इजरायल में 27 अक्टूबर को होने वाले चुनावों ने गाजा के लिए तैयार किए गए 'ट्रंप शांति रोडमैप' को अनिश्चितता में डाल दिया है। प्रधानमंत्री नेतन्याहू की राजनीतिक स्थिति और उनके कट्टरपंथी गठबंधन के कारण इजरायली सेना की वापसी पर सवाल उठ रहे हैं।
मुख्य बातें
- इजरायल में 27 अक्टूबर को होने वाले चुनाव गाजा शांति प्रक्रिया को बाधित कर सकते हैं।
- हमास ने भारी हथियार सौंपने और निशस्त्रीकरण के रोडमैप पर सहमति जताई है।
- इजरायली गठबंधन के कट्टरपंथी सदस्य सेना की वापसी का कड़ा विरोध कर रहे हैं।
- गाजा के प्रशासन के लिए गठित NCAG को अभी तक इजरायल से अनुमति नहीं मिली है।
गाजा में जारी संघर्ष के बीच, एक नई राजनीतिक चुनौती उभर कर सामने आई है। इजरायल में 27 अक्टूबर को होने वाले चुनावों ने उस शांति रोडमैप को खतरे में डाल दिया है, जिसे अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के 20-सूत्रीय शांति प्रस्ताव के तहत तैयार किया गया था। हालांकि हमास ने मिस्र, कतर और तुर्की की मध्यस्थता से तैयार 'रोडमैप' के तहत अपने भारी हथियार छोड़ने पर सहमति दे दी है, लेकिन इजरायली राजनीति का आंतरिक समीकरण इस पूरी प्रक्रिया को जटिल बना रहा है।
वर्तमान स्थिति यह है कि हमास ने गाजा के स्थानीय शासन को नेशनल कमेटी फॉर द एडमिनिस्ट्रेशन ऑफ गाजा (NCAG) को सौंप दिया है। यह समिति 15 अपरिष्कृत (apolitical) विशेषज्ञों से बनी है, जिसे 'बोर्ड ऑफ पीस' (BoP) ने मंजूरी दी है। इसके बावजूद, इजरायल ने अभी तक इस समिति को गाजा में प्रवेश करने की अनुमति नहीं दी है, जिससे प्रशासनिक शून्य बना हुआ है।
क्यों महत्वपूर्ण है यह घटनाक्रम?
BozokMedia विश्लेषण के अनुसार, इस समय गाजा में शांति की संभावना केवल तभी है जब इजरायली सेना (IDF) चरणों में पीछे हटे। लेकिन, प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू इस समय अपनी राजनीतिक जमीन बचाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं। वे जनमत सर्वेक्षणों में विपक्ष से पीछे चल रहे हैं और उनके अपने गठबंधन के कट्टरपंथी साथी इजरायली बस्तियों के विस्तार की नीति पर अड़े हुए हैं।
नेतन्याहू के लिए गाजा से पीछे हटना राजनीतिक आत्महत्या के समान हो सकता है, क्योंकि वे मतदाताओं के सामने कमजोरी नहीं दिखाना चाहते।
रोडमैप के अनुसार, हमास के निशस्त्रीकरण के बदले में इजरायली सेना को भी पीछे हटना होगा। इसके अलावा, एक अंतरराष्ट्रीय स्थिरीकरण बल (ISF) की तैनाती की भी योजना है, जिसमें उगांडा और मोरक्को जैसे देश शामिल हो सकते हैं। हालांकि, इजरायल ने स्पष्ट किया है कि ये सैनिक केवल उन्हीं देशों से होंगे जिनके साथ उसके संबंध सामान्य हैं।
गाजा शांति रोडमैप की वर्तमान स्थिति
| विषय | वर्तमान स्थिति | चुनौती |
|---|---|---|
| हमास का हथियार त्याग | सहमति मिल चुकी है | निरीक्षण और सत्यापन की आवश्यकता |
| IDF की वापसी | प्रस्तावित है | इजरायली कट्टरपंथियों का विरोध |
| NCAG प्रशासन | तैयार है | इजरायल द्वारा प्रवेश पर रोक |
| अंतरराष्ट्रीय बल (ISF) | योजना में है | देशों की उपलब्धता और चयन |
गाजा की स्थिति और भी गंभीर है क्योंकि इजरायल ने गाजा के 53% क्षेत्र पर नियंत्रण के समझौते को तोड़कर अब इसे 60% से अधिक तक बढ़ा दिया है। बुनियादी ढांचे की मरम्मत के लिए आवश्यक औद्योगिक उपकरणों के प्रवेश पर भी प्रतिबंध लगे हुए हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
1. NCAG क्या है?
NCAG एक तकनीकी विशेषज्ञों की समिति है जिसे गाजा के प्रशासन की जिम्मेदारी संभालने के लिए बनाया गया है।
2. इजरायली चुनाव कब हैं?
इजरायल में आगामी चुनाव 27 अक्टूबर को निर्धारित हैं।