पाकिस्तान में 2020 से 2026 के बीच लश्कर और जैश जैसे आतंकी संगठनों के दर्जनों कमांडर रहस्यमयी हत्याओं का शिकार हुए हैं। लश्कर के एक वरिष्ठ नेता के दावे ने इन टारगेट किलिंग्स पर नई बहस छेड़ दी है।
मुख्य बातें
- 2020 से 2026 के बीच पाकिस्तान में दर्जनों आतंकी कमांडर अज्ञात हमलावरों द्वारा मारे गए।
- लश्कर-ए-तैयबा (LeT) के एक नेता ने 30 से अधिक सदस्यों की मौत की पुष्टि की है।
- अबू क़ताल सिंधी और ज़ाहूर मिस्त्री जैसे भारत के मोस्ट वॉन्टेड आतंकी इस सूची में शामिल हैं।
- अधिकांश हत्याएं मोटरसाइकिल सवार अज्ञात हमलावरों द्वारा सटीक निशाना साधकर की गईं।
पाकिस्तान के विभिन्न शहरों में पिछले कुछ वर्षों से एक ऐसा खौफनाक सिलसिला चल रहा है जिसने आतंकी संगठनों की नींद उड़ा दी है। लश्कर-ए-तैयबा (LeT), जैश-ए-मोहम्मद (JeM), और हिजबुल मुजाहिदीन जैसे भारत विरोधी समूहों के प्रमुख चेहरे एक-एक कर 'अज्ञात हत्यारों' का निशाना बनते जा रहे हैं।
हाल ही में लश्कर के वरिष्ठ सदस्य रिजवान हनीफ के एक चौंकाने वाले दावे ने इस पूरे मामले को वैश्विक चर्चा में ला दिया है। हनीफ के अनुसार, साल 2020 से अब तक संगठन के 30 से अधिक सदस्य पाकिस्तान के भीतर ही मारे जा चुके हैं। यह पहली बार है जब किसी आतंकी संगठन के पदाधिकारी ने इतनी बड़ी संख्या में अपने साथियों के खात्मे को सार्वजनिक रूप से स्वीकार किया है।
क्यों महत्वपूर्ण है यह घटनाक्रम?
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि ये हत्याएं केवल साधारण अपराध नहीं, बल्कि बेहद सुनियोजित 'टारगेट किलिंग' का हिस्सा हैं। हमलावर अक्सर मोटरसाइकिल पर आते हैं, बेहद करीब से फायरिंग करते हैं और चंद सेकंड में गायब हो जाते हैं। इससे पाकिस्तान की सुरक्षा एजेंसियों की विफलता और आतंकियों के भीतर व्याप्त असुरक्षा का स्पष्ट प्रमाण मिलता है।
पाकिस्तानी आतंकियों के बीच व्याप्त यह अनिश्चितता और डर उनके नेटवर्क को भीतर से खोखला कर रहा है।
प्रमुख आतंकियों की सूची और घटनाक्रम
इन रहस्यमयी हत्याओं में कई ऐसे नाम शामिल हैं जो भारत के लिए बड़ी चुनौती थे। इनमें अबू क़ताल सिंधी (LeT कमांडर), मौलाना शाहिद लतीफ (पठानकोट हमले का आरोपी), और ज़ाहूर मिस्त्री (IC-814 अपहरण मामला) जैसे नाम प्रमुख हैं।
| आतंकी का नाम | संगठन | प्रमुख घटना/दर्जा |
|---|---|---|
| अबू क़ताल सिंधी | लश्कर-ए-तैयबा | ऑपरेशनल कमांडर, मार्च 2025 में हत्या |
| मौलाना शाहिद लतीफ | जैश-ए-मोहम्मद | पठानकोट हमले का आरोपी, 2023 में हत्या |
| ज़ाहूर मिस्त्री | IC-814 आरोपी | कराची में हत्या, मार्च 2024 |
| बशीर अहमद पीर | हिजबुल मुजाहिदीन | रावलपिंडी में हत्या, फरवरी 2023 |
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
प्रश्न 1: क्या इन हत्याओं के पीछे भारत का हाथ है?
भारत सरकार ने इन हत्याओं की किसी भी जिम्मेदारी को आधिकारिक तौर पर स्वीकार नहीं किया है और अक्सर ऐसे आरोपों को खारिज किया है।
प्रश्न 2: लश्कर के नेता ने क्या दावा किया?
लश्कर के सदस्य रिजवान हनीफ ने दावा किया कि 2020 के बाद से उनके 30 से अधिक सदस्य मारे गए हैं।