कैंसर विशेषज्ञ डॉ. जयेश शर्मा और डॉ. दीपक झा ने कैंसर से जुड़ी आम भ्रांतियों जैसे बायोप्सी, चीनी के सेवन और छुआछूत पर वैज्ञानिक स्पष्टीकरण दिया है। जानें क्या कहता है विज्ञान।
- बायोप्सी से कैंसर नहीं फैलता है।
- कैंसर छूने या साथ खाने से नहीं फैलता।
- चीनी पूरी तरह बंद करने की आवश्यकता नहीं है, संतुलित आहार जरूरी है।
- स्टेज 4 कैंसर का मतलब जीवन का अंत नहीं है।
कैंसर जैसी गंभीर बीमारी के बारे में जागरूकता बढ़ने के बावजूद, सोशल मीडिया पर गलत सूचनाओं का प्रसार तेजी से हो रहा है। हाल ही में, कैंसर सर्जन डॉ. जयेश शर्मा ने एक वीडियो के माध्यम से उन भ्रांतियों का खंडन किया है जो मरीजों और उनके परिवारों में डर पैदा करती हैं।
बायोप्सी और छुआछूत से जुड़ी भ्रांतियां
सबसे आम मिथकों में से एक यह है कि बायोप्सी करने से कैंसर शरीर में फैल जाता है। डॉ. शर्मा ने स्पष्ट किया कि यह पूरी तरह गलत है। इसी तरह, समाज में यह डर भी व्याप्त है कि कैंसर छूने से फैलता है। डॉ. शर्मा ने भावुक होते हुए कहा कि मरीजों को उनके बच्चों से अलग करना या उनके बर्तन अलग रखना हृदयविदारक है, क्योंकि कैंसर छूने से नहीं फैलता।
Why This Matters
BozokMedia analysis shows कि चिकित्सा संबंधी गलत सूचनाएं न केवल मानसिक तनाव बढ़ाती हैं, बल्कि मरीज के सही समय पर इलाज में भी बाधा डालती हैं। वैज्ञानिक तथ्यों की कमी के कारण लोग अक्सर आधुनिक चिकित्सा के बजाय अंधविश्वास का सहारा लेने लगते हैं।
कैंसर छूने, गले मिलने या साथ खाने से नहीं फैलता; यह केवल एक जैविक प्रक्रिया है।
डॉ. दीपक झा (आर्टेमिस अस्पताल) ने बताया कि आधुनिक बायोप्सी तकनीकें सुरक्षित और योजनाबद्ध होती हैं, जो सटीक निदान के लिए अनिवार्य हैं।
चीनी और आहार: क्या सच है?
सोशल मीडिया पर अक्सर यह दावा किया जाता है कि कैंसर के मरीजों को चीनी का सेवन पूरी तरह बंद कर देना चाहिए। हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि यह एक मिथक है।
| विषय | मिथक (Myth) | तथ्य (Fact) |
|---|---|---|
| चीनी का सेवन | चीनी छोड़ने से कैंसर मर जाता है | संतुलित मात्रा में चीनी ली जा सकती है |
| बायोप्सी | इससे कैंसर फैलता है | यह निदान के लिए सुरक्षित है |
| स्टेज 4 | इलाज की कोई जरूरत नहीं | लक्षण प्रबंधन और जीवन विस्तार संभव है |
डॉ. झा के अनुसार, कैंसर कोशिकाएं ग्लूकोज से ऊर्जा लेती हैं, लेकिन शरीर प्राकृतिक रूप से शुगर लेवल को नियंत्रित करता है। चीनी को पूरी तरह बंद करने से मरीज में कमजोरी और कुपोषण हो सकता है, जो इलाज के दौरान घातक हो सकता है।
स्टेज 4 कैंसर और जीवन की गुणवत्ता
अक्सर माना जाता है कि स्टेज 4 कैंसर का मतलब जीवन का अंत है। लेकिन चिकित्सा विज्ञान में अब इम्यूनोथेरेपी और टारगेटेड थेरेपी जैसी तकनीकें उपलब्ध हैं, जो मरीजों को लंबे समय तक सक्रिय जीवन जीने में मदद करती हैं। इलाज का लक्ष्य अब केवल कैंसर को खत्म करना नहीं, बल्कि लक्षणों को नियंत्रित करना और जीवन की गुणवत्ता बनाए रखना भी है।
Frequently Asked Questions
1. क्या कैंसर के मरीज को बिल्कुल मीठा नहीं खाना चाहिए?
नहीं, संतुलित मात्रा में चीनी ली जा सकती है। मुख्य ध्यान प्रोसेस्ड शुगर और मीठे पेय पदार्थों को सीमित करने पर होना चाहिए।
2. क्या स्टेज 4 कैंसर का इलाज संभव है?
हाँ, आधुनिक चिकित्सा के माध्यम से स्टेज 4 कैंसर को एक क्रोनिक बीमारी की तरह प्रबंधित किया जा सकता है।