मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश की विशाल जनसंख्या को एक बड़ी आर्थिक शक्ति और 'डेमोग्राफिक डिविडेंड' करार दिया है। उन्होंने स्टार्टअप इकोसिस्टम को बढ़ावा देने के लिए करोड़ों रुपये के प्रोत्साहन राशि का वितरण भी किया।
- मुख्यमंत्री ने यूपी की 25 करोड़ से अधिक की जनसंख्या को 'डेमोग्राफिक डिविडेंड' बताया।
- 107 स्टार्टअप्स को ₹3.42 करोड़ से अधिक के प्रोत्साहन दिए गए।
- 9 इनक्यूबेटरों को ₹1.79 करोड़ की सहायता राशि वितरित की गई।
- यूपी में स्टार्टअप्स की संख्या 120 से बढ़कर 24,000 से अधिक हो गई है।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को लखनऊ के लोक भवन में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान राज्य की विशाल जनसंख्या के प्रति एक नया दृष्टिकोण प्रस्तुत किया। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की जनसंख्या कोई बोझ या चुनौती नहीं है, बल्कि यह राज्य के लिए एक अपार संभावना है। उन्होंने इसे एक 'डेमोग्राफिक डिविडेंड' (जनसांख्यिकीय लाभांश) के रूप में परिभाषित किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जब विदेशी प्रतिनिधिमंडल और राजदूत उत्तर प्रदेश की 25 करोड़ से अधिक की आबादी को देखकर इसे एक चुनौती मानते हैं, तो वे उन्हें स्पष्ट करते हैं कि जितनी बड़ी चुनौती होगी, उतनी ही बड़ी संभावना भी होगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि राज्य के पास दुनिया का सबसे प्रतिभाशाली और ऊर्जावान युवा कार्यबल है।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि उत्तर प्रदेश सरकार का ध्यान अब केवल बुनियादी ढांचे पर ही नहीं, बल्कि मानव पूंजी के मुद्रीकरण पर भी केंद्रित है। कौशल विकास (Skilling) के साथ जनसंख्या को जोड़कर, यूपी भारत के स्टार्टअप हब के रूप में उभरने की तैयारी कर रहा है।
'जनसंख्या को कौशल के साथ जोड़कर हम इसे एक वास्तविक आर्थिक शक्ति में बदल सकते हैं।'
इस अवसर पर, मुख्यमंत्री ने 'उत्तर प्रदेश स्टार्टअप पॉलिसी-2026' पुस्तिका का विमोचन किया और 'उत्तर प्रदेश स्टार्टअप मिशन' पोर्टल लॉन्च किया। उन्होंने स्टार्टअप्स को सशक्त बनाने के लिए 107 स्टार्टअप्स को ₹3.42 करोड़ और 9 इनक्यूबेटरों को ₹1.79 करोड़ के प्रोत्साहन चेक वितरित किए।
ऐतिहासिक तुलना: यूपी स्टार्टअप विकास
| विशेषता | 2017 से पहले | वर्तमान स्थिति (2026) |
|---|---|---|
| कुल स्टार्टअप्स | 120 | 24,000+ |
| यूनिकॉर्न की संख्या | नगण्य | 8 |
योगी आदित्यनाथ ने भारत के विकास की तुलना करते हुए कहा कि 2014 से पहले देश में केवल 500 स्टार्टअप थे, जो अब बढ़कर 2.5 लाख से अधिक हो गए हैं। उन्होंने यूपी के संदर्भ में कहा कि 2017 से पहले राज्य में केवल 120 स्टार्टअप थे, लेकिन 'डबल इंजन' सरकार की नीतियों के कारण अब यह संख्या 24,000 के पार पहुंच गई है, जिसमें 8 यूनिकॉर्न शामिल हैं।
Historical Background
उत्तर प्रदेश ऐतिहासिक रूप से कृषि आधारित अर्थव्यवस्था रहा है। हालांकि, पिछले कुछ वर्षों में राज्य ने औद्योगिक गलियारों और स्टार्टअप नीतियों के माध्यम से अपनी अर्थव्यवस्था के विविधीकरण पर जोर दिया है, जिससे युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा हो रहे हैं।
Frequently Asked Questions
1. उत्तर प्रदेश स्टार्टअप मिशन पोर्टल क्या है?
यह एक डिजिटल प्लेटफॉर्म है जिसे स्टार्टअप्स को सहायता, संसाधन और नीतिगत लाभ प्रदान करने के लिए लॉन्च किया गया है।
2. यूपी में कितने यूनिकॉर्न मौजूद हैं?
वर्तमान में उत्तर प्रदेश में 8 यूनिकॉर्न स्टार्टअप्स हैं।