भारत सरकार ने विदेशी फंडों के लिए आयकर छूट में भारी ढील और इलेक्ट्रॉनिक्स कॉन्ट्रैक्ट मैन्युफैक्चरिंग को 2040‑41 तक विस्तारित करने का मसौदा पेश किया है। यह कदम निवेशकों को आकर्षित करने और उद्योग को प्रतिस्पर्धी बनाने के उद्देश्य से लिया गया है।

मुख्य बिंदु

  • ऑफशोर फंडों के 13 में से 8 शर्तें हटा दी गईं
  • इलेक्ट्रॉनिक्स कॉन्ट्रैक्ट मैन्युफैक्चरिंग को 10 साल अतिरिक्त कर छूट
  • रॉ डाइमंड बिक्री पर 15 साल की नई कर छुट

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमन ने बजट 2026‑27 में ऑफशोर फंडों और इलेक्ट्रॉनिक्स कॉन्ट्रैक्ट मैन्युफैक्चरिंग के लिए व्यापक कर राहत का प्रस्ताव रखा। यह प्रस्ताव टैक्सेशन एंड अदर लॉज (संशोधन) बिल, 2026 के तहत संसद में लाने की तैयारी में है।

ऑफशोर फंडों के लिए अब 13 शर्तों में से केवल पाँच शर्तें बचेंगी, जैसे कि भारत में निवास न होना और भारतीय निवेशकों की हिस्सेदारी 5% से अधिक न होना। इससे विदेशी फंडों को भारत में अपने पोर्टफोलियो को विस्तार देने में आसानी होगी।

Why This Matters

BozokMedia analysis shows that aligning India’s fund‑management regime with global standards will likely boost inflows of foreign capital, strengthening the country’s balance of payments and creating new jobs in financial services.

इलेक्ट्रॉनिक्स कॉन्ट्रैक्ट मैन्युफैक्चरिंग को 2030‑31 की बजाय 2040‑41 तक कर छूट दी गई है, जिससे विदेशी उपकरण आपूर्तिकर्ता अधिक निवेश करेंगे और भारत के निर्माण क्षेत्र को तेज़ी मिलेगी।

"इन बदलावों से भारत की प्रतिस्पर्धात्मकता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी," टेजस देसाई, EY इंडिया के पार्टनर ने कहा।

डाटा सेंटर और रॉ डाइमंड क्षेत्रों के लिए भी नई कर छूट दी गई है, जिससे इन विशेष आर्थिक ज़ोन में विदेशी कंपनियों का प्रवेश प्रोत्साहित होगा।

क्या आप जानते हैं?: भारत का IFSC पहले ही कई विदेशी फंडों का पसंदीदा हब बन चुका है, और ये बदलाव उसे और भी आकर्षक बनाएंगे।

Frequently Asked Questions

प्रश्न 1: ऑफशोर फंडों को अब कौन‑सी शर्तें पूरी करनी होंगी?

उत्तर: केवल भारत में निवासी न होना, भारतीय निवेशकों की हिस्सेदारी 5% से कम रहना, और अप्रत्यक्ष रूप से भारत में कोई व्यवसाय नियंत्रित न करना।

प्रश्न 2: इलेक्ट्रॉनिक्स कॉन्ट्रैक्ट मैन्युफैक्चरिंग को कितनी अतिरिक्त कर छूट मिलेगी?

उत्तर: वर्तमान 5‑साल की छूट को 10 साल बढ़ाकर कुल 15 साल (2040‑41 तक) कर दिया गया है।