ब्रिक्स शिखर सम्मेलन 2026 के अंतिम दिन, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दिल्ली के भारत मंडपम में चार प्रमुख वैश्विक नेताओं के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। इस दौरान कजाकिस्तान, फिलीपींस, मिस्र और दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपतियों के साथ रणनीतिक संबंधों पर चर्चा होगी।

  • प्रधानमंत्री मोदी आज भारत मंडपम में चार अलग-अलग राष्ट्रपतियों के साथ द्विपक्षीय बैठक करेंगे।
  • बैठकों में कजाकिस्तान, फिलीपींस, मिस्र और दक्षिण अफ्रीका के शीर्ष नेता शामिल होंगे।
  • ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के दौरान मध्य पूर्व संघर्ष पर वैश्विक चिंता व्यक्त की गई है।

नई दिल्ली: ब्रिक्स शिखर सम्मेलन 2026 के समापन के अवसर पर, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज एक अत्यंत व्यस्त कार्यक्रम का पालन कर रहे हैं। भारत मंडपम में आयोजित होने वाली इन बैठकों का उद्देश्य उभरती वैश्विक अर्थव्यवस्थाओं के बीच रणनीतिक साझेदारी, व्यापार और सुरक्षा सहयोग को मजबूत करना है।

महत्वपूर्ण द्विपक्षीय बैठकें और समय सारणी

प्रधानमंत्री का आज का कार्यक्रम कूटनीतिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, दोपहर 2:30 बजे कजाकिस्तान के राष्ट्रपति कासिम-जोमार्ट तोकायेव के साथ बैठक होगी। इसके तुरंत बाद, दोपहर 3:00 बजे फिलीपींस के राष्ट्रपति फर्डिनेंड आर मार्कोस जूनियर के साथ वार्ता होगी।

दोपहर के सत्र का विस्तार करते हुए, 3:30 बजे मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सिसी के साथ बैठक तय की गई है, और अंत में 4:10 बजे दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति मातमेला सिरिल रामाफोसा के साथ महत्वपूर्ण चर्चा होगी।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण दर्शाता है कि ये बैठकें केवल औपचारिक नहीं हैं, बल्कि भारत की 'ग्लोबल साउथ' के नेतृत्व की क्षमता को रेखांकित करती हैं। कजाकिस्तान के साथ ऊर्जा सुरक्षा, फिलीपींस के साथ समुद्री सुरक्षा, मिस्र के साथ भू-राजनीतिक सहयोग और दक्षिण अफ्रीका के साथ ब्रिक्स ढांचे के भीतर संबंधों को गहरा करना भारत के लिए दीर्घकालिक रणनीतिक लाभ प्रदान करेगा।

प्रधानमंत्री की ये बैठकें भारत को वैश्विक बहुध्रुवीय व्यवस्था के केंद्र में स्थापित करने की दिशा में एक निर्णायक कदम हैं।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

ब्रिक्स (BRICS) समूह का गठन दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्थाओं को एक मंच पर लाने के लिए किया गया था। 2026 का यह शिखर सम्मेलन विशेष रूप से महत्वपूर्ण है क्योंकि यह वैश्विक अस्थिरता के बीच शांति और सहयोग का आह्वान करता है। हाल ही में, ब्रिक्स ब्लॉक ने एक संयुक्त घोषणा अपनाई है जिसमें मध्य पूर्व में बढ़ते संघर्ष पर गहरी चिंता व्यक्त की गई है और कूटनीति के माध्यम से समाधान खोजने पर जोर दिया गया है।

Did You Know?: ब्रिक्स अब केवल पांच देशों का समूह नहीं रह गया है, बल्कि यह वैश्विक अर्थव्यवस्था में एक शक्तिशाली धुरी के रूप में उभर रहा है।

Frequently Asked Questions

1. प्रधानमंत्री आज किन देशों के राष्ट्रपतियों से मिलेंगे?
प्रधानमंत्री मोदी कजाकिस्तान, फिलीपींस, मिस्र और दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपतियों से द्विपक्षीय बैठक करेंगे।

2. ब्रिक्स शिखर सम्मेलन 2026 का मुख्य मुद्दा क्या रहा?
शिखर सम्मेलन में मध्य पूर्व के संघर्षों पर चिंता और शांतिपूर्ण कूटनीतिक समाधानों पर जोर दिया गया है।