विश्व स्तर पर शीर्ष रैंक वाले भारतीय स्कूल ऑफ बिजनेस (ISB) ने अपनी 25वीं वर्षगांठ के अवसर पर 'डेस्टिनेशन इंडिया स्कॉलरशिप' लॉन्च की है। इसके तहत हर साल 25 अंतरराष्ट्रीय छात्रों को PGP प्रोग्राम के लिए पूरी ट्यूशन फीस माफ की जाएगी।
- ISB ने अपनी 25वीं वर्षगांठ पर 'डेस्टिनेशन इंडिया स्कॉलरशिप' की शुरुआत की है।
- प्रति वर्ष 25 अंतरराष्ट्रीय छात्रों को 100% ट्यूशन फीस छूट मिलेगी।
- यह स्कॉलरशिप ISB के फ्लैगशिप पोस्ट ग्रेजुएट प्रोग्राम इन मैनेजमेंट (PGP) के लिए उपलब्ध है।
- चयन पूरी तरह से उम्मीदवार की प्रोफाइल और उत्कृष्टता के आधार पर होगा।
भारत के अग्रणी बिजनेस स्कूल, भारतीय स्कूल ऑफ बिजनेस (ISB) ने वैश्विक शिक्षा परिदृश्य में अपनी स्थिति को और मजबूत करते हुए एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। फाइनेंशियल टाइम्स ग्लोबल एमबीए रैंकिंग 2026 में वैश्विक स्तर पर 12वें, भारत में पहले और एशिया में दूसरे स्थान पर रहने वाले ISB ने अपनी स्थापना के 25 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में 'डेस्टिनेशन इंडिया स्कॉलरशिप' की घोषणा की है।
इस पहल का मुख्य उद्देश्य दुनिया भर के उच्च क्षमता वाले पेशेवरों को आकर्षित करना है। यह स्कॉलरशिप न केवल वित्तीय बाधाओं को दूर करेगी, बल्कि ISB के क्लासरूम में विविध वैश्विक दृष्टिकोण और अनुभवों को भी समाहित करेगी। हैदराबाद और मोहाली में स्थित यह संस्थान पिछले दो दशकों से शोध-आधारित प्रबंधन शिक्षा के माध्यम से वैश्विक नेतृत्व तैयार कर रहा है।
यह क्यों महत्वपूर्ण है?
BozokMedia के विश्लेषण के अनुसार, यह कदम भारत की बढ़ती आर्थिक शक्ति का प्रतिबिंब है। जैसे-जैसे भारत वैश्विक अर्थव्यवस्था में एक केंद्रीय भूमिका निभा रहा है, दुनिया भर के नेतृत्वकर्ताओं के लिए भारतीय बाजारों और व्यापारिक पारिस्थितिकी तंत्र (ecosystem) को समझना अनिवार्य हो गया है। यह स्कॉलरशिप अंतरराष्ट्रीय पेशेवरों के लिए भारत के गतिशील व्यापारिक माहौल का अनुभव करने का एक सुनहरा द्वार खोलती है।
"भारत की वैश्विक अर्थव्यवस्था में बढ़ती भूमिका के कारण, यहाँ के व्यवसायों और बाजारों को समझना दुनिया भर के लीडर्स के लिए अत्यंत प्रासंगिक हो गया है।" - मैडन पिलुत्ला, डीन, ISB
पात्रता के संबंध में, यह स्कॉलरशिप उन गैर-भारतीय नागरिकों के लिए खुली है जिन्हें PGP प्रोग्राम में प्रवेश मिला है। सबसे खास बात यह है कि इसके लिए किसी अलग आवेदन की आवश्यकता नहीं है; पात्र उम्मीदवारों पर उनके समग्र प्रोफाइल और उत्कृष्टता के आधार पर स्वचालित रूप से विचार किया जाएगा।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
2001 में स्थापित, ISB ने भारत में प्रबंधन शिक्षा के मानकों को बदल दिया है। एक साल के पूर्णकालिक आवासीय PGP प्रोग्राम के माध्यम से, इसने अनुभवी पेशेवरों को एक ऐसा मंच प्रदान किया है जहाँ वे वैश्विक स्तर की फैकल्टी और कॉर्पोरेट साझेदारियों से जुड़ सकें। पिछले 25 वर्षों में, ISB ने न केवल भारत के भीतर बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी साख बनाई है।
| विशेषता | विवरण |
|---|---|
| स्कॉलरशिप का नाम | डेस्टिनेशन इंडिया स्कॉलरशिप |
| लाभार्थी | 25 अंतरराष्ट्रीय छात्र प्रति वर्ष |
| वित्तीय लाभ | 100% ट्यूशन फीस माफी |
| प्रोग्राम | Post Graduate Programme (PGP) |
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
प्रश्न 1: क्या इस स्कॉलरशिप के लिए अलग से आवेदन करना होगा?
नहीं, PGP में प्रवेश पाने वाले अंतरराष्ट्रीय आवेदकों पर उनकी प्रोफाइल के आधार पर स्वचालित रूप से विचार किया जाएगा।
प्रश्न 2: यह स्कॉलरशिप किन छात्रों के लिए उपलब्ध है?
यह विशेष रूप से उन गैर-भारतीय नागरिकों (non-Indian nationals) के लिए है जिन्हें ISB के PGP प्रोग्राम में प्रवेश मिला है।