पसुमै उल्गम ने एरोड जिले में अपने छठे सिलाई प्रशिक्षण बैच की महिला प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र वितरित किए। कार्यक्रम में बाजार अवसरों, रोजगार संभावनाओं और उद्यमिता मार्गदर्शन पर विशेष सत्र आयोजित किया गया।
मुख्य बिंदु
- छठे सिलाई प्रशिक्षण बैच की महिलाओं को प्रमाणपत्र मिला।
- प्रशिक्षण में बाजार अवसरों और उद्यमिता पर ओरिएंटेशन शामिल था।
- पसुमै उल्गम मुफ्त कौशल प्रशिक्षण, प्लेसमेंट सहायता और बीज फंडिंग प्रदान करता है।
प्रमाणपत्र वितरण समारोह के मुख्य अंश
पसुमै उल्गम, एक गैर-सरकारी संस्था, ने एरोड में आयोजित समारोह में अपनी सिलाई प्रशिक्षण योजना के छठे बैच की महिला प्रशिक्षुओं को प्रमाणपत्र प्रदान किए। इस कार्यक्रम में संस्थापक जी. मनमोहन ने संबोधित करते हुए महिलाओं को आत्मनिर्भर उद्यमी बनने के लिए प्रेरित किया।
प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को बाजार में उपलब्ध अवसरों, रोजगार संभावनाओं और सिलाई इकाइयों की स्थापना की प्रक्रियाओं पर विस्तृत जानकारी दी गई। इससे वे न केवल नौकरी के लिए तैयार हुईं, बल्कि अपना खुद का व्यवसाय शुरू करने की दिशा में भी सशक्त हुईं।
पसुमै उल्गम 2000 से ग्रामीण और शहरी स्लम क्षेत्रों में सबसे गरीब महिलाओं, वंचित युवाओं और बच्चों के कल्याण के लिये मुफ्त व्यावसायिक और कौशल विकास प्रशिक्षण प्रदान कर रहा है। इस कार्यक्रम में कंप्यूटर साक्षरता, पैरामेडिकल, ब्यूटीशियन, सिलाई, खिलौना निर्माण, मिट्टी पेंटिंग और बाजरा स्नैक तैयारी जैसे विविध कोर्स शामिल हैं।
Why This Matters
BozokMedia analysis shows that empowering women in tier‑2 towns like Erode through skill‑based training directly contributes to local economic growth and reduces gender disparity in the informal sector.
"जब महिलाएँ आर्थिक रूप से स्वतंत्र होती हैं, तो पूरे परिवार और समुदाय की जीवन गुणवत्ता में सुधार होता है," कहा सामाजिक विकास विशेषज्ञ डॉ. रितु सिंह ने।
Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: क्या इस प्रशिक्षण के बाद महिलाओं को वित्तीय सहायता मिलती है?
उत्तर: हाँ, पासुमै उल्गम सफल उद्यमियों को प्रारंभिक बीज फंडिंग प्रदान करता है।
प्रश्न 2: क्या इस कार्यक्रम में पुरुष भी भाग ले सकते हैं?
उत्तर: यह विशेष रूप से आर्थिक रूप से कमजोर महिलाओं के लिये डिज़ाइन किया गया है, लेकिन समान प्रशिक्षण अन्य कार्यक्रमों में उपलब्ध है।