एक नए विश्लेषण के अनुसार, अमेरिका में स्थायी निवास (ग्रीन कार्ड) की चाह रखने वाले भारतीय पेशेवरों को दशकों, और कुछ मामलों में 179 वर्षों तक का लंबा इंतजार करना पड़ सकता है। यह संकट मुख्य रूप से प्रति देश कोटा प्रणाली के कारण उत्पन्न हुआ है।
- भारतीय आवेदकों के लिए ग्रीन कार्ड प्रतीक्षा समय 179 वर्षों तक पहुंच सकता है।
- लगभग 9,96,599 भारतीय वर्तमान में ग्रीन कार्ड बैकलॉग में फंसे हुए हैं।
- समस्या का मुख्य कारण अमेरिकी आव्रजन कानून की 'प्रति देश सीमा' (Per-Country Limit) है।
अमेरिका में सपना देखने वाले लाखों भारतीय पेशेवरों के लिए एक निराशाजनक खबर सामने आई है। हालिया आंकड़ों और विश्लेषणों से पता चलता है कि Employment-Based (EB) श्रेणियों के तहत ग्रीन कार्ड का इंतजार करने वाले भारतीयों को अपनी बारी आने के लिए कई पीढ़ियों तक इंतजार करना पड़ सकता है। कुछ विशेष श्रेणियों में यह प्रतीक्षा समय 179 वर्ष तक होने का अनुमान लगाया गया है।
इस संकट की जड़ में अमेरिका की वर्तमान आव्रजन प्रणाली है, जो प्रति वर्ष एक देश से जारी किए जाने वाले ग्रीन कार्ड की संख्या को सीमित करती है। चूंकि भारत से आवेदन करने वालों की संख्या अत्यधिक है, इसलिए मांग और आपूर्ति के बीच का अंतर एक विशाल 'बैकलॉग' में बदल गया है। Hindustan Times और अन्य रिपोर्टों के अनुसार, लगभग 10 लाख भारतीय इस अनिश्चितता के दौर से गुजर रहे हैं।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि यह केवल एक प्रशासनिक देरी नहीं है, बल्कि एक गंभीर आर्थिक और मनोवैज्ञानिक मुद्दा है। उच्च कुशल भारतीय इंजीनियर और वैज्ञानिक, जो अमेरिका की अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं, वे 'H-1B' वीजा की अनिश्चितता और ग्रीन कार्ड की लंबी प्रतीक्षा के कारण मानसिक तनाव और करियर की अस्थिरता का सामना कर रहे हैं।
"प्रति देश कोटा प्रणाली आधुनिक वैश्विक प्रतिभा प्रवाह के साथ मेल नहीं खाती और यह प्रतिभाशाली पेशेवरों के लिए एक बाधा बन गई है।"
ऐतिहासिक रूप से, अमेरिका ने अपनी अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए दुनिया भर से प्रतिभाओं को आकर्षित किया है। हालांकि, 1990 के दशक के बाद से भारतीय आईटी पेशेवरों की बाढ़ ने इस प्रणाली को चरमरा दिया है। यदि अमेरिकी कांग्रेस 'ईगल्स एक्ट' (EAGLES Act) जैसे विधायी सुधार नहीं करती है, तो यह समस्या और विकराल होती जाएगी।
| श्रेणी | स्थिति | प्रभाव |
|---|---|---|
| H-1B वीजा | अस्थाई | सीमित अवधि, नियोक्ता पर निर्भरता |
| ग्रीन कार्ड | स्थाई | पूर्ण नागरिकता का मार्ग, स्थिरता |
Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: क्या सभी भारतीयों को 179 साल इंतजार करना होगा?
नहीं, यह समय सीमा कुछ विशिष्ट श्रेणियों और उच्चतम बैकलॉग वाले आवेदकों के लिए है। अलग-अलग श्रेणियों में समय अलग हो सकता है।
प्रश्न 2: इस समस्या का समाधान क्या है?
विशेषज्ञों का मानना है कि 'प्रति देश सीमा' को हटाकर 'प्रथम आगमन, प्रथम सेवा' (First-come, first-served) प्रणाली लागू करने से इस बैकलॉग को खत्म किया जा सकता है।