क्षेत्रों में जल संसाधनों को बेहतर बनाने के लिए 10,000 नए स्थानों पर तालाब बनाए जाएंगे, जिसके लिए ₹650 करोड़ का प्रावधान है।
Frequently Asked Questions
1. चेक डैम बनाने का मुख्य उद्देश्य क्या है?
इसका मुख्य उद्देश्य बाढ़ के पानी को रोकना, मिट्टी के कटाव को कम करना और भूजल स्तर को रिचार्ज करना है।
2. चेन्नई में बाढ़ से निपटने के लिए क्या किया जा रहा है?
चेन्नई में अडयार नदी के पास ₹25 करोड़ की लागत से बाढ़ सुरक्षा दीवारें बनाई जा रही हैं।