केरल पुलिस ने मालाप्पुरम की कॉलेज छात्राओं की तस्वीरों के साथ छेड़छाड़ कर उन्हें वायरल करने वाले मुख्य आरोपी सुबिन बाबू को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने इंस्टाग्राम से तस्वीरें चुराकर उन्हें मॉर्फ करने की बात स्वीकार की है।

  • तिरुवनंतपुरम के 26 वर्षीय सुबिन बाबू को पुलिस ने गिरफ्तार किया।
  • इंस्टाग्राम से छात्राओं की तस्वीरें लेकर उन्हें मॉर्फ कर प्रसारित किया गया।
  • मालाप्पुरम के लगभग 12 कॉलेजों की छात्राएं इस अपराध का शिकार हुईं।

केरल के मालाप्पुरम जिले में कॉलेज छात्राओं की तस्वीरों को मॉर्फ (छेड़छाड़) कर प्रसारित करने के गंभीर मामले में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। जिला पुलिस प्रमुख के नेतृत्व में एक विशेष टीम ने इस साजिश के मुख्य आरोपी सुबिन बाबू (26) को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी तिरुवनंतपुरम के तिरुमाला स्थित ओडनकुझी का निवासी है।

पुलिस पूछताछ के दौरान, सुबिन बाबू ने स्वीकार किया कि वह इंस्टाग्राम पर सक्रिय था और विशेष रूप से मालाबार क्षेत्र की कॉलेज छात्राओं के अकाउंट्स को निशाना बनाता था। वह वहां से उनकी तस्वीरें एकत्र करता था, उन्हें डिजिटल रूप से मॉर्फ करता था और फिर उन्हें विभिन्न माध्यमों से प्रसारित करता था।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि यह मामला केवल एक व्यक्ति की सनक नहीं, बल्कि डिजिटल युग में महिलाओं की गोपनीयता पर बढ़ते खतरों का संकेत है। आरोपी एक मोबाइल फोन तकनीशियन के रूप में कार्यरत था, जिसका अर्थ है कि उसके पास तकनीकी कौशल था जिसका उपयोग उसने अपराध के लिए किया। पुलिस को संदेह है कि इन मॉर्फ्ड तस्वीरों का उपयोग ब्लैकमेलिंग या आर्थिक लाभ के लिए किया गया था।

"सोशल मीडिया पर सार्वजनिक प्रोफाइल का होना अपराधियों को आसान लक्ष्य प्रदान करता है, जिससे डिजिटल फोरेंसिक और सख्त साइबर कानूनों की आवश्यकता और बढ़ जाती है।"

शुरुआती पूछताछ में, बाबू ने अपराध से इनकार किया था और दावा किया था कि उसे किसी अन्य व्यक्ति ने पैसे कमाने के लिए ये तस्वीरें उपलब्ध कराई थीं। हालांकि, गहन पूछताछ के बाद उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। इस मामले की गंभीरता तब सामने आई जब मालाप्पुरम के लगभग 12 विभिन्न कॉलेजों की छात्राओं ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।

पुलिस की विशेष टीम ने तिरुवनंतपुरम पहुंचकर आरोपी को धर दबोचा। वर्तमान में, पुलिस आरोपी के डिजिटल उपकरणों की जांच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या इस नेटवर्क में अन्य लोग भी शामिल थे जो तस्वीरों को एकत्र करने, बदलने या उन्हें फैलाने में उसकी मदद कर रहे थे।

क्या आप जानते हैं?: भारत में आईटी अधिनियम (IT Act) की धारा 66E और 67 किसी की निजी तस्वीरों को बिना सहमति के प्रसारित करने या मॉर्फ करने पर सख्त सजा का प्रावधान करती है।

Frequently Asked Questions

प्रश्न 1: आरोपी सुबिन बाबू का पेशा क्या था?
उत्तर: सुबिन बाबू तिरुवनंतपुरम में एक मोबाइल फोन तकनीशियन के रूप में काम कर रहा था।

प्रश्न 2: इस मामले में कितने कॉलेजों की छात्राएं प्रभावित हुईं?
उत्तर: मालाप्पुरम जिले के लगभग 12 कॉलेजों की छात्राओं ने इस मामले में शिकायत दर्ज कराई है।