राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 9/11 पीड़ितों के परिवारों की मांग पर हमले में सऊदी अरब की कथित भूमिका से संबंधित खुफिया दस्तावेजों को सार्वजनिक करने पर विचार करने की बात कही है।
- राष्ट्रपति ट्रंप 9/11 से जुड़े संवेदनशील रिकॉर्ड को सार्वजनिक करने पर विचार कर सकते हैं।
- पीड़ित परिवारों का आरोप है कि सऊदी अरब के धार्मिक नेताओं ने आतंकवादियों की मदद की थी।
- 19 में से 15 अपहरणकर्ता सऊदी नागरिक थे, हालांकि सऊदी सरकार ने हमेशा इनकार किया है।
वाशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को एक महत्वपूर्ण बयान देते हुए कहा कि वह 11 सितंबर (9/11) के हमलों के पीड़ितों के परिवारों की उस मांग पर गंभीरता से विचार करेंगे, जिसमें हमलों में सऊदी अरब की कथित भूमिका पर प्रकाश डालने वाले रिकॉर्ड जारी करने की मांग की गई है। यह बयान आयरलैंड की यात्रा के दौरान दिया गया, जब ट्रंप एयर फोर्स वन से वापस अमेरिका लौट रहे थे।
पीड़ित परिवारों का दशकों पुराना दावा है कि सऊदी अरब के भीतर चरमपंथी धार्मिक नेताओं ने सरकार के भीतर प्रभाव बनाया और आतंकवादियों को हमले के लिए सहायता प्रदान की। हालांकि 19 अपहरणकर्ताओं में से 15 सऊदी नागरिक थे, लेकिन रियाद ने हमेशा किसी भी प्रकार की सरकारी संलिप्तता से कड़ाई से इनकार किया है।
क्यों महत्वपूर्ण है यह मामला?
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि इन दस्तावेजों का सार्वजनिक होना न केवल अमेरिकी विदेश नीति के लिए बल्कि मध्य पूर्व के भू-राजनीतिक समीकरणों के लिए भी एक बड़ा मोड़ साबित हो सकता है। यदि रिकॉर्ड्स से सऊदी सरकार के प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष संबंधों की पुष्टि होती है, तो यह दशकों से चले आ रहे कूटनीतिक विश्वास को हिला सकता है।
पीड़ित परिवारों ने अब तक के सभी राष्ट्रपतियों पर सऊदी अरब के हितों की रक्षा करने और परिवारों को धोखा देने का आरोप लगाया है।
न्यूयॉर्क शहर में आयोजित स्मरण समारोह के दौरान, टेरी स्ट्रैडा, जिन्होंने इस हमले में अपने पति को खो दिया था, ने ट्रंप से अपील की कि वे सऊदी अरब को झूठ बोलना बंद करने के लिए कहें। स्ट्रैडा ने कहा कि वर्तमान प्रशासन को जीवित बचे लोगों और परिवारों के साथ खड़ा होना चाहिए, न कि केवल राजनीतिक हितों के लिए मौन रहना चाहिए।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
11 सितंबर, 2001 को अल-कायदा के आतंकवादियों ने अमेरिका पर हमला किया था, जिसमें हजारों लोग मारे गए थे। तब से, 9/11 परिवारों और अमेरिकी सरकार के बीच कानूनी और राजनीतिक संघर्ष चल रहा है, विशेष रूप से इस बात को लेकर कि क्या सऊदी अरब के अधिकारियों ने आतंकवादियों को सहायता दी थी।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
1. पीड़ित परिवार क्या मांग कर रहे हैं?
परिवार उन वर्गीकृत दस्तावेजों को सार्वजनिक करने की मांग कर रहे हैं जो हमले में सऊदी अरब की संभावित भूमिका को स्पष्ट कर सकें।
2. सऊदी अरब का इस पर क्या रुख है?
सऊदी अरब ने हमेशा इन आरोपों को खारिज किया है और किसी भी सरकारी संलिप्तता से इनकार किया है।