अमेरिकी फेडरल रिजर्व की बैठक के बाद डॉलर में आई कमजोरी ने यूरो को जबरदस्त मजबूती दी है। EUR/USD जोड़ी अब 1.1500 के महत्वपूर्ण स्तर के ऊपर कारोबार कर रही है।

मुख्य बातें

  • फेडरल रिजर्व की बैठक के बाद अमेरिकी वास्तविक दरों (Real Rates) में गिरावट आई।
  • EUR/USD जोड़ी जुलाई में 1% से अधिक बढ़ी और 1.1500 के ऊपर पहुंच गई।
  • Danske Bank ने माना कि उनका डॉलर-पॉजिटिव रुख अब दबाव में है।
  • अगला लक्ष्य 1.1600-1.1665 के स्तर पर हो सकता है।

जुलाई के अंत में EUR/USD विनिमय दर 1.1530 के करीब बंद हुई। अमेरिकी फेडरल रिजर्व की बैठक के बाद डॉलर की बिकवाली ने यूरो को मजबूती प्रदान की, जिससे यह जोड़ी निर्णायक रूप से 1.1500 के स्तर के ऊपर निकल गई। जुलाई के दौरान इस जोड़ी में 1% से अधिक की वृद्धि देखी गई, जो जुलाई के निचले स्तर 1.1354 से उबरते हुए 1.1547 के उच्च स्तर तक पहुंच गई।

क्यों महत्वपूर्ण है यह बदलाव?

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि यह केवल यूरोपीय आर्थिक डेटा का परिणाम नहीं है। Danske Bank के अनुसार, मुख्य कारण फेडरल रिजर्व के बाद अमेरिकी वास्तविक दरों (US real rates) में आई गिरावट है। जब अमेरिकी यील्ड गिरी और मुद्रास्फीति की उम्मीदें बढ़ीं, तो डॉलर की पकड़ कमजोर हो गई।

अमेरिकी वास्तविक दरों में गिरावट ने डॉलर के सबसे मजबूत आधारों में से एक को कमजोर कर दिया है।

यह प्रभाव केवल यूरो तक सीमित नहीं रहा; स्वीडिश क्रोना, न्यूजीलैंड डॉलर और दक्षिण अफ्रीकी रैंड जैसी जोखिम-संवेदनशील मुद्राओं में भी इसी तरह की मजबूती देखी गई। हालांकि, Danske Bank ने चेतावनी दी है कि यदि फेड अपनी सख्त मौद्रिक नीति (tightening bias) पर कायम रहता है, तो डॉलर फिर से मजबूती हासिल कर सकता है।

तकनीकी विश्लेषण और भविष्य का अनुमान

तकनीकी रूप से, EUR/USD अब अपने 20-दिवसीय और 50-दिवसीय मूविंग एवरेज से ऊपर निकल गया है। यदि यह 1.1500 के स्तर को बनाए रखने में सफल रहता है, तो बाजार की नजर अब 1.1600-1.1665 के क्षेत्र पर होगी।

क्या आप जानते हैं?: मुद्रा बाजार में, 'Real Yield' का अर्थ है नाममात्र की ब्याज दर से मुद्रास्फीति को घटाकर प्राप्त की गई दर, जो निवेशकों के लिए वास्तविक रिटर्न दर्शाती है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

1. EUR/USD के बढ़ने का मुख्य कारण क्या है?
मुख्य कारण अमेरिकी फेडरल रिजर्व के बाद अमेरिकी वास्तविक दरों में आई गिरावट है, जिससे डॉलर कमजोर हुआ है।

2. अगला रेजिस्टेंस लेवल क्या है?
यदि यूरो 1.1500 के ऊपर बना रहता है, तो अगला महत्वपूर्ण स्तर 1.1600 से 1.1665 के बीच है।