सुपर एल नीनो के कारण इंडोनेशिया में भीषण जंगल की आग लगी है, जिससे मलेशिया, सिंगापुर और फिलीपींस तक जहरीली धुंध फैल गई है। इस प्रदूषण के कारण लाखों लोग प्रभावित हैं और हजारों बच्चे सांस की बीमारियों का शिकार हो रहे हैं।
- सुपर एल नीनो के कारण इंडोनेशिया में भीषण सूखे और जंगल की आग की स्थिति पैदा हुई है।
- प्रदूषण का स्तर विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के सुरक्षित स्तर से 15 गुना अधिक पाया गया है।
- इंडोनेशिया में अब तक 50,000 से अधिक श्वसन संबंधी संक्रमण दर्ज किए गए हैं, जिनमें 12,000 से अधिक बच्चे शामिल हैं।
दक्षिण पूर्व एशिया इस समय एक गंभीर पर्यावरणीय संकट का सामना कर रहा है। इंडोनेशिया के सुमात्रा और बोर्नियो क्षेत्रों में हफ्तों से जारी जंगल की आग ने एक जहरीली धुंध की चादर तान दी है, जो अब मलेशिया, सिंगापुर और फिलीपींस तक फैल चुकी है। यह संकट 'सुपर एल नीनो' (Super El Niño) के कारण और भी भयावह हो गया है, जिसने क्षेत्र में सूखे की स्थिति को चरम पर पहुंचा दिया है।
प्रदूषण का स्तर इतना खतरनाक है कि कई इलाकों में यह विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) द्वारा अनुशंसित सुरक्षित सीमा से 15 गुना अधिक हो गया है। इंडोनेशिया के स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, जुलाई और अगस्त के बीच जंगल की आग से संबंधित 50,000 से अधिक श्वसन संक्रमण के मामले सामने आए हैं। सबसे दुखद बात यह है कि इनमें से 12,000 से अधिक मामले पांच साल से कम उम्र के बच्चों के हैं।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि यह केवल एक मौसमी घटना नहीं है, बल्कि जलवायु परिवर्तन और अनियंत्रित भूमि उपयोग का एक घातक मिश्रण है। जब पीटलैंड (peatlands) जैसे कार्बन भंडार जलते हैं, तो वे 'कार्बन बम' की तरह काम करते हैं, जो वातावरण में भारी मात्रा में कार्बन डाइऑक्साइड छोड़ते हैं, जिससे ग्लोबल वार्मिंग का चक्र और तेज हो जाता है।
पीटलैंड अत्यधिक प्रभावी कार्बन भंडार हैं, लेकिन जब उन्हें सुखाया या जलाया जाता है, तो वे 'कार्बन बम' बन सकते हैं क्योंकि वे तेजी से कार्बन को वायुमंडल में छोड़ते हैं। - डॉ. निसा नोविता
विशेषज्ञों का मानना है कि इस संकट की जड़ें दशकों पुराने भूमि उपयोग के बदलावों में हैं। सुहार्तो युग से ही कलimantan जैसे क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर लॉगिंग और औद्योगिक बागानों के लिए जंगलों की कटाई की गई है। कई पर्यावरण समूहों का आरोप है कि कंपनियां जमीन साफ करने के लिए आग का उपयोग एक सस्ते तरीके के रूप में करती हैं।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
इंडोनेशिया में जंगल की आग कोई नई घटना नहीं है। 1997-1998 का दौर इंडोनेशिया के लिए सबसे खराब अग्नि सत्रों में से एक था। विशेषज्ञों को डर है कि इस साल का एल नीनो 11 मिलियन हेक्टेयर तक के क्षेत्र को प्रभावित कर सकता है, जो पिछले साल के 3.59 लाख हेक्टेयर के मुकाबले कहीं अधिक है।
Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: इस जहरीली धुंध का मुख्य कारण क्या है?
उत्तर: इसका मुख्य कारण 'सुपर एल नीनो' के कारण बढ़ा सूखा और औद्योगिक बागानों के लिए जमीन साफ करने हेतु लगाई गई आग है।
प्रश्न 2: बच्चों पर इसका क्या प्रभाव पड़ रहा है?
उत्तर: बच्चों में सांस लेने में कठिनाई, खांसी, गले में खराश और एलर्जी के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं।