केरल के कोझिकोड में भारी बारिश के कारण स्थिति गंभीर हो गई है। प्रमुख नदियाँ उफान पर हैं और प्रशासन ने येलो अलर्ट जारी करते हुए स्कूलों को बंद कर दिया है।
मुख्य बातें
- कोझिकोड के लिए IMD द्वारा येलो अलर्ट जारी किया गया है।
- भारी बारिश के कारण स्कूलों में छुट्टी घोषित, ऑनलाइन कक्षाएं जारी रहेंगी।
- एक दो साल के मासूम बच्चे की जलभराव के कारण मौत हो गई है।
- काक्कयम बांध के शटर खोले जाने के बाद नदी किनारे रहने वालों को चेतावनी।
केरल के कोझिकोड जिले में मानसून का रौद्र रूप देखने को मिल रहा है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने सोमवार को जिले में भारी बारिश की संभावना को देखते हुए येलो अलर्ट जारी किया है। लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण जिले के कई हिस्सों, विशेषकर ऊंचाई वाले क्षेत्रों में जलभराव की समस्या पैदा हो गई है।
प्रशासन ने एहतियात के तौर पर जिले के सभी शैक्षणिक संस्थानों को बंद रखने का निर्णय लिया है, हालांकि छात्र ऑनलाइन कक्षाओं के माध्यम से पढ़ाई जारी रखेंगे। काक्कयम बांध के शटर खोले जाने के बाद कुट्टीयाडी नदी के किनारे रहने वाले निवासियों के लिए उच्च अलर्ट जारी किया गया है। वर्तमान में, वडाकारा, थामरसेरी, कोयिलंदी और कोझिकोड तालुकों में स्थापित 30 राहत शिविरों में 161 परिवारों के लगभग 490 लोग शरण लिए हुए हैं।
क्यों यह महत्वपूर्ण है
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि कोझिकोड में बढ़ता जलस्तर और नदियों का उफान न केवल बुनियादी ढांचे के लिए खतरा है, बल्कि यह जनजीवन को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर रहा है। पुन्नूर और इरुवाझिंजी जैसी प्रमुख नदियाँ खतरे के निशान के करीब हैं, जिससे बाढ़ का खतरा बढ़ गया है।
लगातार हो रही बारिश और बांधों से पानी छोड़े जाने के कारण नदी तटीय क्षेत्रों में तत्काल निकासी की आवश्यकता है।
इस आपदा में एक हृदयविदारक घटना भी सामने आई है। कन्नानकाडाव के निवासी नौशाद के दो वर्षीय पुत्र, मासिन, की मृत्यु हो गई। शनिवार को घर के आंगन में अचानक आए पानी में गिरने के कारण वह गंभीर रूप से घायल हो गया था। अस्पताल में इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
केरल का तटीय क्षेत्र मानसून के दौरान अक्सर गंभीर बाढ़ का सामना करता है। पिछले कुछ वर्षों में, जलवायु परिवर्तन के कारण बारिश के पैटर्न में बदलाव आया है, जिससे अचानक आने वाली बाढ़ (Flash Floods) की घटनाओं में वृद्धि हुई है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
प्रश्न 1: क्या कोझिकोड में स्कूल खुले हैं?
उत्तर: नहीं, भारी बारिश के कारण सभी शैक्षणिक संस्थान बंद हैं, लेकिन ऑनलाइन कक्षाएं चल रही हैं।
प्रश्न 2: राहत शिविर कहाँ बनाए गए हैं?
उत्तर: राहत शिविर वडाकारा, थामरसेरी, कोयिलंदी और कोझिकोड तालुकों में बनाए गए हैं।