दिल्ली पुलिस ने 1984 के अशोक कुमार हत्याकांड के मुख्य आरोपी नत्थू को 42 साल बाद उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार कर लिया है। चार दशकों तक फरार रहने वाला यह आरोपी अब कानून के शिकंजे में है।
- 1984 के अशोक कुमार हत्याकांड का आरोपी नत्थू 42 साल बाद गिरफ्तार।
- दिल्ली क्राइम ब्रांच ने उत्तर प्रदेश के हरदोई से आरोपी को दबोचा।
- हत्या का कारण पारिवारिक विवाद और कथित छेड़छाड़ बताया गया।
- आरोपी चार दशकों तक अपनी पहचान छिपाकर सब्जी मंडियों में काम करता रहा।
दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने एक ऐतिहासिक सफलता हासिल करते हुए 1984 के अशोक कुमार हत्याकांड के एक फरार आरोपी को चार दशकों के लंबे इंतजार के बाद गिरफ्तार कर लिया है। 65 वर्षीय आरोपी, जिसका नाम नत्थू उर्फ नत्थूलाल है, को उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले से पकड़ा गया है। यह गिरफ्तारी दिल्ली के सबसे पुराने और अनसुलझे मामलों में से एक के लिए एक निर्णायक मोड़ है।
मामले की पृष्ठभूमि
यह मामला 23 मई 1984 की रात का है, जब विकासपुरी के एक पार्क से अशोक कुमार का शव बरामद किया गया था। मृतक के शरीर पर चाकू के कई गहरे घाव थे। पुलिस जांच में सामने आया था कि इस हत्या में भभूति प्रसाद नामक व्यक्ति शामिल था, जिसे पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका था। हालांकि, नत्थू उस समय से ही फरार था और पुलिस की पकड़ से बाहर बना हुआ था।
कैसे पकड़ा गया अपराधी?
क्राइम ब्रांच की टीम ने इस पुराने मामले को फिर से खोला और कई महीनों तक पुराने रिकॉर्ड्स और फील्ड वेरिफिकेशन पर काम किया। पुलिस अधिकारियों ने सीतापुर और हरदोई जिलों में गहन जांच की। अंततः, हरदोई के पाली इलाके में सूचना मिली कि नत्थू अपने गांव के आसपास देखा गया है। 18 अगस्त को, जब वह अपने गांव से फर्रुखाबाद की ओर जा रहा था, तब पुलिस ने उसे घेराबंदी कर गिरफ्तार कर लिया।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि यह गिरफ्तारी कानून प्रवर्तन एजेंसियों की दृढ़ता का प्रमाण है। इतने लंबे समय के बाद भी किसी अपराधी को ट्रैक करना तकनीक और पारंपरिक जांच के सफल समन्वय को दर्शाता है। यह मामला यह भी रेखांकित करता है कि समय बीतने के बावजूद न्याय की प्रक्रिया रुकती नहीं है।
न्याय में देरी हो सकती है, लेकिन कानून की पहुंच से कोई भी अपराधी सदा के लिए बच नहीं सकता।
पुलिस के अनुसार, हत्या का मुख्य कारण एक विवाद था। कथित तौर पर, मृतक अशोक कुमार ने आरोपी भभूति प्रसाद की पत्नी के प्रति अनुचित व्यवहार किया था, जिसके बाद नत्थू और प्रसाद ने मिलकर शराब पीने के बाद इस हत्या को अंजाम दिया। फरार रहने के दौरान, नत्थू ने उत्तर प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में सब्जी मंडियों में काम करके अपनी पहचान छिपाई और कभी शादी नहीं की।
Frequently Asked Questions
1. नत्थू को कहाँ से गिरफ्तार किया गया?
नत्थू को उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले से गिरफ्तार किया गया है।
2. यह मामला कितना पुराना है?
यह हत्या का मामला 1984 का है, जो लगभग 42 साल पुराना है।