दुनिया के सबसे बड़े शोध में पाया गया कि ताई ची और अन्य पारंपरिक चीनी व्यायाम मांसपेशियों के दर्द, अकड़न और हड्डियों के घनत्व को सुधारने में अत्यधिक प्रभावी हैं।
- ताई ची और किगोंग जैसे व्यायाम मांसपेशियों के दर्द और अकड़न को कम करने में सहायक हैं।
- यह ऑस्टियोपोरोसिस के मरीजों में हड्डियों के घनत्व (Bone Density) को बढ़ाने में मदद करता है।
- बेहतर परिणामों के लिए सप्ताह में कम से कम 150 मिनट व्यायाम करना आवश्यक है।
हाल ही में किए गए एक ऐतिहासिक और व्यापक शोध ने पारंपरिक चीनी व्यायामों, विशेष रूप से ताई ची (Tai Chi), के स्वास्थ्य लाभों पर मुहर लगा दी है। ब्रिटिश जर्नल ऑफ स्पोर्ट्स मेडिसिन में प्रकाशित इस अध्ययन ने पुष्टि की है कि ये अभ्यास दुनिया भर के लगभग 1.7 अरब लोगों के लिए वरदान साबित हो सकते हैं जो मस्कुलोस्केलेटल (मांसपेशियों और हड्डियों से संबंधित) समस्याओं से जूझ रहे हैं।
इस 'अम्ब्रेला रिव्यू' में शोधकर्ताओं ने 1,744 रैंडमाइज्ड कंट्रोल्ड क्लिनिकल ट्रायल्स के डेटा का विश्लेषण किया। यह अब तक का सबसे बड़ा अध्ययन है जो यह साबित करता है कि ताई ची, किगोंग (Qigong), बादुआनजिन (Baduanjin), वूकिनक्सी (Wuqinxi) और यीजिंजिंग (Yijinjing) जैसे अभ्यासों से न केवल शारीरिक गतिशीलता सुधरती है, बल्कि मानसिक स्वास्थ्य और नींद की गुणवत्ता में भी सुधार होता है।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि वैश्विक स्तर पर मस्कुलोस्केलेटल स्थितियां विकलांगता का सबसे बड़ा कारण हैं। विशेष रूप से कमर दर्द 160 देशों में विकलांगता का मुख्य कारण बना हुआ है। जैसे-जैसे वैश्विक जनसंख्या वृद्ध हो रही है, इन सस्ते और सुलभ व्यायामों की भूमिका स्वास्थ्य प्रणालियों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हो जाती है।
पारंपरिक चीनी व्यायाम न केवल शारीरिक सुधार करते हैं, बल्कि वे दवाओं पर निर्भरता को कम करने का एक सुरक्षित और प्रभावी तरीका भी हैं।
शोध के अनुसार, ऑस्टियोपोरोसिस और ऑस्टियोपेनिया से पीड़ित लोगों के लिए ताई ची विशेष रूप से फायदेमंद है क्योंकि यह हड्डियों के खनिज घनत्व को बढ़ाता है। इसके अतिरिक्त, घुटने के ऑस्टियोआर्थराइटिस में गतिशीलता और फाइब्रोमायल्गिया (Fibromyalgia) में नींद की गुणवत्ता में सुधार देखा गया है।
अधिकतम लाभ के लिए निर्देश
अध्ययन में स्पष्ट किया गया है कि इन अभ्यासों का पूर्ण लाभ प्राप्त करने के लिए निरंतरता अनिवार्य है। यदि कोई व्यक्ति 6 महीने से अधिक समय तक, सप्ताह में कम से कम 3 बार और कुल मिलाकर प्रति सप्ताह 150 मिनट तक इन अभ्यासों को करता है, तो परिणाम सबसे प्रभावी होते हैं।
Frequently Asked Questions
1. क्या ताई ची केवल बुजुर्गों के लिए है?
नहीं, हालांकि उम्र के साथ इसका लाभ बढ़ता है, लेकिन युवा भी मस्कुलोस्केलेटल समस्याओं के लिए इसका लाभ उठा सकते हैं।
2. क्या इसके लिए किसी विशेष उपकरण की आवश्यकता है?
नहीं, ये व्यायाम बहुत ही सुलभ और बिना किसी महंगे उपकरण के किए जा सकते हैं।