कोलगेट पेरियोगार्ड ने भारतीय समाज ऑफ पेरियोडोंटोलॉजी (ISP) का प्रतिष्ठित 'सील ऑफ एक्सेप्टेंस' प्राप्त कर एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। यह भारत में मसूड़ों की देखभाल के लिए मान्यता प्राप्त होने वाला पहला रेजिमेन है।
- कोलगेट पेरियोगार्ड भारत का पहला मसूड़ों की देखभाल वाला रेजिमेन बना जिसे ISP 'सील ऑफ एक्सेप्टेंस' मिला है।
- इस रेजिमेन में टूथपेस्ट, टूथब्रश और माउथवॉश शामिल हैं।
- मसूड़ों का स्वास्थ्य हृदय रोग और मधुमेह जैसी गंभीर बीमारियों से जुड़ा हो सकता है।
- ISP का यह सम्मान कठोर वैज्ञानिक मूल्यांकन के बाद दिया जाता है।
मुंबई, भारत: मौखिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक मील का पत्थर स्थापित करते हुए, कोलगेट पेरियोगार्ड ने घोषणा की है कि इसके उन्नत मसूड़ों की देखभाल पोर्टफोलियो को इंडियन सोसाइटी ऑफ पेरियोडोंटोलॉजी (ISP) द्वारा 'सील ऑफ एक्सेप्टेंस' से सम्मानित किया गया है। यह उपलब्धि कोलगेट को भारत में इस तरह की मान्यता प्राप्त करने वाला पहला मसूड़ों की देखभाल ब्रांड बनाती है।
एक नई स्वास्थ्य क्रांति की शुरुआत
कोलगेट पेरियोगार्ड के इस पोर्टफोलियो में टूथपेस्ट, टूथब्रश और माउथवॉश का एक संपूर्ण सेट शामिल है। विशेषज्ञों का मानना है कि मसूड़ों का स्वास्थ्य केवल दांतों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह शरीर के समग्र स्वास्थ्य से गहराई से जुड़ा है। वैज्ञानिक शोध बताते हैं कि खराब मसूड़ों की स्थिति हृदय रोग, मधुमेह की जटिलताओं और गर्भावस्था से जुड़ी समस्याओं का कारण बन सकती है।
BozokMedia विश्लेषण के अनुसार, इस तरह की वैज्ञानिक मान्यता उपभोक्ताओं के बीच विश्वास पैदा करती है और बाजार में गुणवत्ता के नए मानक निर्धारित करती है। ISP का सील केवल उन उत्पादों को दिया जाता है जो सुरक्षा और प्रभावकारिता के कड़े वैज्ञानिक मापदंडों पर खरे उतरते हैं।
"यह स्वतंत्र सत्यापन भारत में मौखिक देखभाल के स्तर को ऊपर उठाने के हमारे मिशन का एक गौरवशाली प्रतिबिंब है।" - प्रभा नरसिम्हन, प्रबंध निदेशक, कोलगेट-पामोलिव इंडिया।
मसूड़ों के स्वास्थ्य का महत्व
भारत में मसूड़ों की समस्याओं की व्यापकता चिंताजनक है। कोलगेट-पामोलिव इंडिया के EVP मार्केटिंग, गुंजित जैन के अनुसार, देश की आधी से अधिक आबादी मसूड़ों की समस्याओं से जूझ रही है, लेकिन केवल 10 में से 1 व्यक्ति को ही इसका एहसास होता है। मसूड़ों की बीमारियाँ अक्सर सूक्ष्म लक्षणों के माध्यम से प्रकट होती हैं, जिन्हें पहचानना चुनौतीपूर्ण हो सकता है।
कोलगेट पेरियोगार्ड को विशेष रूप से मसूड़ों की बीमारी के 5 प्रमुख संकेतों को पहचानने और उन्हें हल करने के लिए डिज़ाइन किया गया है। यह नवाचार न केवल स्वच्छता प्रदान करता है बल्कि निवारक देखभाल (preventive care) पर भी जोर देता है।
ऐतिहासिक संदर्भ और प्रभाव
कोलगेट का भारत में 90 वर्षों का लंबा इतिहास रहा है, जहां कंपनी ने लगातार नवाचार और नैदानिक अनुसंधान के माध्यम से सार्वजनिक स्वास्थ्य में सुधार किया है। ISP जैसी प्रतिष्ठित संस्था द्वारा दी गई यह मान्यता मसूड़ों की देखभाल को मुख्यधारा के स्वास्थ्य चर्चाओं में लाने का एक प्रयास है।
Frequently Asked Questions
1. ISP सील ऑफ एक्सेप्टेंस क्या है?
यह इंडियन सोसाइटी ऑफ पेरियोडोंटोलॉजी द्वारा दिया जाने वाला एक प्रतिष्ठित प्रमाण है जो उत्पाद की सुरक्षा और प्रभावकारिता की पुष्टि करता है।
2. कोलगेट पेरियोगार्ड रेजिमेन में क्या शामिल है?
इसमें मसूड़ों की पूर्ण देखभाल के लिए विशेष रूप से तैयार किया गया टूथपेस्ट, टूथब्रश और माउथवॉश शामिल है।