वेल्लोर इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (VIT) के संस्थापक-चांसलर जी. विश्वनाथन ने 'वीकेंड लीडर' पुरस्कारों की घोषणा की, जिसमें समाज सेवा और उद्यमिता के क्षेत्र में असाधारण कार्य करने वाली महिलाओं को सम्मानित किया गया।
- गिरिजा मधु को 'वीकेंड लीडर-वीआईटी पर्सन ऑफ द ईयर' पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
- राम्या देवनथन को उनके स्टार्टअप 'मद्रास साड़ीज़' के लिए 'सुपर स्टार्टअप अवार्ड' मिला।
- चांसलर जी. विश्वनाथन ने भारत में खेल प्रतिभाओं को तराशने की आवश्यकता पर बल दिया।
वेल्लोर इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (VIT) के संस्थापक-चांसलर जी. विश्वनाथन ने हाल ही में आयोजित एक भव्य समारोह में 'वीकेंड लीडर' पुरस्कारों की घोषणा की। इस कार्यक्रम का उद्देश्य उन असाधारण व्यक्तियों को मान्यता देना था जिन्होंने सामाजिक परिवर्तन और व्यावसायिक नवाचार के माध्यम से समाज में एक अमिट छाप छोड़ी है।
सामाजिक सेवा और खेल: गिरिजा मधु का संघर्ष
इस वर्ष का प्रतिष्ठित 'वीकेंड लीडर-वीआईटी पर्सन ऑफ द ईयर' पुरस्कार केरल की गिरिजा मधु को प्रदान किया गया। गिरिजा मधु ने सेरेब्रल पाल्सी स्पोर्ट्स एसोसिएशन ऑफ केरल की स्थापना कर एक मिसाल कायम की है। उन्होंने सेरेब्रल पाल्सी से पीड़ित बच्चों को फुटबॉल प्रशिक्षण देकर उन्हें चैंपियन बनाने का कठिन कार्य किया है।
गिरिजा का सफर चुनौतियों से भरा रहा है। शुरुआती दिनों में, उन्होंने घर-घर जाकर माता-पिता को अपने बच्चों को प्रशिक्षण के लिए भेजने हेतु राजी किया। वित्तीय संसाधनों की कमी के बावजूद, उन्होंने बच्चों के भोजन और प्रशिक्षण के खर्चों को पूरा करने के लिए अपने सोने के गहनों तक को गिरवी रख दिया।
उद्यमिता की नई मिसाल: मद्रास साड़ीज़
वहीं, वीआईटी के उपाध्यक्ष जी.वी. सेल्वम ने राम्या देवनथन को 'वीकेंड लीडर-वीआईटी सुपर स्टार्टअप अवार्ड' प्रदान किया। राम्या, जो दो दशकों तक कॉर्पोरेट जगत में सक्रिय रहीं, ने 2021 में मात्र ₹2 लाख के निवेश के साथ मद्रास साड़ीज़ की शुरुआत की। आज उनका व्यवसाय लगभग ₹12 करोड़ के वार्षिक टर्नओवर तक पहुँच चुका है, जो उनकी दूरदर्शिता का प्रमाण है।
भारत में खेल प्रतिभाओं को खोजने और उन्हें व्यवस्थित रूप से प्रशिक्षित करने के लिए सरकारों और संस्थानों के बीच समन्वय अनिवार्य है।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि इस प्रकार के पुरस्कार न केवल व्यक्तिगत उपलब्धियों को मान्यता देते हैं, बल्कि समाज के हाशिए पर मौजूद लोगों और उभरते उद्यमियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनते हैं। गिरिजा मधु जैसे उदाहरण दिखाते हैं कि दृढ़ इच्छाशक्ति से किसी भी बाधा को पार किया जा सकता है।
Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: गिरिजा मधु को किस कार्य के लिए सम्मानित किया गया?
उत्तर: उन्हें सेरेब्रल पाल्सी से पीड़ित बच्चों को फुटबॉल चैंपियन बनाने के उनके निस्वार्थ योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
प्रश्न 2: राम्या देवनथन का व्यवसाय कितना बड़ा हो चुका है?
उत्तर: मद्रास साड़ीज़ का वार्षिक टर्नओवर वर्तमान में लगभग ₹12 करोड़ है।