आंध्र प्रदेश के 10 उत्कृष्ट जनजातीय छात्र 13 से 17 सितंबर तक दिल्ली की शैक्षिक यात्रा पर जाएंगे। वे राष्ट्रपति द्वारिका मुर्मु से अमृत उद्यान में मिलेंगे और राष्ट्रीय संस्थानों का दौरा करेंगे।
- आंध्र प्रदेश के 10 मेधावी जनजातीय छात्रों का चयन किया गया।
- यात्रा 13‑17 सितंबर, नई दिल्ली में आयोजित होगी।
- विद्यार्थी राष्ट्रपति द्वारिका मुर्मु से अमृत उद्यान में मिलेंगे।
राष्ट्रीय जनजातीय मामलों के मंत्रालय के अंतर्गत कार्यरत नेशनल एजुकेशन सोसाइटी फॉर ट्राइबल स्टूडेंट्स (NESTS) ने आंध्र प्रदेश के एकलव्य मॉडल रेजिडेंशियल स्कूलों (EMRS) से दस उत्कृष्ट छात्रों को दिल्ली की आधिकारिक एक्सपोजर यात्रा के लिए चुना है।
छात्रों के साथ एक महिला शिक्षक को एस्कॉर्ट के रूप में शामिल किया गया है, जिससे सुरक्षा और मार्गदर्शन सुनिश्चित हो सके। प्रतिनिधि समूह वेंकटेश्वरम से 13 सितंबर को नई दिल्ली के लिए रवाना होगा।
इस यात्रा में छात्र राष्ट्रपति भवन, अमृत उद्यान का दौरा करेंगे और 15 सितंबर को राष्ट्रपति द्वारिका मुर्मु से व्यक्तिगत मुलाकात करेंगे। 16 सितंबर को राष्ट्रीय संस्थानों और ऐतिहासिक स्थलों का भ्रमण निर्धारित है, जबकि 17 सितंबर को वापसी की योजना है।
इस एक्सपोजर विज़िट का मुख्य उद्देश्य छात्रों को राष्ट्रीय राजधानी की वास्तविकता से परिचित कराना, शैक्षणिक उत्कृष्टता, नेतृत्व कौशल और आत्मविश्वास को बढ़ावा देना है, जिससे उनका समग्र व्यक्तित्व विकास हो सके।
एकलव्य मॉडल रेजिडेंशियल स्कूलों की स्थापना 2005 में जनजातीय क्षेत्रों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के लिए की गई थी। तब से ये स्कूल कई छात्रों को उच्च शिक्षा और सरकारी नौकरियों तक पहुंचाने में सफल रहे हैं।
Historical Background
जनजातीय शिक्षा को सुदृढ़ करने के लिए भारत सरकार ने 2004 में जनजातीय मामलों के मंत्रालय की स्थापना की और 2006 में राष्ट्रीय शैक्षिक कार्यक्रमों में विशेष आरक्षण प्रदान किया। इस नीति के तहत कई छात्रवृत्तियों, स्कॉलरशिप और एक्सपोजर यात्राओं का आयोजन किया जाता है।
Why This Matters
BozokMedia analysis shows that such exposure trips significantly improve tribal students' academic aspirations, bridging the urban‑rural educational divide and fostering future leaders from historically marginalized communities.
"इन यात्राओं से छात्रों में राष्ट्रीय दृष्टिकोण विकसित होता है और वे अपने समुदायों के लिए परिवर्तनकारी भूमिका निभा सकते हैं," प्रो. सुजाता रॉय, शिक्षा विशेषज्ञ ने कहा।
Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: इस यात्रा में किन राष्ट्रीय संस्थानों का दौरा किया जाएगा?
उत्तर: छात्रों को राष्ट्रपति भवन, संसद भवन, राष्ट्रीय संग्रहालय और भारतीय विज्ञान संस्थान (IIT) जैसे प्रमुख संस्थानों का भ्रमण कराया जाएगा।
प्रश्न 2: क्या इस यात्रा के बाद छात्रों को कोई स्कॉलरशिप या समर्थन मिलेगा?
उत्तर: यात्रा के बाद उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्रों को राष्ट्रीय स्तर पर छात्रवृत्ति और इंटर्नशिप के अवसर प्रदान किए जाएंगे।